Answers from Sakar Murli 14-01-2021

*Om Shanti*

*Answers from Sakar Murli 14-01-2021*

1. नाज़ुकपन के संकल्पों को समाप्त कर _____ संकल्प रचने वाले ही डबल लाइट रहते हैं।
° _शक्तिशाली_

2. ब्राह्मण जीवन की विशेषता है _______, अगर एक भी गुण-शक्ति की अनुभूति नहीं तो ______ के वश हो जायेंगे। अभी अनुभूति का _____ शुरू करो। हर गुण वा शक्ति रूपी खजाने को ______ करो। जिस समय जिस गुण की आवश्यकता है, उसका _____ बन जाओ। तब विजयी बन सकेंगे और ______ का गीत सदा गाते रहेंगे।
° _अनुभव_, _विघ्न_, _कोर्स_, _यूज_, _स्वरूप_, _वाह रे मैं_

3. बाप हमको 5000 वर्ष बाद शिक्षा देते, जो फिर औरों को देनी है। पहले-पहले तो बाप का ही _____ देना है। दुनिया की जो सब आत्मायें हैं, सब आपस में _____ हैं। सब अपना मिला हुआ पार्ट इस _____ द्वारा बजाते। अब तो बाप आये हैं नई दुनिया में ले जाने, जिसको _____ कहा जाता। सभी को _____ बनाने वाला है ही एक बाप।
° _परिचय_, _भाई-भाई_, _शरीर_, _स्वर्ग_, _पावन_

4. हम सब सोल्स का वह है _____ सोल, उनको फादर कहा जाता है। ______ पहले पढ़ना है। सब आत्मायें कहती हैं – _____ फादर, परमपिता। पहले तो यह निश्चय बिठाना कि हम आत्मा हैं, ______ नहीं हैं। बाबा खुद कहते मैं आता हूँ पतितों को ______ बनाने। मैं चैतन्य हूँ, _____ हूँ और अमर हूँ।
° _सुप्रीम_, _अल्फ_, _गॉड_, _परमात्मा_, _पावन_, _सत_

5. अच्छा, फिर वह बाप सृष्टि के ______ का ज्ञान भी सुनाते, टीचर रूप में। यह चक्र अनादि, _____ बना-बनाया है। _____ -त्रेता पास्ट हुए, नोट करो। जहाँ ______ का राज्य चलता है। फिर धीरे-धीरे ______ कम होती जाती, दुनिया पुरानी तो होगी ना। _____ तुम्हारे पास हैं – निश्चय कराने।
° _आदि-मध्य-अन्त_, _एक्यूरेट_,
_सतयुग_, _देवी-देवताओं_, _कलायें_, _चित्र_

6. सतयुग का प्रभाव बहुत _____ है। नाम ही है स्वर्ग, _____ , नई दुनिया…. उसकी ही महिमा करनी है। नई दुनिया में है ही एक _____ देवी-देवता धर्म। सतयुग में लक्ष्मी-नारायण का _____ था। सतयुग-त्रेता में सब _____ रहते।
° _भारी_, _हेविन_, _आदि सनातन_, _राज्य_, _निर्विकारी_

7. आत्मा में ही सब ____ हैं। पास्ट के ____-कर्म_ का संस्कार आत्मा ले आती। सतयुग में कर्म ____ -कर्म हो जाता। अभी हो संगम पर। सतयुग-त्रेता है ____ दुनिया, जब रावण राज्य शुरू होता तब पाप होते। चित्र सामने हैं ____ राज्य और रावण राज्य।
° _संस्कार_, _वि_, _अ_, _पवित्र_, _राम_

8. झाड़ 🌳 ऐसा होता है, बीज और झाड़ *सेकेण्ड में याद* आ जायेंगे। यह बीज फलाने झाड़ का है, ऐसे इनसे फल निकलता है। यह *बेहद का मनुष्य सृष्टि रूपी झाड़ भी ऐसे* है। कैसे?
° बच्चों को सारा समझाया है – *आधाकल्प* बाप से सुख का वर्सा, *दैवी* डिनायस्टी कैसे चलती। फिर *रावण राज्य* होता है तो जो सतयुग-त्रेतावासी हैं, वही *द्वापरवासी* बनते हैं। झाड़ *वृद्धि* को पाता रहता है। कितना सिम्पल समझाते हैं।

9. एक को समझाते या बहुतों को – ऐसे अटेन्शन देना है, समझता है, _____ करता है? बोलो अच्छी रीति ____ करते जाओ। कोई शंका हो तो _____। बाप ने समझाया है नोट करो फिर इस पर _____ करना। जैसे टीचर एसे (निबन्ध) देते फिर घर में जाकर _____ कर आते ना।तुम भी यह नॉलेज देते फिर देखो क्या होता, पूछते रहो, एक-एक बात ____ रीति समझाओ।
° _हाँ-हाँ_, _नोट_, _पूछना_, _विचार_, _रिवाइज़_, _अच्छी_

10. बाप-टीचर का कर्तव्य समझाकर फिर _____ का समझाओ। उनको बुलाया है पतितों को _____ बनाओ, फिर शरीर भी पावन मिले। जैसा (सतोप्रधान) सोना वैसा _____ बनता। पहले-पहले भारत 24 कैरेट पक्के सोने की _____, सतोप्रधान नई दुनिया थी। बाप ही वाणी से परे _____ वर्ल्ड ले जाते। बाबा चैतन्य सत-चित-आनंद स्वरूप होने कारण _____-फुल कहा जाता, उनका नाम सदैव शिव है।
° _गुरू_, _पावन_, _जेवर_, _चिड़िया_, _इनकारपोरियल_, _नॉलेज_

11. मीठे-मीठे बच्चों, मैं उनके ____ में आता जो बहुत जन्मों के अन्त में है, पूरा 84 जन्म लेते। भाग्यशाली _____। पहले नम्बर में तो है श्री- _____, नई दुनिया का मालिक, फिर वही नीचे उतरते। गोल्डन से सिल्वर, कॉपर, आइरन एज में। बाप कहते सिर्फ मुझ अपने बाप को _____ करो। जिसमें ____ किया है उनकी आत्मा में तो ज़रा भी नॉलेज नहीं थी।
° _तन_, _रथ_, _कृष्ण_, _याद_,
_प्रवेश_

12. इस संगमयुग पर ही बाप आकर _____ कुल और देवता कुल स्थापन करते। कृष्ण तो है _____ का रहवासी, उनको दूसरी जगह कोई देख न सके। यह बना-बनाया खेल _____ के अन्दर फिक्स है। समय, _____ , तिथि-तारीख आदि सब बदल जाता। यह ड्रामा _____ होता रहता। अभी यह है संगमयुग, तुमको सारी दुनिया की हिस्ट्री-जॉग्राफी _____ बताता हूँ।
° _ब्राह्मण_, _सतयुग_, _ड्रामा_, _फीचर्स_, _रिपीट_, _सत्य_

13. बाप, बाप-टीचर-सतगुरू है, जो फिर से _____ बनने लिए बहुत अच्छी युक्ति बताते। देह सहित देह के सब धर्म छोड़ अपने को _____ समझो। वापिस अपने घर ____ -धाम जरूर जाना है, पार्टधारी ____ गया तो पार्ट से मुक्त हुआ। यह ड्रामा अनादि-अविनाशी है, यह है श्रीमत, ____ बनाने लिए। ____ -मुक्ति भी वह देते।
° _सतोप्रधान_, _आत्मा_, _मुक्ति_, _घर_, _श्रेष्ठ_, _जीवन_

Answers from Sakar Murli 13-01-2021

*Om Shanti*

*Answers from Sakar Murli 13-01-2021*

1. _____ जीवन में जो सदा सन्तुष्ट और खुश रहने वाले हैं वही खुशनसीब हैं।
° _पुरुषार्थी_

2. जो बच्चे बाप के स्नेह में सदा समाये रहते उन्हें स्नेह के रेसपॉन्स में ______ बनने का वरदान प्राप्त हो जाता। जो सदा स्नेहयुक्त और योगयुक्त हैं वह सर्व ______ से सम्पन्न स्वत: बन जाते। सर्व शक्तियां सदा साथ हैं तो ______ हुई पड़ी है। जिन्हें स्मृति रहती कि ______ बाप हमारा साथी है, वह कभी किसी बात से विचलित नहीं हो सकते।
° _बाप समान_, _शक्तियों_, _विजय_, _सर्वशक्तिमान्_

3. इस मुरली में _____ का जादू है। जब सतयुग है तो इस ज्ञान का _____ है। देवताओं की सृष्टि को पवित्र _____ दुनिया कहा जाता। ज्ञान को दिन कहते, ज्ञान से होती है _____ । तुम महिमा भी करते हो सर्वगुण _____ …. तो अभी तुमको ऐसा बनना है। अपने से पूछना चाहिए हमारे में सब _____-गुण हैं?
° _ज्ञान_, _वर्सा_, _निर्विकारी_, _सद्गति_, _सम्पन्न_, _दैवी_

4. अभी तुम _____ स्टूडेन्ट हो, जानते हो मनुष्य से देवता बनने की ____ पढ़ रहे। ज्ञान का _सागर_ एक को ही कहा जाता। इनको ही कहा जाता पुरुषोत्तम संगमयुग जबकि तुम ______ बन रहे हो, तो वातावरण भी बहुत _____ होना चाहिए। तुम्हारा मुखड़ा सदैव _____ होना चाहिए।
° _ईश्वरीय_, _पढ़ाई_, _पुरुषोत्तम_, _अच्छा_, _हर्षित_

5. *ज्ञान* किसको कहा जाता है? (3)
° एक तो *स्वयं की वा बाप की पहचान* और फिर *सृष्टि के आदि-मध्य-अन्त की नॉलेज* को ज्ञान कहा जाता है।

6. मीठे बच्चे – तुम्हारे मुख से सदैव ____ रत्न निकलने चाहिए, रत्न सुनते-सुनाते कितनी _____ रहती। ज्ञान रत्न जो अभी तुम लेते, फिर ये सभी ______ बन जाते। रत्न ही तुमको भविष्य 21 जन्मों लिए _____ बनाते। यह पढ़ाई है ही बेहद का _____ पाने की, विश्व का मालिक बनाती। तो अपने को बहुत-बहुत _समझ_ -दार बनाना है।
° _ज्ञान_, _खुशी_, _हीरे-जवाहरात_, _मालामाल_, _धन_

7. जिन बच्चों ने ब्राह्मण *जीवन में ज्ञान की धारणा* की है, उनकी निशानी क्या होगी? (4)
° 1- उनकी चलन देवताओं मिसल होगी, उनमें *दैवीगुणों की धारणा* होगी।
° 2- उन्हें *ज्ञान का विचार सागर मंथन करने का अभ्यास* होगा। वे कभी आसुरी बातों का अर्थात् किचड़े का मंथन नहीं करेंगे। (सर्विसएबुल का विचार सागर मंथन चलता रहेगा। इस टॉपिक पर यह-यह समझाना है। ऑटोमेटिकली विचार सागर मंथन चलता है। फलाने आने वाले हैं उन्हों को भी हुल्लास से समझायेंगे।)
° 3- उनके जीवन से गाली देना और *ग्लानी करना बन्द* हो जाता है।
° 4- उनका मुखड़ा *सदा हर्षित* रहता है।

8. वहाँ (सतयुग में) तो अभी के पुरुषार्थ से अकीचार (अथाह) धन मिल जाता है। परन्तु यहाँ साहूकारों को अहंकार रहता है। इसमें *अहंकार मिट जाना* चाहिए। क्यों? (2)
° हम आत्मा हैं, *आत्मा के पास तो धन-दौलत, हीरे-जवाहरात आदि कुछ भी नहीं* हैं। (बाप भी कहते हैं देह सहित सब संबंध छोड़ो। आत्मा शरीर छोड़ती है तो साहूकारी आदि सब खत्म हो जाती है। नयेसिर पढ़कर फिर धन कमावे। दान-पुण्य का फल भी अल्पकाल ही चलता।)
° यहाँ तो साहूकारों के भी *विकर्म* बनते हैं। तब तो यह *बीमारियां आदि दु:ख* होते हैं। वहाँ *विकार* में जाते ही नहीं तो विकर्म कैसे बनेंगे? सारा मदार है *कर्मों* पर। (सतयुग में अच्छे ही कर्म होते हैं क्योंकि अभी का वर्सा मिला हुआ है।)

9. देवताओं के पास *धन बहुत* था, इसका (इतिहास में) क्या प्रमाण है?
° सतयुग-त्रेता के बाद फिर जब द्वापर में आये तो कितना धन था, *कितने मन्दिर बनाये हुए* हैं। (फिर आकर औरों ने धन लूटा। कितने धनवान थे! आज की पढ़ाई से इतना धनवान कोई बन नहीं सकेंगे। तुम अभी जानते हो हम इतनी ऊंची पढ़ाई पढ़ते हैं जिससे यह (देवी-देवता) बनते हैं। तो पढ़ाई से देखो मनुष्य क्या बन जाते हैं! गरीब से साहूकार।)

10. अधम से अधम का भी _____ करना होता है ना। बाप को तो सारे _____ का उद्धार करना होता है। माया बड़ी प्रबल है, फिर भी _____ रखते हैं। भाग्य पर है। कोई झट निश्चय करेंगे, कोई नहीं करेंगे। उम्मीद रखना माना सर्विस का _____ है।
° _उद्धार_, _विश्व_, _उम्मींद_, _शौक_

11. ____ को याद करने से ही बादशाही मिलती है। । बाबा ज्ञान देते, अपना बच्चा बनाते, तो बच्चों को कितनी _____ में रहना चाहिए। बाबा हमारी कितनी ____ करते, विश्व का मालिक बनाते। बाप का नाम है _____ , और सालिग्राम बच्चों को कहा जाता। उनका नाम ही है ____ -पावन, तो पुरानी दुनिया को नया बनाने की उनकी ड्युटी है। फिर ब्रह्मा किसका बच्चा? परमपिता ____ शिव ने उनको एडाप्ट किया है।
° _अल्फ_, _खुशी_, _सेवा_, _शिव_, _पतित_, _परमात्मा_

12. सब _____ को अपना-अपना शरीर है। अपना-अपना _____ मिला है, जो बजाना ही है। यह परम्परा से चला आता, ____ अर्थात् उनका आदि-मध्य-अन्त नहीं।थोड़े मनुष्य हो जाते इसलिए कहते जैसे ____ हो गई। बाबा में जो ज्ञान है इनके लिए ही कहते हैं – सारा ____ स्याही (मस) बनाओ…… तो भी पूरा नहीं होगा। अच्छा!
° _आत्माओं_, _पार्ट_, _अनादि_,
_प्रलय_, _सागर_

Answers from Sakar Murli 12-01-2021

*Om Shanti*

*Answers from Sakar Murli 12-01-2021*

1. सम्पूर्ण _____ ही पवित्रता का आधार है।
° _सत्यता_

2. जैसे और प्रोग्राम बनाते, ऐसे सवेरे से रात तक ____ में कैसे-कब रहेंगे, यह प्रोग्राम बनाओ। बीच-बीच में 2-3 मिनट संकल्पों की ____ स्टॉप करो, जब कोई व्यक्त भाव में ज्यादा दिखे अपना अव्यक्ति ____ रूप ऐसा धारण करो जो वह इशारे से समझे, तो वातावरण ____ रहेगा। अनोखापन दिखेगा, आप _____ कराने वाले साक्षात-मूर्त बनेंगे।
° _याद की यात्रा_, _ट्रैफिक_, _शान्त_, _अव्यक्त_, _साक्षात्कार_

3. हम विश्व के ____ बनते हैं, बहुत-बहुत बड़ा ____ है! बड़ी _____ मिलती है, हम विश्व की _____ लेंगे। बाबा कहते _____ सुख और खुशी की बातें मेरे बच्चों से पूछो। तुम जाते हो सबको ____ की बातें सुनाने।
° _मालिक_, _लॉटरी_, _बादशाही_, _अतीन्द्रिय_, _खुशी_

4. बाबा आपकी तो कमाल है, आप हमको कितना ऊंच _____ बनाकर फिर निर्वाणधाम में बैठ जाते। इतना _____ तो कोई बना न सके। आप कितना _____ कर बतलाते। बाप कहते- जितना टाइम मिले, _____ करते भी बाप को याद कर सकते। याद ही तुम्हारा बेड़ा _____ करेंगी। शिवालय को भी याद करना, _____ का स्थापन किया हुआ स्वर्ग – तो दोनों की याद आती।
° _देवी-देवता_, _ऊंच_, _सहज_, _कामकाज_, _पार_, _शिवबाबा_

5. (बाबा कहते) मैं ____ बजा रहा हूँ, ड्रामा प्लैन अनुसार। ____ की यात्रा और आदि-मध्य-अन्त का ____ बताता। तुम जानते हर 5000 वर्ष बाद बाबा हमारे _____ आता। बाप बच्चों को शिक्षा देते – आत्मा को एक बार ही ____ होना होत ा। बाबा कहते हैं मैंने ____ बार तुमको पढ़ाया फिर भी पढ़ाऊंगा। कितनी वण्‍डरफुल बातें हैं।
° _पार्ट_, _याद_, _राज़_, _सम्मुख_, _प्योर_, _अनेक_

6. पढ़ाई माना समझ। तुम समझते हो यह पढ़ाई बहुत ____ और बहुत ऊंची है। हम विश्व का _____ बनने लिए पढ़ रहे। तो बहुत _____ होनी चाहिए। कल्प-कल्प हम इस ____ -बल से विश्व का मालिक बनते, इससे ऑटोमेटिकली _____ -गुण आ जाते। हमारे योगबल से सारा विश्व ____ होना है।
° _सहज_, _मालिक_, _खुशी_,
_योग_, _दैवी_, _पवित्र_

7. बाप कहते एक्यूरेट _____ का चार्ट रखो। _____ को उठ बाबा को याद करो। बाबा, आप हमको विश्व का मालिक बनाते हो तो हम आपकी _____ करेंगे। यह आत्मा और परमात्मा का _____ है। वह क्रियेटर भी है, _____ भी है। शिवबाबा ही ब्रह्मा द्वारा समझाते, मूल बड़ा टीचर, बड़ा सर्जन तो _____ ही है।
° _याद_, _सुबह_, _महिमा_, _मेला_, _डायरेक्टर_, _बाप_

8. बाप आत्माओं को ही जगाते, घड़ी-घड़ी कहते अपने को _____ समझो। शरीर समझते हो तो जैसे _____ पड़े हो। अपने को आत्मा समझो और _____ को भी याद करो। आत्मा ____ तो शरीर भी पावन मिलता। धारणा भी _____ ही करती है। बाप समझाते तुम ही इस देवी-देवता ____ के थे, फिर तुम ही बन जायेंगे।
° _आत्मा_, _सोये_, _बाप_, _पावन_, _आत्मा_, _घराने_

9. रोज़ चार्ट लिखना चाहिए – हम कितना समय ____ में रहते?पढ़ाई और _____ कैरेक्टर्स का रजिस्टर रखो, रोज़ चेक करो हमसे कोई ____ तो नहीं हुई। _____ का फँदा-जेल प्रबल है, रजिस्टर रखने नहीं देती। जो पाप कर्म करते, बाबा को बताने से माफ हो जायेगा, बोझ ____। कोई झट बतलाते – बाबा यह भूल हुई। बाबा खुश होते। ____ खुश हुआ तो और क्या चाहिए।
° _याद_, _दैवी_, _भूल_, _माया_, _हल्का_, _भगवान्_

10. तुम बच्चे किस पुरूषार्थ से *राजाई का तिलक* प्राप्त कर सकते हो? (3)
° 1. *सदा आज्ञाकारी* रहने का पुरूषार्थ करो। संगम पर *फ़रमानबरदार का टीका* दो तो राजाई का तिलक मिल जायेगा। (बेव़फादार अर्थात् आज्ञा को न मानने वाले राजाई का तिलक नहीं प्राप्त कर सकते।)
° 2. कोई भी बीमारी सर्जन से *छिपाओ नहीं*। (छिपायेंगे तो पद कम हो जायेगा।)
° 3. *बाप जैसा प्यार का सागर* बनो तो राजाई का तिलक मिल जायेगा।

11. _____ पर चल अपनी बुद्धि सालिम रखनी है। क्रोध में आकर मुख से बाम नहीं निकालना (शक्ल तांबे जैसी!), ____ रहना है। सर्विसएबुल का स्वभाव बहुत ____ चाहिए। एक ____ की महिमा करनी है, इस पुरानी दुनिया से ____ नहीं रखना। बेहद का _____ और निर्मोही बनना है।
° _श्रीमत_, _चुप_, _मीठा_, _बाप_, _आसक्ति_, _वैरागी_

12. नया हो तो भी यह बातें बहुत सहज हैं समझने की। तुम देवता _____ थे, यह है ज्ञान मार्ग, बाप अब चढ़ने की _____ सुना रहे।कोई भी चीज छपती तो सब _____ में छपानी चाहिए। कोई लिटरेचर छपाते तो सबको एक-एक _____ भेज दो। एक कॉपी _____ में भेज देनी चाहिए। _____ की बात नहीं, बाबा का भण्डारा बहुत भर जायेगा।
° _पूज्य_, _बातें_ , _भाषाओं_, _कापी_, _लाइब्रेरी_, _खर्चे_

Answers from Sakar Murli 11-01-2021

*Om Shanti*

*Answers from Sakar Murli 11-01-2021*

1. अपने चेहरे और चलन से सत्यता की _____ का अनुभव कराना ही श्रेष्ठता है।
° _सभ्यता_

2. ____ रूपी विमान से अव्यक्त व मूलवतन का सैर करने लिए ____ पंछी बनो, जब चाहो, जहाँ चाहो पहुंच जाओ। यह तब होगा जब बिल्कुल इस लोक के _____ से परे रहेंगे। इस ____ संसार में कोई प्राप्ति नहीं, तो संकल्प और ____ द्वारा भी इस रौरव नर्क में जाना बन्द करो।
° _बुद्धि_, _उड़ता_, _लगाव_, _असार_, _स्वप्न_

3. तुम तो कितने _____ आदमी (देवता) बनते हो। _____-गुणों वाले देवता स्वर्ग के मालिक बनते हो। वहाँ तुम्हारे लिए महल भी _____ -जवाहरातों के होते। वहाँ तुम्हारा फर्नीचर _____ के जड़ित का फर्स्टक्लास होगा। वहाँ तो फर्स्टक्लास हीरे-जवाहरातों की _____ चीजें होंगी।
° _बड़े_, _दैवी_, _हीरे_, _सोने_, _सब_

4. अभी बाबा आया हुआ है, हमको ____ बनाया है। बाप कहते हैं पहले-पहले हमने तुमको ____ में भेजा। तुम बहुत-बहुत _____ थे, तुम्हारी आत्मा और शरीर सतोप्रधान थे _____ एज में।
° _अपना_, _स्वर्ग_, _साहूकार_,
_गोल्डन_

5. बाबा हमको विश्व का मालिक बनाते, मोस्ट _____ बाबा है। उनसे ज्यादा _____ वस्तु कोई हो न सके। भगवान को जादूगर, रत्नागर, सौदागर कहते तो जरूर ______ है। मनुष्य को देवता, बेगर से प्रिन्स बनाते, ऐसा _____ कभी देखा। बाप ने समझाया है तुम सब _____ हो। यह शिव अमरनाथ तुमको ____ सुना रहे।
° _बील्वेड_, _प्यारी_, _चैतन्य_,
_जादू_, _पार्वतियां_, _कथा_

6. अब *मोस्ट बील्वेड* निराकार शिव भी है तो नम्बरवन साकार देवता (कृष्ण) भी। तो *जास्ती प्यारा* किसे कहेंगे, और क्यों?
° *शिवबाबा ही तो ऐसा लायक बनाते* हैं ना, तो गायन भी जास्ती उस बाप का होना चाहिए।

7. बाबा ____ ही कितना मीठा है। अभी तुम _____ -अभिमानी बन बाबा के बने हो। बाबा आया हुआ है, उनसे हमको ____ मिलता। शिवबाबा ____ -योग सिखलाते ही हैं सतयुग लिए। ऊंच ते ऊंच शिवबाबा इन द्वारा कराते, ____ -करावनहार है। यह तो हाइएस्ट अथॉरिटी गॉड फादरली _____ है।
° _अक्षर_, _आत्म_, _वर्सा_, _राज_, _करन_, _गवर्नमेन्ट_

8. यह है ____ की वर्षा है, इससे क्या होता? पतित दुनिया से ____ दुनिया बनती। कांटों के जंगल को बाप आकर ____ ऑफ फ्लावर बनाते, इसलिए नाम ____ -नाथ रख दिया है। फूल से सब आकर _____ लेते हैं। अब तुम बच्चों का बाप के साथ कितना ____ होना चाहिए।
° _ज्ञान_, _पावन_, _गार्डन_, _बबुल_, _खुशबू_, _लव_

9. वास्तव में तुम हो _____ बाप के बच्चे। तुम आत्मा _____-पिता परमात्मा के बच्चे हो। रहने वाले भी _____-धाम के हो। सतयुग में तुम सुखी बन जाते तो उस _____ बाप को भूल जाते। दु:ख में याद करते, और याद भी _____ करती उस रूहानी बाप को।
° _निराकार_, _परम_, _निर्वाण (वा शान्ति)_, _पारलौकिक_, _आत्मा_

10. अब आत्मा और शरीर जो ऐसे काले बन गये हैं तो फिर ____ कैसे बनें। पुकारते ही हैं – हे ____ -पावन बाबा, आकर _____ बनाओ। ड्रामा अनुसार आयेंगे भी तब जब पुरानी दुनिया से नई बननी, तो जरूर _____ पर ही आयेंगे। सृष्टि का ही चक्र फिरता रहता, _____ होता रहता। इस समय ही बाप यह _____ रूद्र ज्ञान यज्ञ रचते।
° _प्योर_, _पतित_, _पावन_, _संगम_, _रिपीट_, _अविनाशी_

11. _____ -जयन्ती मनाते हैं। कहते हैं – हे भगवान, ओ _____ फादर। अविनाशी फादर को _____ करते हैं। वह बाप आकर _____ स्थापन करते। सबसे पहले _____ तुम करते हो। तो तुमको ही पहले-पहले भगवान द्वारा _____ मिलना चाहिए जो फिर तुम ही नई दुनिया में राज्य करो। इसमें तकलीफ की कोई बात नहीं।
° _शिव_, _गॉड_, _याद_, _हेविन_, _भक्ति_, _ज्ञान_

Answers from Sakar Murli 09-01-2021

*Om Shanti*

*Answers from Sakar Murli 09-01-2021*

1. अपनी विशेषताओं को _____ में लाओ तो हर कदम में प्रगति का अनुभव करेंगे।
° _प्रयोग_

2. डबल लाइट फरिश्ता बनने लिए ____ भान की मिट्टी से भी परे रहो, यह भी बोझ-भारीपन है। फरिश्ता अर्थात् अपनी देह साथ भी ____ नहीं। बाप का दिया हुआ ____ भी बाप को दे दिया। सब हिसाब-किताब, सब लेन-देन बाप से बाकी सब पिछले ____ और रिश्ते खत्म – ऐसे सम्पूर्ण ____ ही डबल लाइट फरिश्ते हैं।
° _देह_, _रिश्ता_, _तन_, _खाते_, _बेगर_

3. तुम बच्चे समझते हो हमको हमारा _____ मिला है, पढ़ाते हैं। भगवानुवाच है ना! मैं तुमको _____-योग सिखाता हूँ। विश्व की _____ कैसे प्राप्त कराने सिखाता हूँ। हम विश्व की _____ लेने लिए बेहद के बाप से पढ़ते हैं – यह नशा हो तो अपार _____ आ जाए।
° _बाप_, _राज_, _राजाई_, _बादशाही_, _खुशी_

4. मीठे बच्चे – बेहद के बाप को याद करना – यह है ____ बात, याद से ____ मिलती है, जो याद नहीं करते उन्हें ____ भी कैसे याद करें। अभी तुम बच्चे बाप को जानते हो तो बाप की कितनी ____ करते हो।
° _गुप्त_, _याद_, _बाप_, _महिमा_

5. बोलो भारत ____ था ना, अभी नर्क है। सतयुगी _____ तो यहाँ हो नहीं सकता। जो सेकेण्ड-मिनट पास होता, वह हूबहू ____ होता। _____ बार रिपीट होते रहेंगे। हम सो ब्राह्मण हैं फिर हम सो क्षत्रिय, वैश्य, शूद्र बनेंगे। फिर बाप आयेंगे तो हम सो ____ बन जायेंगे। यह याद करो तो भी स्वदर्शन चक्रधारी ठहरे, जिससे ____ बने हैं।
° _स्वर्ग_, _सुख_, _रिपीट_, _अनगिनत_, _ब्राह्मण_, _देवता_

6. संगम पर तुम बच्चे *कौन-सी पढ़ाई* पढ़ते हो जो सारा कल्प नहीं पढ़ाई जाती?
° *जीते जी शरीर से न्यारा* अर्थात् मुर्दा होने की पढ़ाई अभी पढ़ते हो क्योंकि तुम्हें कर्मातीत बनना है। (बाकी जब तक शरीर में हैं तब तक कर्म तो करना ही है। मन भी अमन तब हो जब शरीर न हो इसलिए मन जीते जगतजीत नहीं, लेकिन माया जीते जगतजीत।)

7. सर्विस का ___ देना है। देहभान को छोड़ अपना सच्चा-सच्चा _____ देना है। पास विद् ऑनर होने का _____ करना है। जब तुम आये हो यह (लक्ष्मी-नारायण) बनने तो _____ बड़ी अच्छी चाहिए।
° _सबूत_, _समाचार_, _पुरुषार्थ_, _चलन_

8. जब कोई नया आता है तो पहले-पहले उनको हद-बेहद के बाप का _____ देना चाहिए। वह है सब _____ का बाप। _____ ही अपनी पहचान देते हैं। आत्मा और परमात्मा का _____ तो एक ही है। वह भी आत्मा है परन्तु उनको _____ आत्मा कहा जाता, परमधाम से आते। सिर्फ एक ही बाप है जो _____-मरण में नहीं आता।
° _परिचय_, _आत्माओं_, _बाप_, _रूप_, _परम_, _जन्म_

9. सब कहते – हम पतित हैं। हे भगवान, हम सब पतित दुनिया के रहने वालों को ____ बनाओ। तुम्हारी बुद्धि में है पावन दुनिया आज से _____ वर्ष पहले थी, जिसको ____ -युग कहा जाता, फर्स्टक्लास। ____ जरूर रहना है, ____ विकार जीते जगतजीत।
° _पावन_, _5 हज़ार_, _सत_, _पवित्र_, _काम_

10. अब बेहद का बाप ऊंच ते ऊंच भगवान आते तो किसको पढ़ाते होंगे? जरूर जो ऊंच ते ऊंच बिल्कुल _____ होंगे। यह नॉलेज भी सब एकरस नहीं _____ कर सकते। यह पढ़ाई है, अपनी ______ अनुसार हरेक पढ़ते हैं। हरेक को अपना-अपना _____ मिला हुआ है। जिसने कल्प पहले जितनी _____ धारण की है उतनी अब भी धारण करते। पढ़ाई अनुसार ही ____ मिलता।
° _बेसमझ_, _धारण_, _बुद्धि_, _पार्ट_, _पढ़ाई_, _पद_

11. कोई देहधारी सबको कह न सके कि *मामेकम्* याद करो। क्यों?
° देहधारी की याद से तो *पाप कटते नहीं* हैं। (यदि कृष्ण कहे – देह के सब
संबंध त्याग मामेकम् याद करो परन्तु *देह के संबंध* तो कृष्ण को भी हैं और फिर वह तो छोटा-सा *बच्चा* है ना।)

12. परमात्मा तो *सर्वव्यापी* हो नहीं सकता, इसका एक अच्छा-सा कारण आज बाबा ने सुनाया। कौन-सा?
° जिसके लिए कहते हैं *सर्व का सद्गति दाता* है तो क्या वह भी दुर्गति को पाते हैं! परमात्मा कब *दुर्गति को पाता है क्या?* यह सब विचार सागर मंथन करने की बातें हैं।

13. यह आंखें जब तक पतित क्रिमिनल हैं, तो _____ चीज़ देखने में आ नहीं सकती। इसलिए ____ का तीसरा नेत्र चाहिए। जब तुम कर्मातीत अवस्था को पायेंगे अर्थात् देवता बनेंगे फिर तो इन आंखों से _____ को देखते रहेंगे। बाकी इस शरीर में इन आंखों से ____ को देख नहीं सकते।
° _पवित्र_, _ज्ञान_, _देवताओं_, _कृष्ण_

Answers from Sakar Murli 08-01-2021

*Om Shanti*

*Answers from Sakar Murli 08-01-2021*

1. महान आत्मा वह हैं जो हर सेकण्ड, हर कदम श्रीमत पर _____ चलते हैं।
° _एक्यूरेट_

2.बुद्धि की महीनता व हल्कापन ब्राह्मण जीवन की ____ है। महीनता ही महानता है। इसके लिए रोज़ अमृतवेले ____ -पन की रूहानी एक्सरसाइज करो और ____ संकल्पों के भोजन की परहेज रखो। परहेज के लिए सेल्फ _____ हो, जिस समय जो संकल्प करना हो वही करो। तब ____ बुद्धि बन ____ स्वरूप के लक्ष्य को प्राप्त कर सकेंगे।
° _पर्सनेलिटी_, _अशरीरी_, _व्यर्थ_, _कन्ट्रोल_, _महीन_, _फरिश्ता_

3. बच्चे समझते हैं हमारे ऊपर अब ____ आने का है। यहाँ बैठे हैं, एम ऑब्जेक्ट है – मनुष्य से ____ बनने की। जानते हो हम सो देवी-देवता _____ सिरताज बनेंगे। देवतायें कितने ____ थे। नई दुनिया है ____ -क्लास दुनिया। तुम समझते हो इस ______ से हम सो देवी-देवता बन रहे हैं।
° _ताज_, _देवता_, _डबल_, _पवित्र_, _फर्स्ट_, _पढ़ाई_

4. बाबा ने *कौन-सा फोटो* रखने को कहा, जिससे *नशा* चढ़े?
° ऊपर में *शिवबाबा* , फिर अपना *राजाई* चित्र। नीचे तुम्हारा *साधारण* चित्र। (शिवबाबा से राजयोग सीख *हम सो देवता डबल सिरताज* बन रहे हैं। चित्र रखा होगा, कोई भी पूछेंगे तो हम बतला सकेंगे – हमको *सिखलाने वाला यह शिवबाबा* है। चित्र देखने से बच्चों को नशा चढ़ेगा। भल दुकान में भी यह चित्र रख दो।)

5. बाप को याद करने का ____ ढूंढना चाहिए। बाबा युक्तियाँ तो सब बतलाते, परन्तु कोई _____ भी रखे ना। _____ सामने खड़ा है। तुमको बाबा कितने प्रकार से समझाते, अपने को सदैव _____ रखने लिए बहुत अच्छी-अच्छी युक्तियाँ बतलाते। शुभ _____ रखनी है ना। ओहो! हम यह लक्ष्मी-नारायण बनते हैं।
° _उपाय_, _विश्वास_, _विनाश_,
_हर्षित_, _भावना_

6. अभी तुम पत्थरबुद्धि से _____ बुद्धि बन रहे। तुम यह पढ़ाई पढ़ते ही हो भविष्य ऊंच _____ लिए। तुम एक ही बार पतित से _____ बनते। भगवानुवाच – मैं जब आता हूँ श्रेष्ठाचारी बनाने के लिए तो सब _____ हैं। पतित-पावन सर्व का ____ दाता खुद कहते – बरोबर ब्रह्मा तन से स्थापना कर रहे। सर्व की सद्गति अर्थात् ____ कर रहे।
° _पारस_, _पद_, _पावन_, _भ्रष्टाचारी_, _सद्गति_, _उद्धार_

7. नये विश्व का मालिक बनाने वाला जरूर विश्व का _____ ही होगा। पहले तो तुमको यह _____ चाहिए कि हमको पढ़ाते कौन हैं। यह है श्री श्री _____ की मत। शिवबाबा तुम्हें _____-मत दे रहे हैं। परमात्मा की मत ही _____ बनाती है, _____-अभिमानी पूरा बन जाएं तो बाकी और क्या चाहिए।
° _रचयिता_, _निश्चय_, _शिवबाबा_, _श्री_, _श्रेष्ठ_, _आत्म_

8. जब समझेंगे तब खुश हो ____ करने लग पड़ेंगे। इसके लिए फिर ऐसा पूरा ____ करना चाहिए ना। इसको कहा जाता है _____ -योग।
° _मदद_, _पुरुषार्थ_, _राज_

9. जिनका न्यु ब्लड है उन्हें कौन सा *शौक* और कौन सी *मस्ती* होनी चाहिए?
° यह दुनिया जो पुरानी आइरन एजड बन गई है उसे नई गोल्डन एजेड बनाने का, *पुराने से नया बनाने का शौक* होना चाहिए। कन्याओं का न्यु ब्लड है तो अपने *हमजिन्स को उठाना* चाहिए। नशा कायम रखना चाहिए। *भाषण* करने में भी बड़ी मस्ती होनी चाहिए।

10. माताओं पर बाप आकर ज्ञान अमृत का _____ रखते हैं। सेन्टर्स के लिए भी कहते हैं _____ चाहिए, बाबा ____ चाहिए। यह भी ठीक है, मान देते। माता ____ कब होती है सो अभी तुम जानते हो। जगत ____ ही फिर राज-राजेश्वरी बनती है। आगे चल तुम ____ भरो तो यह सब आयेंगे।
° _कलष_, _ब्रह्माकुमारी_, _टीचर_, _गुरू_, _अम्बा_, _जोर_

11. तुम कह सकते हो हम आपको समझाते हैं इन लक्ष्मी-नारायण को यह _____ कैसे मिला? गीता में भी भगवानुवाच है ना। मैं तुमको _____ सिखाकर राजाओं का राजा बनाता हूँ। _____-वासी तो तुम बनते हो ना। _____ भी किसको बैठ समझाये कि इन लक्ष्मी-नारायण को भी यह पद कैसे मिला?
° _राज्य_, _राजयोग_, _स्वर्ग_, _पुजारी_

12. चित्र बड़े अच्छे हैं। यह है सद्गति अर्थात् ____ -धाम, यह है मुक्तिधाम। बुद्धि भी कहती है हम सब आत्मायें ____ -धाम में रहती, जहाँ से फिर टॉकी में आते। यह ____ ही भारत पर बना हुआ है, _____ -जयन्ती भी यहाँ मनाते। बाप कहते मैं आया हूँ, ____ बाद फिर आऊंगा। हर 5 हज़ार वर्ष बाद बाप के आते ही _____ बन जाता है।
° _सुख_, _निर्वाण_, _खेल_, _शिव_, _कल्प_, _पैराडाइज़_

Answers from Sakar Murli 07-01-2021

*Om Shanti*

*Answers from Sakar Murli 07-01-2021*

1. दिल और दिमाग दोनों का बैलेन्स रख सेवा करने से _____ मिलती है।
° _सफलता_

2. जो आधारमूर्त होते, उनके ऊपर ही सारी _____ रहती। अभी आप जिस रूप से, जहाँ भी कदम उठायेंगे वैसे अनेक आत्मायें आपको _____ करेंगी। लेकिन यह जिम्मेवारी अवस्था बनाने में बहुत _____ करती क्योंकि इससे अनेक आत्माओं की _____ मिलती, जिस कारण जिम्मेवारी _____ हो जाती, थकावट मिटाने वाली।
° _जिम्मेवारी_, _फालो_, _मदद_,
_आशीर्वाद_, _हल्की_

3. पहले हम सोझरे में थे, जबकि भारत _____ था। स्वर्ग, वैकुण्ठ, बहिश्त, _____ – यह सब इस भारत के नाम थे। भारत पवित्र और प्राचीन ____ -वान था। स्वर्ग के राज-राजेश्वर, राज-राजेश्वरी श्री _____ थे, सुखधाम। बाप से तुमको स्वर्ग का वर्सा लेना है, सतयुग में थे _____ -मुक्त देवी-देवताओं। पावन खण्ड माना ____ -खण्ड।
° _स्वर्ग_, _हेविन_, _धन_, _लक्ष्मी-नारायण_, _जीवन_, _सच_

4. तुम देवताओं जैसा धनवान एवर-_____ , एवरहेल्दी, वेल्दी कोई नहीं होता। भारत कितना _____ था, हीरे-जवाहरात तो पत्थरों मिसल थे। तुम सर्व-_____ सम्पन्न, 16 कला _____ थे यथा महाराजा-महारानी, सतयुग में बहुत सुख था। भ्रष्टाचारियों को _____ देवता बनाना, यह बाप का ही काम है, बाप पावन बनाते। अभी तुम 21 जन्म लिए वर्सा लेने आये हो, तुम ही _____ पद फिर से लेते।
° _हैप्पी_, _साहूकार_, _गुण_, _सम्पूर्ण_, _श्रेष्ठाचारी_, _सूर्यवंशी_

5. यह है स्प्रीचुअल _____ नॉलेज, सुप्रीम रूह बैठ नॉलेज देते। बच्चों को _____ -अभिमानी बनना पड़े। अपने को आत्मा निश्चय कर _____ याद करो। आत्मा में ही अच्छे-बुरे ______ होते, जिस अनुसार जन्म मिलता। पत्थरबुद्धि को ______ बनाना मासी का घर नहीं। एक बाप को याद करो, राजाई याद करो, देह-संबंध छोड़ो। _____ आत्मा बनने की मेहनत करनी है।
° _रूहानी_, _देही_, _मामेकम्_,
_संस्कार_, _पारसबुद्धि_, _पुण्य_

6. यह जो वर्सा भारत को था वह बाप से _____-युग पर ही मिला था। पुकारते हैं – हे _____-पावन _____ हर्ता सुख कर्ता। ईश्वर वा प्रभू कहने से भी याद नहीं आता कि वह सभी आत्माओं का _____ है।
° _संगम_, _पतित_, _दु:ख_, _बाप_

7. एक ही _____ बाबा है जो सचखण्ड की स्थापना करने वाला है। तुम ______ -जयन्ती तो मनाते हो ना। बाप है नई दुनिया का रचयिता, ______ गॉड फादर। एक _____ बिगर सर्व का सद्गति दाता कोई हो नहीं सकता।आत्मायें- _____ अलग रहे बहुकाल…..
° _सच्चा_, _शिव_, _हेविनली_, _सतगुरू_, _परमात्मा_

8. बाप अपने बच्चों को कौन सी *एक कहानी* सुनाने आये हैं?
° बाबा कहते मीठे बच्चे – मैं तुम्हें *84 जन्मों की कहानी* सुनाता हूँ। तुम जब *पहले-पहले* जन्म में थे तो एक ही *दैवी धर्म* था फिर तुमने ही दो युग के बाद बड़े-बड़े मन्दिर बनाये हैं। *भक्ति शुरू* की है। अभी तुम्हारा यह अन्त के भी अन्त का जन्म है। *तुमने पुकारा* दु:ख हर्ता सुख कर्ता आओ…. अब *मैं आया* हूँ।

9. जब देवता धर्म गुम हो जाता तब बाप को आना पड़ता – एक ______ की स्थापना कर बाकी सबका विनाश करा देते। _____ -पिता ब्रह्मा द्वारा बाप स्थापना करा रहे, आदि सनातन ______ धर्म की। यह भी सारा _____ बना हुआ है, इनकी एण्ड होती नहीं, बाप आते अन्त में। जबकि सृष्टि के आदि-मध्य-अन्त का नॉलेज सुनाते तो जरूर _____ पर आयेंगे। तुम्हारा एक बाप है, आत्मायें सभी _____ हैं, मूलवतन में रहने वाली।
° _धर्म_, _प्रजा_, _देवी-देवता_, _ड्रामा_, _संगम_, _ब्रदर्स_

10. *दु:ख* भी ईश्वर ही देते हैं। _(सही / गलत)_
° गलत (बाप कहते हैं – मैं तो सभी को *इतना सुख देता हूँ* जो फिर आधाकल्प तुम बाप का सिमरण नहीं करेंगे। फिर जब रावण राज्य होता है तो सबकी पूजा करने लग पड़ते हैं।)

11. वानप्रस्थ अवस्था वाले गुरू करते, मन्त्र लेने लिए। तुमको तो अभी *देहधारी गुरू करने की दरकार नहीं*। क्यों?
° तुम सबका *मैं बाप, टीचर, गुरू हूँ* । मुझे कहते भी हो – हे *पतित-पावन शिवबाबा*। अभी स्मृति आई है। (सब आत्माओं का *बाप* है, आत्मा सत है, चैतन्य है क्योंकि अमर है। सभी आत्माओं में पार्ट भरा हुआ है। बाप भी *सत चैतन्य* है। वह *मनुष्य सृष्टि का बीजरूप* होने कारण कहते हैं – मैं सारे झाड़ के आदि-मध्य-अन्त को जानता हूँ इसलिए मुझे *नॉलेजफुल* कहा जाता है।)

12. कहते हैं फलाना पार निर्वाण गया, बाप कहते यह सब हैं गपोड़े, *वापिस कोई भी जा नहीं सकते* । बाबा ने इसका एक अनोखा कारण सुनाया। कौन-सा?
° जबकि *पहले नम्बर वालों को ही 84 जन्म लेने पड़ते* हैं। (तो और कोई कैसे जा सकता!)

13. वास्तव में ___ सूर्य, ____ चन्द्रमा और ____ सितारे हैं। उन्हों की महिमा है। पहले होती है ______ भक्ति एक शिवबाबा की, फिर _____ की, फिर उतरते-उतरते अभी तो देखो _____ पर मिट्टी का दीवा जगाए, तेल आदि डाल उनकी भी पूजा करते हैं।
° _ज्ञान_, _ज्ञान_, _ज्ञान_, _अव्यभिचारी_, _देवताओं_, _टिवाटे_

Answers from Sakar Murli 06-01-2021

*Om Shanti*

*Answers from Sakar Murli 06-01-2021*

1. अपने _____ बोल और उमंग-उत्साह के _____ से दिलशिकस्त को शक्तिवान बनाओ।
° _मीठे_, _सहयोग_

2. जो बाप को दिल का सच्चा _____ बना लेते, उन्हें संग का रूहानी रंग सदा लगा रहता। बुद्धि द्वारा सत् बाप-शिक्षक-गुरू का संग करना – यही _____ है। जो इसमें रहते वो सदा हर्षित, डबल _____ रहते, किसी प्रकार का _____ नहीं। वे ऐसा अनुभव करते जैसे भरपूर हैं, खुशियों की _____ मेरे साथ है, जो बाप का है सब अपना।
° _साथी_, _सतसंग_, _लाइट_, _बोझ_, _खान_

3. बच्चों को बाप को जरूर _____ करना है। अब वापिस जाना है, इस पार से उस पार। बाप को, वर्से को और _____ को भी याद करो। वह है स्वीट _____ होम। दु:ख होता है अशान्ति से, सुख होता है _____ से। सतयुग में सुख-शान्ति-_____ सब कुछ है।
° _याद_, _घर_, _साइलेन्स_, _शान्ति_, _सम्पत्ति_

4. बाबा आप तो हमको _____ देते हैं बेहद का। बाबा, आप फिर से आये हो, हम तो आपको _____ गये थे। आपने हमको _____ दी थी, अब फिर आकर मिले हो। आपकी _____ पर हम जरूर चलेंगे। बाबा, आप तो हमें बहुत अच्छा _____ बताते हो। अब _____ को ही याद करना है।
° _वर्सा_, _भूल_, _बादशाही_, _श्रीमत_, _रास्ता_, _बाप_

5. यह बाप तो सेवा नहीं मांगते, कहते हैं मैं _____ सेवा करता हूँ। यह बाप तो बच्चों की सेवा कर _____ ले जाते हैं। तुम बच्चों को स्वर्ग की _____ देता हूँ। तुम कितना ऊंच _____ प्राप्त करते हो।
° _निष्काम_, _साथ_, _राजाई_, _पद_

6. _____ अक्षर बहुत मीठा है। योग अर्थात् बाप को _____ करना है। अभी तुम समझते हो – इतनी छोटी _____ में अविनाशी पार्ट नूँधा हुआ है, उनको कहा जाता है परमपिता परमात्मा। याद का पुरुषार्थ करना यह भी _____ है ना। नेचुरल सच्चा-सच्चा नेचरक्युअर इसको कहा जाता, तुम्हारी आत्मा बिल्कुल _____ हो जाती।
° _याद_, _याद_, _बिन्दी_, _ज्ञान_, _प्योर_

7. बाप कहते हैं सुखी तब होंगे जब _____ होंगे। सदा एक ही फुरना रखना है कि सतोप्रधान सच्चा _____ बन ऊंच पद पाना है। जो रूहानी _____ मिलता है उसे उगारना है। अब हम समझते हैं हम सतोप्रधान _____ थे। अब फिर मुझ आत्मा को _____ बनना है।
° _सतोप्रधान_, _सोना_, _भोजन_, _देवी-देवता_, _पावन_

8. बुढ़ियाएं समझती हैं _____ को याद करना है, बस। उनके लिए समझाया जाता है – अपने को _____ समझ बाप को याद करो। फिर भी _____ तो पा लेती हैं। साथ में रहती हैं। प्रदर्शनी में सब आयेंगे।
° _शिवबाबा_, _आत्मा_, _वर्सा_

9. तुम अभी _____ पर खड़े हो।तुम बच्चे सुख का _____ पाने का पुरुषार्थ करते हो। बाप समझाते हैं शान्ति और सुख का वर्सा देने वाला एक _____ ही हूँ। जानते हो नई दुनिया की _____ स्थापन हो रही है।
° _संगम_, _वर्सा_, _मैं_, _राजधानी_

10. तुम बच्चे अभी यज्ञ की सर्विस करते हो, इस सर्विस से बहुत _____ होती। बहुतों का _____ हो जाता है। दिन-प्रतिदिन _____ सर्विस की बहुत वृद्धि होगी। बाबा _____ भी बनवाते रहते हैं। कहाँ भी जाओ तो इस पर समझाना है।
° _प्राप्ति_, _कल्याण_, _प्रदर्शनी_, _बैजेस_

11. *बैज* पर क्या समझा सकते?
° (त्रिमूर्ति-बैज) यह बाप, यह दादा, यह बाप का वर्सा। (अब बाप कहते हैं – मुझे याद करो तो तुम पावन बन जायेंगे। गीता में भी है – मामेकम् याद करो।)

12. यह क्लास *बड़ा वन्डरफुल* है कैसे?
° यही एक क्लास है जिसमें *छोटे बच्चे भी बैठे हैं तो बूढ़े भी* बैठे हैं। (यह क्लास ऐसा वन्डरफुल है जो इसमें अहिल्यायें, कुब्जायें, साधू भी आकर एक दिन यहाँ बैठेंगे।)

13. तुम हो ब्राह्मण, _____ ब्राह्मण ही रचते। यह है सबसे बड़ा बेहद का भारी _____ रूद्र यज्ञ। यह रूद्र यज्ञ _____ ही बार होता, सतयुग-त्रेता में फिर कोई यज्ञ होता नहीं। इसमें बेहद की _____ पड़नी है। यह भी गायन है रूद्र ज्ञान यज्ञ से _____ ज्वाला प्रज्जवलित हुई।
° _यज्ञ_, _ईश्वरीय_, _एक_, _आहुति_, _विनाश_

14. रूहानी बाप जो _____ का सागर पतित-पावन है, वह बैठ गीत का अर्थ बताते। _____-योग भी बाप ही सिखलाते, बच्चे फिर से राजाओं का राजा बन रहे। तुम कहते हो हम _____ वर्ष पहले मिसल फिर से बेहद के बाप से पढ़ते हैं। यह _____ भी फिर से होना है जरूर। यह विनाश भी _____ कार्य लिए है इसलिए डरना नहीं, कल्याणकारी बाप सदा _____ का ही कार्य कराते हैं, इस स्मृति से सदा खुशी में रहना है।
° _ज्ञान_, _राज_, _5 हजार_, _विनाश_, _शुभ_, _कल्याण_

Answers from Sakar Murli 05-01-2021

*Om Shanti*

*Answers from Sakar Murli 05-01-2021*

1. अपने अनादि और आदि गुणों को _____ में रख उन्हें स्वरूप में लाओ।
° _स्मृति_

2. विश्व आपके कल्प पहले वाले सम्पन्न _____ स्वरूप का सिमरण कर रही, अब प्रैक्टिकल में वह प्रख्यात करो। बीती हुई कमजोरियों को _____ लगाओ, _____ संकल्प द्वारा पुराने संस्कार-स्वभाव समाप्त करो, दूसरों की कमजोरी की _____ मत करो, _____ गुण धारण करने वाली _____ बुद्धि धारण करो तब साक्षात्कार मूर्त बनेंगे।
° _पूज्य_, _फुलस्टाप_, _दृढ़_, _नकल_, _दिव्य_, _सतोप्रधान_

3. जब तक शिव परमात्मा न आये, ____ जयन्ती मना न सकें। जब तक शिव आकर कृष्णपुरी स्थापन न करे तो ____ जयन्ती भी कैसे मनाई जाए। कृष्ण प्रिन्स था तो जरूर ____ में प्रिन्स होगा ना। देवी देवताओं की _____ होगी।कृष्णपुरी कहो अथवा _____ -पुरी कहो, ____ सम्प्रदाय कहो।
° _शिव_, _कृष्ण_, _सतयुग_, _राजधानी_, _विष्णु_, _दैवी_

4. बाप समझते हैं मैं _____ -पावन शिव हूँ। मैं ____ -धाम से आया हूँ, इन सालिग्रामों को पढ़ाने। मुझे ही आकर सब भक्तों को ____ का फल देना है। सब पुकारते रहते हैं ना – हे ____ फादर। बाप जानते हैं – यह हमारे बच्चे हैं, जिन्हों को हम ____ अमृत पिलाए, ज्ञान चिता पर बिठाए घोर नींद से जगाए ____ में ले जाता हूँ।
° _पतित_, _परम_, _भक्ति_, _गाड_, _ज्ञान_, _स्वर्ग_

5. बाप है ही _____-फुल। यह शिक्षा अभी तुमको ही _____ के बाप से मिल रही है। वही सृष्टि के _____ हैं। पतित सृष्टि को _____ बनाने वाले हैं। बुलाते भी हैं हे पतित-पावन आओ तो पहले-पहले उसका ही _____ देना है। उस परमपिता परमात्मा के साथ आपका क्या _____ है?
° _नॉलेज_, _बेहद_, _रचयिता_, _पावन_, _परिचय_, _सम्बन्ध_

6. ___ बैठ बच्चों को समझाते हैं। सब अपने को ____ ब्रदर्स कहते ही हैं। भगवान ने ही समझाया होगा, प्राचीन ____ -योग सिखाया होगा। तुम नर से नारायण ( ____ -वासी) बनने यहाँ आते हो। जो ____ बनेंगे वही पावन दुनिया में चलेंगे। बाकी अपना हिसाब-किताब चुक्तू कर वापिस ____ चली जायेंगी। यह कयामत का समय है।
° _बाप_, _भाई-भाई_, _राज_, _स्वर्ग_, _पावन_, _घर_

7. (धारणा) भाई-भाई की ____ का अभ्यास करते हुए विशालबुद्धि बन लौकिक बन्धनों से ____ निभाना है (एक दो को रिगार्ड देना अच्छा)। बड़ी युक्ति से चलना। ____ दृष्टि बिल्कुल नहीं जानी चाहिए। कयामत के समय सम्पूर्ण ____ बनना है।पूरा वर्सा लेने लिए अच्छी रीति पढ़कर पतित-पावन बाप से ____ लगाकर पावन बनना है। तुमको यह ____ चढ़ा हुआ है।
° _दृष्टि_, _तोड़_, _विकारी_,
_पावन_, _योग_, _नशा_

8. न देवताओं और असुरों की लड़ाई हुई, न कौरवों पाण्डवों की हुई है। तो हमने *विजय किस पर* प्राप्त की थी?
° तुम *रावण पर* जीत पाते हो। बाप कहते हैं इन *5 विकारों पर* जीत पहनो तो तुम *जगतजीत* बन जायेंगे, इसमें कोई लड़ना नहीं है। (लड़ने का नाम ले तो हिंसा हो जाए। रावण पर जीत पानी है,परन्तु नानवायोलेंस से। सिर्फ पतित-पावन बाप को याद करने से हमारे विकर्म विनाश हो, हम सतोप्रधान बनते, बाप से वर्सा पायेंगे।)

9. पहली-पहली मुख्य बात है ____ का सागर, ____ -पावन ____ ज्ञान दाता परमपिता परमात्मा _____ भगवानुवाच पहले-पहले उनको यह पता पड़े इन्हों को सिखलाने वाला कौन है! वह सुप्रीम सोल ज्ञान सागर ____ है। वह है ही ____ (ट्रूथ), सबसे बड़ी अथॉरिटी, सचखण्ड बनाते, उसमें कोई प्रश्न उठ नहीं सकता।
° _ज्ञान_, _पतित_, _गीता_, _शिव_, _निराकार_, _सत्य_

10. इस समय तुमको 3 बाप हैं क्योंकि ____ आते हैं प्रजापिता ____ के तन में, वह भी तो बाप है सबका। लौकिक ____ भी है। अच्छा अब तीनों बाप से ऊंच वर्सा किसका? _____ बाप वर्सा कैसे दे। वह फिर देते हैं ____ द्वारा। इस (त्रिमूर्ति के) ____ पर तुम बहुत अच्छी रीति समझा सकते हो।
° _भगवान_, _ब्रह्मा_, _बाप_, _निराकार_, _ब्रह्मा_, _चित्र_

11. वह है स्वीट होम। तुम जान गये हो कि हमारा होम वह है, हम एक्टर्स उस शान्तिधाम से आते हैं – यहाँ पार्ट बजाने। तो हम बेहद के *एक्टर्स* और उन (लौकिक) एक्टर्स में *मुख्य अन्तर* क्या है?
° *हम आत्मायें यहाँ के रहवासी नहीं हैं*। वह एक्टर्स यहाँ के रहवासी होते हैं। सिर्फ घर से आकर ड्रेस बदलकर पार्ट बजाते हैं। तुम तो समझते हो *हमारा घर शान्तिधाम है*, वहाँ हम फिर वापिस जाते हैं। (जब सभी एक्टर्स स्टेज पर आ जाते हैं तब फिर बाप आकर सभी को ले जायेंगे, इसलिए उनको लिब्रेटर, गाइड भी कहा जाता है। दु:ख हर्ता सुख कर्ता, पतित-पावन, महाकाल, आदि।)

12. कोई सफेद कपड़े का बंधन नहीं, परन्तु सफेद अच्छा है। तुम बच्चे *सफेद ड्रेस* पसन्द क्यों करते हो? यह किस बात का प्रतीक है?
° अभी तुम इस पुरानी दुनिया से जीते जी मर चुके हो इसलिए तुम्हें सफेद ड्रेस पसन्द है। यह सफेद ड्रेस मौत को सिद्ध करता है। जब कोई मरता है तो उस पर भी सफेद कपड़ा डालते हैं, तुम बच्चे भी अभी *मरजीवा* बने हो।

13. तुम देखते भी हो – यह वही _____ लड़ाई है। ____ के बाद फिर वाइसलेस दुनिया होनी है। यह मनुष्य नहीं जानते कि भारत ही वाइसलेस था, बुद्धि को गाडरेज का _____ लगा हुआ है। उसकी _____ एक बाप के पास ही है इसलिए उनको ही ज्ञान दाता, _____ चक्षु विधाता कहा जाता है। ____ का तीसरा नेत्र देते हैं।
° _महाभारत_, _विनाश_, _ताला_, _चाबी_, _दिव्य_, _ज्ञान_

Answers from Sakar Murli 04-01-2021

*Om Shanti*

*Answers from Sakar Murli 05-01-2021*

1. अपने अनादि और आदि गुणों को _____ में रख उन्हें स्वरूप में लाओ।
° _स्मृति_

2. विश्व आपके कल्प पहले वाले सम्पन्न _____ स्वरूप का सिमरण कर रही, अब प्रैक्टिकल में वह प्रख्यात करो। बीती हुई कमजोरियों को _____ लगाओ, _____ संकल्प द्वारा पुराने संस्कार-स्वभाव समाप्त करो, दूसरों की कमजोरी की _____ मत करो, _____ गुण धारण करने वाली _____ बुद्धि धारण करो तब साक्षात्कार मूर्त बनेंगे।
° _पूज्य_, _फुलस्टाप_, _दृढ़_, _नकल_, _दिव्य_, _सतोप्रधान_

3. जब तक शिव परमात्मा न आये, ____ जयन्ती मना न सकें। जब तक शिव आकर कृष्णपुरी स्थापन न करे तो ____ जयन्ती भी कैसे मनाई जाए। कृष्ण प्रिन्स था तो जरूर ____ में प्रिन्स होगा ना। देवी देवताओं की _____ होगी।कृष्णपुरी कहो अथवा _____ -पुरी कहो, ____ सम्प्रदाय कहो।
° _शिव_, _कृष्ण_, _सतयुग_, _राजधानी_, _विष्णु_, _दैवी_

4. बाप समझते हैं मैं _____ -पावन शिव हूँ। मैं ____ -धाम से आया हूँ, इन सालिग्रामों को पढ़ाने। मुझे ही आकर सब भक्तों को ____ का फल देना है। सब पुकारते रहते हैं ना – हे ____ फादर। बाप जानते हैं – यह हमारे बच्चे हैं, जिन्हों को हम ____ अमृत पिलाए, ज्ञान चिता पर बिठाए घोर नींद से जगाए ____ में ले जाता हूँ।
° _पतित_, _परम_, _भक्ति_, _गाड_, _ज्ञान_, _स्वर्ग_

5. बाप है ही _____-फुल। यह शिक्षा अभी तुमको ही _____ के बाप से मिल रही है। वही सृष्टि के _____ हैं। पतित सृष्टि को _____ बनाने वाले हैं। बुलाते भी हैं हे पतित-पावन आओ तो पहले-पहले उसका ही _____ देना है। उस परमपिता परमात्मा के साथ आपका क्या _____ है?
° _नॉलेज_, _बेहद_, _रचयिता_, _पावन_, _परिचय_, _सम्बन्ध_

6. ___ बैठ बच्चों को समझाते हैं। सब अपने को ____ ब्रदर्स कहते ही हैं। भगवान ने ही समझाया होगा, प्राचीन ____ -योग सिखाया होगा। तुम नर से नारायण ( ____ -वासी) बनने यहाँ आते हो। जो ____ बनेंगे वही पावन दुनिया में चलेंगे। बाकी अपना हिसाब-किताब चुक्तू कर वापिस ____ चली जायेंगी। यह कयामत का समय है।
° _बाप_, _भाई-भाई_, _राज_, _स्वर्ग_, _पावन_, _घर_

7. (धारणा) भाई-भाई की ____ का अभ्यास करते हुए विशालबुद्धि बन लौकिक बन्धनों से ____ निभाना है (एक दो को रिगार्ड देना अच्छा)। बड़ी युक्ति से चलना। ____ दृष्टि बिल्कुल नहीं जानी चाहिए। कयामत के समय सम्पूर्ण ____ बनना है।पूरा वर्सा लेने लिए अच्छी रीति पढ़कर पतित-पावन बाप से ____ लगाकर पावन बनना है। तुमको यह ____ चढ़ा हुआ है।
° _दृष्टि_, _तोड़_, _विकारी_,
_पावन_, _योग_, _नशा_

8. न देवताओं और असुरों की लड़ाई हुई, न कौरवों पाण्डवों की हुई है। तो हमने *विजय किस पर* प्राप्त की थी?
° तुम *रावण पर* जीत पाते हो। बाप कहते हैं इन *5 विकारों पर* जीत पहनो तो तुम *जगतजीत* बन जायेंगे, इसमें कोई लड़ना नहीं है। (लड़ने का नाम ले तो हिंसा हो जाए। रावण पर जीत पानी है,परन्तु नानवायोलेंस से। सिर्फ पतित-पावन बाप को याद करने से हमारे विकर्म विनाश हो, हम सतोप्रधान बनते, बाप से वर्सा पायेंगे।)

9. पहली-पहली मुख्य बात है ____ का सागर, ____ -पावन ____ ज्ञान दाता परमपिता परमात्मा _____ भगवानुवाच पहले-पहले उनको यह पता पड़े इन्हों को सिखलाने वाला कौन है! वह सुप्रीम सोल ज्ञान सागर ____ है। वह है ही ____ (ट्रूथ), सबसे बड़ी अथॉरिटी, सचखण्ड बनाते, उसमें कोई प्रश्न उठ नहीं सकता।
° _ज्ञान_, _पतित_, _गीता_, _शिव_, _निराकार_, _सत्य_

10. इस समय तुमको 3 बाप हैं क्योंकि ____ आते हैं प्रजापिता ____ के तन में, वह भी तो बाप है सबका। लौकिक ____ भी है। अच्छा अब तीनों बाप से ऊंच वर्सा किसका? _____ बाप वर्सा कैसे दे। वह फिर देते हैं ____ द्वारा। इस (त्रिमूर्ति के) _चित्र_ पर तुम बहुत अच्छी रीति समझा सकते हो।
° _भगवान_, _ब्रह्मा_, _बाप_, _निराकार_, _ब्रह्मा_

11. वह है स्वीट होम। तुम जान गये हो कि हमारा होम वह है, हम एक्टर्स उस शान्तिधाम से आते हैं – यहाँ पार्ट बजाने। तो हम बेहद के *एक्टर्स* और उन (लौकिक) एक्टर्स में *मुख्य अन्तर* क्या है?
° *हम आत्मायें यहाँ के रहवासी नहीं हैं*। वह एक्टर्स यहाँ के रहवासी होते हैं। सिर्फ घर से आकर ड्रेस बदलकर पार्ट बजाते हैं। तुम तो समझते हो *हमारा घर शान्तिधाम है*, वहाँ हम फिर वापिस जाते हैं। (जब सभी एक्टर्स स्टेज पर आ जाते हैं तब फिर बाप आकर सभी को ले जायेंगे, इसलिए उनको लिब्रेटर, गाइड भी कहा जाता है। दु:ख हर्ता सुख कर्ता, पतित-पावन, महाकाल, आदि।)

12. कोई सफेद कपड़े का बंधन नहीं, परन्तु सफेद अच्छा है। तुम बच्चे *सफेद ड्रेस* पसन्द क्यों करते हो? यह किस बात का प्रतीक है?
° अभी तुम इस पुरानी दुनिया से जीते जी मर चुके हो इसलिए तुम्हें सफेद ड्रेस पसन्द है। यह सफेद ड्रेस मौत को सिद्ध करता है। जब कोई मरता है तो उस पर भी सफेद कपड़ा डालते हैं, तुम बच्चे भी अभी *मरजीवा* बने हो।

13. तुम देखते भी हो – यह वही _____ लड़ाई है। ____ के बाद फिर वाइसलेस दुनिया होनी है। यह मनुष्य नहीं जानते कि भारत ही वाइसलेस था, बुद्धि को गाडरेज का _____ लगा हुआ है। उसकी _____ एक बाप के पास ही है इसलिए उनको ही ज्ञान दाता, _____ चक्षु विधाता कहा जाता है। ____ का तीसरा नेत्र देते हैं।
° _महाभारत_, _विनाश_, _ताला_, _चाबी_, _दिव्य_, _ज्ञान_