Answers from Sakar Murli 22-05-2021

*Om Shanti*

*Answers from Sakar Murli 22-05-2021*

1. बेहद बाप है बिगड़ी बनाने वाला, स्वर्ग का ___ देने वाला स्वर्ग का रचयिता, भारत में श्रीकृष्ण शहजादा.. गाये है। महिमा बाप की है, श्रीकृष्ण है ऊंच ते ऊंच ___ , विश्व का मालिक, सूर्यवंशी डीटी डिनायस्टी। संगम पर बाप ने सुनाया, गीता का भगवान, पुनर्जन्म रहित, शिवबाबा ही ___ -तुल्य बनाते।
° _वर्सा_, _रचना_, _हीरे_

2. (फरमान) मुझे और वर्से को याद करो, ___ याद करो तो विकर्म विनाश होंगे, सर्वशक्तिमान् बाप है। आत्मा बाप को याद करेगी ना, यह सब विचार सागर मंथन कर ___ करना चाहिए, मेरा तो एक दूसरा न कोई, मोह-लोभ से परे। सब ___ सेवा में लगाओ, भविष्य बना लो, देह-सम्बन्ध से बुद्धियोग हटाओ, बाप की श्रीमत पर चलो।
° _मामेकम्_, _बुद्धि में धारण_, _ईश्वरीय_

3. मोहजीत बनना, देवतायें देही-अभिमानी हैं, ऐसा बनने की ___ करनी है। आत्मा अविनाशी है, जिसमें ___ का पार्ट नूँधा है, आत्मा स्टार है भ्रकुटी बीच। परम-आत्मा परमधाम रहते, बिन्दी है, ___ का सागर है, देवताओं को यह वर्सा बाप ने दिया, सर्वगुण सम्पन्न…।
° _प्रैक्टिस_, _84 जन्मों_, _ज्ञान वा आनंद वा पवित्रता_

4. बाप ही ज्ञान स्नान से सद्गति कराते, मुख्य अच्छे चित्र ___ होने चाहिए, अक्षर भी। किसको भी बुलाना निमन्त्रण पर, आकर परमपिता परमात्मा का ___ लो, भविष्य 21 जन्म वर्सा लो। भाइ-बहिनों पारलौकिक बाप से बेहद सुख का ___ कैसे मिलता, सो आकर समझो-सीखो।
° _बड़े_, _परिचय_, _स्वराज्य_

5. पतित-पावन कहते पावन दुनिया में जाने ___ बनना, वह है सम्पूर्ण निर्विकारी, पुण्य आत्माओं की दुनिया। बाप स्वर्ग का मालिक बनाते, कहते मामेकम् याद करो, यह है ___, वर्सा जरूर मिलेगा, सतोप्रधान बनेंगे। क्लीयर लिखना, ब्रह्मा द्वारा आदि सनातन देवता धर्म की स्थापना, और कोई धर्म नहीं, जितनी ___ तुम्हारे में भरती, उतना पहले आयेंगे।
° _पवित्र_, _महामन्त्र_, _ताकत_

6. समझाने वाले अच्छे चाहिए। बेहद बाप जिसको पुकारते, उनका नाम ___ है, शिवबाबा कहने से वर्सा याद आता। हर अक्षर अच्छा क्लीयर कर समझाना, बाप रचयिता तो एक ही ___ है, भारत को विश्व का मालिक बनाते। कयामत समय ही खुदा-भगवान आते जगाने, फिर सुन्दर बनेंगे ___ से, अन्त मती सो गति।
° _शिव_, _निराकार_, _याद की यात्रा_

7. बाप समझाते सबको, तुम सम्मुख हो तो ___ होते। कोई की तकदीर नहीं तो सर्विस करते नहीं, इससे तो नाम होगा, बाबा की बच्चियाँ कितनी ___ हैं, सब काम करती, स्वर्ग की बादशाही का वर्सा देती, वक्खर भी देती। अन्तिम जन्म है, विनाश सामने खड़ा है, याद करो तो ___ पार हो।
° _खुश_, _होशियार_, _बेड़ा_

8. वर्तमान समय मनन शक्ति द्वारा आत्मा में सर्व ___ भरने की आवश्यकता है। इसलिए ___ बन हर प्वाइंट मनन करो तो मक्खन निकलेगा, शक्तिशाली बनेंगे। ऐसी आत्मायें ___ का अनुभव करती, कोई वस्तु आकर्षित नहीं करती। उनकी मगन अवस्था से रूहानियत की स्थिति बनती उससे ___ का फोर्स समाप्त होता।
° _शक्तियां_, _अन्तर्मुखी_, _अतीन्द्रिय सुख_, _विघ्नों_

9. ब्राह्मण संसार में सर्व का ___ प्राप्त करने वाले ही तख्तनशीन बनते हैं।
° _सम्मान_

Answers from Sakar Murli 20-05-2021

*Om Shanti*

*Answers from Sakar Murli 20-05-2021*

1. शरीर पुरानी दुनिया का है, अगर ___-अभिमानी बनें तो तकदीर टूटेंगी। नसीबदार बन रहे तो जितना हो सके याद करो जो बेहद वर्सा देते, तुमको ___ सम्पन्न बनना है, पवित्र। बाप साथ सर्विस में ___ बनना, सारी दुनिया को पावन बनाना है, जिन्होंने कल्प पहले मदद की, ब्राह्मण बने हैं, वही समझदार बनेंगे।
° _देह_, _सर्वगुण_, _साथी_

2. आदि देव-देवी, जो चीज़ होकर गई फिर जरूर होनी, सतयुग होकर गया, उसमें ___ का राज्य था। देवतायें पवित्र ___ मार्ग वाले थे, फिर बाप आये हैं पावन बनाने, पतित से बुद्धियोग न लगाओ, बाप को याद करो। हम बाप की राय पर वर्सा ले रहे, कैसे पाना वह भी ___ बताते।
° _आदि सनातन देवी-देवताओं_, _प्रवृत्ति_, _युक्ति_

3. एक का गायन है, सर्व का पतित-पावन, सद्गति दाता, दया दृष्टि रखने वाला, ___ लीडर, रहमदिल, ब्लिसफुल। सहज युक्ति बताते एवरहेल्दी-एवरवेल्दी बनने, सिर्फ मुझे ___ करो, सतयुग में तुम सदा सुखी थे। ___ है बापदादा की मत, विश्व का मालिक बनने की युक्ति पतित-पावन बाप ही बताते।
° _सर्वोदया_, _याद_, _श्रीमत_

4. इस योग अग्नि से पापों का ___ जो भरा है खत्म होगा, शिवबाबा की याद दिलानी पड़े, सद्गति दाता एक ही है। प्रदर्शनी में भी दिखाना शिव निराकार है, जरूर ___ पर आयेंगे, वही त्रिकालदर्शी है। कृष्ण प्रिन्स था और भी ___ होंग, इकट्ठे पढ़ते होंगे, वहाँ है ही वाइसलेस दुनिया।
° _घड़ा_, _संगम_, _प्रिन्स-प्रिन्सेज_

5. बाप सर्व को मुक्ति-___ देते, देवताओं के राज्य में और कोई धर्म नहीं, यह राजयोग है प्रवृत्ति मार्ग लिए। मामेकम् याद करो, यह अविनाशी ___ है, विकर्म बताने से आधा माफ, देह से भी सम्बन्ध न रखो फिर गंदा काम नहीं होगा। सबके कयामत का समय, सब आत्मायें ___ होकर जाती, और कोई की ताकत नहीं।
° _जीवनमुक्ति_, _सर्जन_, _पवित्र_

6. सर्वगुण सम्पन्न तुम थे फिर ग्रहण लगा, ___ भी तुमको मिला है, लक्ष्मी-नारायण दी फर्स्ट-सेकेण्ड.. राजाई चलती। अपने धर्म के चित्रों को पूजते, सिर्फ भूल गये हैं, हम ही ___ देवता थे। इस समय तुमको 3 बाप हैं, शिवबाबा, लौकिक और यह ___ बाप प्रजापिता ब्रह्मा, समझने की बात है।
° _ज्ञान_, _पूज्य_, _अलौकिक_

7. यहाँ तुम ___-अभिमानी हो, (शुद्ध अभिमान) हम बच्चे वर्सा लेते, वह बाप-शिक्षक-सतगुरू है। बाप कितनी अच्छी ___ बातें सुनाते, फिर याद करो तो खाद निकलेगी, नाटक पूरा होता तो सबको हाज़िर होना है। धर्म-पितायें भी सलामी भरने आयेगे, सिर्फ मन्मनाभव मन्त्र ले जायेंगे, तुम्हारा है ___ का डबल मन्त्र।
° _आत्म और परमात्म_ , _मीठी-मीठी_, _मनमनाभव और मध्याजी भव_

8. जो ज्ञान सूर्य के सदा सम्मुख रहते, वो उनके ___ की किरणें स्वयं में अनुभव करते। उनकी सूरत पर ___ की झलक और संगम-भविष्य के सर्व ___ की फलक दिखती। इसलिए सदा स्मृति रहे यह अन्तिम घड़ी है, कभी भी तन विनाश हो सकता, इसलिए सदा ___ बुद्धि।
° _सर्व गुणों_, _अन्तर्मुखता_, _स्वमान_, _प्रीत_

9. सदा ___ में उड़ना ही झमेलों के पहाड़ को क्रास करना है।
° _उड़ती कला_

Answers from Sakar Murli 19-05-2021

*Om Shanti*

*Answers from Sakar Murli 19-05-2021*

1. हर एक पुरूषार्थ करते ___ की तकदीर बनाने, शान्ति चाहिए, सुख दो। भगवान ही सुख-कर्ता है, तुम कहते शिवबाबा, वह है ___, हम भी। यहाँ कहते परमपिता, पारलौकिक बाप। अंग्रेजी में गॉड फादर, ___ सोल।
° _सुख और शान्ति_, _निराकार_, _सुप्रीम_

2. तुम बाप पास आये हो वर्सा लेने, सुख-कर्ता बाप ही सुख का ___ बताते, वही कल्याणकारी है। यह एक ही संगम है, बाप आते सबकी ___ जगाने वा सुख देने, हम बाप पास आये हैं जिन्होंने इनमें प्रवेश किया हैं। इनका नाम ब्रह्मा, तुम बी.के., तुमको ___ है हम ब्रह्मा की सन्तान बने हैं बाप से सुख का वर्सा लेने।
° _रास्ता_, _ज्योत_ , _निश्चय_

3. तुमको सुख था जब लक्ष्मी-नारायण का राज्य था, फिर ___ आयेगा, वर्ल्ड की हिस्ट्री-जॉग्राफी रिपीट। फिर स्वर्गवासी बनना है, तुम देवी-देवताओं का बहुत छोटा ___ था, हम सारे विश्व के मालिक थे। नई दुनिया पावन थी, भारत बहुत साहूकार, पवित्र प्रवृत्ति मार्ग था, ___, सर्वगुण सम्पन्न, 16 कला सम्पूर्ण थे।
° _सतयुग_ , _झाड़_, _सम्पूर्ण निर्विकारी_

4. भगवान को यहाँ आना है, आत्मा तमोप्रधान बनी है, इसलिए ___ नहीं सकती अर्थात् बाप पास घर वापिस जा नहीं सकती। इसलिए पुकारते हे पतित-पावन, अब तुमको ___ आत्मा बनना है, तुम सतोप्रधान थे। पावन बनने की ___ बाप ही आकर बताते इन द्वारा।
° _उड़_, _पुण्य_ , _युक्ति_

5. स्वर्ग में तुम 16 कला सम्पूर्ण थे, मैं ___ इस सृष्टि का आदि-मध्य-अन्त जानता। आपेही तरस परोई… तरस किया तब ___ बने, इनको कहते ऊंच ते ऊंच तकदीर, ईश्वर द्वारा। बाप ___ से बैठ बात करते, आत्मा कहती यह मेरा शरीर, मैं एक शरीर छोड़ दूसरा लेती।
° _ज्ञान सागर_, _देवता_ , _आत्माओं_

6. तुम बच्चे जो बाप से वर्सा लेते, वह सतयुग में ___ करेंगे, अभी बाप द्वारा लायक बन रहे। बाप कहते मैं तो परमधाम रहता, आत्मा का निवास स्थान शान्तिधाम फिर तुम सुखधाम आते, भगवान ब्रह्मा तन आकर ___ सिखाते। लिब्रेटर सबका एक, मैं तुम्हारा सच्चा ___ हूँ, तुमको पावन बनाता।
° _राज्य_, _राजयोग_, _गुरू_

7. याद करो तो विकर्म विनाश हो तुम मेरे ___ आयेंगे, अन्तिम जन्म है, अभी वर्सा नहीं लिया फिर कभी नहीं। देही-अभिमानी बनना, हाथों से काम करते याद में रहना, तुम ___ हो माशूक के। तुम आये हो 21 जन्म सदा सुख का वर्सा पाने, और कोई स्वर्ग का मालिक बना न सके, ___ भी मनाते परन्तु भूल गये।
° _पास, आशिक, शिव जयन्ती_

8. प्रीत बुद्धि अर्थात् बुद्धि की लगन एक ___ साथ लगी हुई, अन्य किसी व्यक्ति-वैभव साथ नहीं। वे सदा बापदादा को ___ अनुभव करेंगे, मन्सा में भी श्रीमत विपरीत संकल्प नहीं। उनके मुख-दिल से यही बोल निकलते – तुम्हीं से ___, ऐसे ही विजयी रत्न बनते।
° _प्रीतम, सम्मुख, खाऊं वा बैठूँ वा सर्व संबंध निभाऊं_

9. चाहिए-चाहिए का ___ आना भी रॉयल रूप का मांगना है।
° _संकल्प_

Answers from Sakar Murli 18-05-2021

*Om Shanti*

*Answers from Sakar Murli 18-05-2021*

1. 🎵 ओम् नमो… बाप की महिमा सुनी, गाते ऊंच ते ऊंच ___, वह है सबका बाप शिवबाबा। पारलौकिक-बेहद का बाप-रचयिता एक है जिससे बेहद वर्सा मिलता, 21 जन्म। वह है ___, नाम है परमपिता परमात्मा शिव, परमात्माए नम:। वह रहते परमधाम, वह है सर्व का ___ करने वाला, भारत बर्थ प्लेस है।
° _भगवान_, _निराकार_, _सद्गति_

2. उस ___ बाप को ही ज्ञान सागर, पतित-पावन, लिबरेटर, गाइड सुख-कर्ता कहते। तुम विश्व के मालिक थे जब तुम्हारा ___ धर्म था, धर्म-श्रेष्ठ, कर्म-श्रेष्ठ, पावन। मैं कल्प के संगम पर आता, इनको कहते ___ ज्ञान, सुप्रीम रूह देते।
° _रूहानी_, _आदि सनातन देवी-देवता_, _रूहानी_

3. पहले सतोप्रधान थे, भारत में प्योरिटी थी तो पीस-प्रासपर्टी भी, हेल्थ-वेल्थ दोनों। आज से 5000 वर्ष पहले भारत ___ था, सिर्फ एक आदि सनातन देवी-देवता धर्म। रचयिता एक ही निराकार शिव है, उनसे ही रचना को ___ मिलता। सूर्यवंशी-चन्द्रवंशी पवित्र धर्म स्थापन करता, ___ धर्म है चोटी, रूहानी बाप रूहों को आप समान सुख सागर बनाते।
° _स्वर्ग_, _वर्सा_, _ब्राह्मण_

4. लक्ष्मी-नारायण कितने हेल्दी-वेल्दी थे, कभी बीमार नहीं पड़ते, कालों का काल महाकाल काल पर ___ पहनाते। वह स्वर्गवासी थे, उन्होंने यह ___ कैसे पाई, सतयुग में 16 कला सम्पूर्ण। रूहानी बाप रूहानी बच्चों को समझाते, तुमको ___-अभिमानी बनना है, आत्मा समझना, हम ही 84 जन्म भिन्न पार्ट बजाते, अब चक्र पूरा हुआ।
° _विजय_, _राजधानी_, _आत्म_

5. आत्मा स्टार है, भ्रकुटी बीच चमकता अजब ___, सिवाए दिव्य दृष्टि के देख नहीं सकते, बिल्कुल सूक्ष्म है, एक शरीर छोड़ दूसरा लेती। परमपिता भी ___ है, ज्ञान सागर, पतित-पावन नॉलेजफुल। बीजरूप होने कारण सत्-चित-___ स्वरूप कहते, तुमको स्वर्ग का लायक बनाते।
° _सितारा_, _बिन्दी_, _आनन्द_

6. मैं बच्चों लिए कोई तो ___ लाऊंगा, तुमको स्वर्ग का मालिक बनाता, कल्प पहले वाले ही देवता बनेंगे। वर्सा लेने सतोप्रधान बनना, याद से विकर्म विनाश होंगे, यह नॉलेज बाप ही देते, तुम रूहानी ___ करते। आत्मा अविनाशी है, उसमें ही पार्ट भरा है, फिर सूर्यवंशी बनना है, अभी ___ याद करो।
° _सौगात_, _यात्रा_ , _मामेकम्_

7. जैसे बीज में सारा वृक्ष होता वैसे ___ स्थिति में संगम के सर्व विशेष गुण। मास्टर ___ बनना अर्थात् शान्ति के साथ ज्ञान, अतीन्द्रिय सुख, प्रेम, आनंद, शक्ति सर्व गुख्य गुण अनुभव करना। अन्य आत्मायें भी उनके ___ से सर्वगुण अनुभव करती, एक गुण में सर्वगुण समाये रहते।
° _आवाज से परे की_, _बीजरूप_, _चेहरे_

8. अच्छाई धारण करो लेकिन अच्छाई में ____ नहीं हो जाओ।
° _प्रभावित_

9. 🎵 जिसका साथी भगवान… सिद्ध करता ईश्वर सर्वव्यापी नहीं, सृष्टि में इतना दु:ख क्यों? परमात्मा तो ___ स्वरूप है। वह सिर्फ एक बार ___ पर आता, तब उनको हाज़िर कहते, बाकी उनकी याद रहती। अगर हाज़िर होता तो न ___ की उलझन होती, न उनका साथ लेने की जरूरत।
° _सुख_, _संगम_, _माया_

10. तो जब परमात्मा आता उनका पूरा ___ ले उनका हो जाना है, तब ही माया से छूट पायेंगे। जो प्रैक्टिकल में उनका सहारा लेते, उनको एकस्ट्रा ___ होती। मदद देने में मशहूर है, कहते एक कदम तुम बढ़ो तो दस कदम आगे आयेंगे, वो ___ वर्सा देते।
° _साथ_, _प्राप्ति_ , _सम्पूर्ण_

Answers from Sakar Murli 10-05-2021

*Om Shanti*

*Answers from Sakar Murli 10-05-2021*

1. बच्चे बैठे हैं बेहद बाप के ___ में। बहुत ऊंचा ___ होना चाहिए बेहद बाप के बच्चों को। वा रूहानी बच्चों को, बाप ___ को ही पढ़ाते।
° _स्कूल_, _नशा_, _रूहों_

2. हमारा बेहद का बाप वही है, जिसको ___ कहते। कहते भी हैं शिव ___ नम:। एक ही है, वह है ऊंच ते ऊंच ___, आत्माओं का बाबा।
° _भगवान_, _परमात्मा_, _निराकार_

3. यह भी खूबी है। 3 मास के नये बच्चे भी बहुत ___ हो सकते। कहते, बाबा इस आत्मा की ___ बहुत तीखी है। नये जब सुनते तो बड़े ___ होते, हैं तो सब गॉडली स्टूडेन्ट।
° _तीखे (तीव्र पुरुषार्थी)_, _बुद्धि_, _गद-गद_

4. बाबा टीचर पढ़ाते हैं, जब तक तुम ___ हो जाओ। ___ अवस्था को पा लो तब तक पुरूषार्थ करना है। ___ के हिसाब-किताब से छूटना है।
° _पास_ , _कर्मातीत_, _कर्मो_

5. तुम्हें बड़ी ___ होनी चाहिए, बाबा हमको ऐसी दुनिया में ले जाते। और कोई स्कूल नहीं जो ___ निवासी बाबा आकर हमें पढ़ायें। बाबा ___ सिखा रहे, इससे ही पारा चढ़ना चाहिए।
° _खुशी_, _परमधाम_, _राजयोग_

6. अब बाप के सम्मुख बैठे हो, यह बुद्धि में अच्छी रीति ___ करना है। बाप साथ बड़ा ___ चाहिए, हम आत्मायें उस बाप के बच्चे हैं। मैंने ___ तन लिया है, यह फिक्स है, शिवबाबा ब्रह्मा द्वारा ही पढ़ाते-स्थापना करते।
° _धारण_ , _लव_, _बुजुर्ग_

7. बाप घड़ी-घड़ी बच्चों को ____ करते, तुम सम्मुख हो, मैं तुम्हारा रूहानी बाप हूँ, मुझे जानते हो ना। गाते हैं परमपिता परमात्मा ज्ञान सागर ___, दु:ख हर्ता सुख कर्ता। ___ में मुरली चलती, फिर सब सेन्टर्स पर जाती।
° _सुजाग_, _पतित-पावन_ , _मधुबन_

8. अभी तुम्हारी ज्ञान से वा पढ़ाने वाले से ___ है। यह बाबा तो खुद ही ___ देते, आकर बच्चों को देखते, यह हमारे बच्चे हैं। यह है सहज राजयोग की पढ़ाई, सेकण्ड में ___ अर्थात् स्वर्गवासी बनना।
° _प्रीत_, _सौगात_, _जीवनमुक्ति_

9. बच्चे देही-अभिमानी बनो। तुम ___ आये थे, फिर शरीर ले पार्ट बजाया। बाप ट्रूथ है, वह ___ ही बतायेंगे। तुम सब अभी कांटों से ___ बन रहे, हिस्ट्री-जॉग्राफी रिपीट, कल्प-कल्प हम बनते।
° _अशरीरी_ , _सत्य_, _फूल_

10. लक्ष्मी-नारायण सूर्यवंशी थे, अब बाप आकर ___ राजधानी स्थापन करते संगम पर। यह है सच्चा ___ का मेला, परमात्मा आते पावन बनाने। अभी तीसरा नेत्र मिला, तुम्हारी बुद्धि में है नर्क बाद ___ आयेगा, सतयुग के देवी-देवता होकर गये हैं।
° _सतयुगी_, _कुम्भ वा संगमयुग_, _स्वर्ग_

11. अभी तुमको सच्चा ___ बनना है, गोल्डन एज में थे। यह है ___ नॉलेज, अमरकथा, जिससे अमरलोक का मालिक बनते।तुमको ___ जैसा अनमोल जन्म मिला फिर कौड़ियों पिछाड़ी क्यों गँवाते, सफल करो!
° _सोना_, _स्प्रीचुअल_ , _हीरे_

12. यह रूहानी कॉलेज खोलने से मनुष्य ___ बन जाते। कम्बाइन्ड – हॉस्पिटल और युनिवर्सिटी। बरोबर योग से ___ बड़ी मिलती। फिर ___ का खजाना भी मिलता।
° _एवरहेल्दी-वेल्दी-हैपी, आयु, कारून_

13. बाबा राइट कहते, सतयुग है ही वाइसलेस वर्ल्ड, राइटियस दुनिया, सच्चा ___। बाबा ज्ञान-___ पर बिठाए स्वर्ग का मालिक बनाते। बाप को ___ करना चाहिए, इससे ही मालिक बनेंगे।
° _संसार_, _चिता_, _याद_

14. यदि बुद्धि का संबंध सदा एक बाप से लगा रहे, तो सर्व ___ का वर्सा अधिकार रूप में प्राप्त होता। यह ___- पन की स्मृति ही सर्व शक्तियों के प्राप्ति का अनुभव कराती। तो नशा रहे सर्व शक्तियां हमारा ___ अधिकार हैं, तो अधीनता समाप्त होंगी।
° _शक्तियों_, _अधिकारी_, _जन्म-सिद्ध_

15. स्वयं के साथ-साथ प्रकृति को भी पावन बनाना है तो सम्पूर्ण ___ बनो।
° _लगाव मुक्त_

Answers from Sakar Murli 08-05-2021

*Om Shanti*

*Answers from Sakar Murli 08-05-2021*

1. अपने से पूछो ___-अभिमानी हो बैठे हैं? बाप को याद करते हैं? क्योंकि यह है तुम्हारी रूहानी ___। हर एक को ___ पर जीत पहन बाप से बेहद वर्सा पाना है।
° _आत्म_, _सेना_, _माया_

2. ___ ही जास्ती धोखा देती, सदैव समझो हम ब्रह्माकुमार-कुमारियाँ भाई-बहिन हैं, डायरी में कुदृष्टि नोट करना। मेहनत करनी है, विश्व का ___ भाग्य लेने। तुमको अविनाशी वर्सा मिलता, सब कुछ ___ हो जाती।
° _ऑखे_ , _राज्य_ , _प्राप्ति_

3. अभी तुम्हारा यह है ___ संगमयुग, मनुष्य से देवता किये… तुम ब्राह्मण बने हो। बहुत स्वर्ग देख न सकें, बाप कहते तुम्हारा धर्म बहुत __ देने वाला है। क्रिश्चियन भी कहते हेविन था, लक्ष्मी-नारायण को ___ कहते, गॉड ही ऐसा बनायेंगे।
° _पुरूषोत्तम_, _सुख_, _गॉड-गॉडेज_

4. (मुख) छिपाकर खाना भी ___ है, सो भी शिवबाबा के यज्ञ की। कर्मेन्द्रियों की सम्भाल करना, ऊंच पद पाना है तो बाप के ___ पर पूरा चलना। पोतामेल रखो, इससे तुम्हारी ____ बहुत होगी
° _चोरी_, _डायरेक्शन_, _उन्नति_

5. तुम बच्चे बहुत ___ पद पाने भगवान से पढ़ते। तुमने अपकार किया, मैं ___ करता हूँ। पोतामेल देखो, विकर्म तो नहीं किया? धोखा तो नहीं दिया? अब ___-जीत बनना है।
° _ऊंच_, _उपकार_, _विकर्मा_

6. तुम त्रिनेत्री हो। ___ बने हो तब त्रिकालदर्शी बने। सारे ड्रामा का राज़ बुद्धि में है, सर्व की ___ करने वाला एक ही बाप है। तुम हो शिव शक्ति पाण्डव सेना, सब ___ हो, शान्तिधाम-सुखधाम का रास्ता बताते गाइड्स।
° _आस्तिक_, _सद्गति_,
_पण्डे_

7. याद से विकर्म विनाश होंगे, ___ करते रहो, बाबा से हम पूरा वर्सा लेंगे। कर्मेन्द्रियाँ जब वश हो तब ___ अवस्था हो। यह रथ भी बाबा से वर्सा लेता, जैसे तुम पुरूषार्थ करते यह भी करता, ___ लाइफ में है।
° _बाबा-बाबा_, _कर्मातीत_, _स्टूडेन्ट_

8. तुम ___ देवता बनने लिए पढ़ते, निश्चय चाहिए। यह ___ स्थापन हो रही, राजाओं को कितनी दासियाँ होती। कितनी भारी ___ है, बाबा मीठे बच्चों को बार-बार समझाते।
° _पूज्य_, _राजाई वा राजधानी_, _कमाई_

9. हर एक को यह __ देना जो कोई न कहे हमको क्या पता शिवबाबा आया है। शिवबाबा कहने से ही कई बच्चों को ___ के ऑसू आते, कब जाकर मिलेंगे! मौका मिलता तो पुरूषार्थ में ___ करो।
° _पैगाम_, _प्रेम_, _मेकप_

10. अपना कल्याण करो, बाप की ___ पर चलो। तुमको बाप पुरूषों में ___ बनाते, यह है एम आब्जेक्ट। बाबा सर्विस लिए कितनी ___ बताते, सन्देश सबको देना है, सभी भाषाओं में पर्चे, एरोप्लेन से गिराना, अखबार में डालना।
° _श्रीमत_, _उत्तम_, _युक्तियाँ_,

11. देही-अभिमानी बनने से बाप के सर्व ___ का अनुभव होता, यही संगमयुग का सर्वश्रेष्ठ भाग्य है। विधाता की इस विधि अपनाने से वृद्धि होगी, सर्व ___ भी प्राप्त होंगी। बाप के स्नेह में देह-अभिमान के एक त्याग से सर्व ___ प्राप्त हो जायेंगे।
° _संबंध वा शक्तियों_ , _सिद्धियां_, _भाग्य_

12. क्रोध मुक्त बनना है तो स्वार्थ के बजाए निस्वार्थ बनो, ___ के रूप का परिवर्तन करो
° _इच्छाओं_.

Answers from Sakar Murli 07-05-2021

*Om Shanti*

*Answers from Sakar Murli 07-05-2021*

1. तुम भगवान के बच्चे हो। भगवान ___ है, भक्तों का, तुम भी। समझते भोलानाथ शिवबाबा ही ___ को बनाने वाला है। तुमको दिव्य ___ मिली है, तुम्हारा नाम है ब्रह्माकुमार-कुमारियाँ।
° _रक्षक_ , _बिगड़ी_, _दृष्टि (ज्ञान)_

2. प्रजापिता ब्रह्मा को ही इतने ढेर बच्चे हो सकते हैं, यह ___ पिता है। ब्रह्मा-विष्णु-शंकर को रचने वाला बाप ही है, जो ___ है।सब मनुष्य शिववंशी हैं, अभी तुम प्रजापिता ब्रह्मा की सन्तान बने हो, यह है ___ रचना।
° _बेहद का_ , _निराकार_ , _नई_

3. इतने बेहद बच्चे हैं जरूर बेहद का __ लेते होंगे, हमको शिवबाबा ने एडाप्ट किया है। हम आदि सनातन देवी देवता धर्म के थे, यह देश बहुत पवित्र __ था। शिवबाबा हमको फिर से __ सिखाए पवित्र बनाते।
° _वर्सा_, _स्वर्ग_, _राजयोग_

4. पावन दुनिया सतयुग को, पतित दुनिया कलियुग को कहते। बाप तुम्हें सब __ बताते, रोशनी। इस समय बाप समझाते, तुम सतयुग में ___ घराने के थे। अब ब्राह्मण वंशी हो, तुम हो ___ ब्राह्मण कुल के, ऊंच ते ऊंच, ईश्वरीय कुल।
° _राइट_ , _सूर्यवंशी_ , _सर्वोत्तम_

5. तुम आये हो __ बाप के पास। अपने को अविनाशी आत्मा समझो, तुम ही सुनकर ___ करते, संस्कार आत्मा में हैं। वहां काया कल्प वृक्ष समान बनती, शरीर छोड़ने समय भी ___ बजते, जन्म समय भी।
° _पारलौकिक_ , _धारण_, _बाजे_

6. जो काम ___ करती, वही तुम करते। जब तक __ ब्रह्मा की मुख वंशावली नहीं बने, तब तक वर्सा नहीं। बाबा पूज्य बना रहे, तुमको ___ रहनी चाहिए, परमात्मा ने हमको एडाप्ट किया, बेहद सुख का वर्सा देने।
° _भ्रमरी_, _ब्राह्मण_, _खुशी_

7. ज्ञान सागर, पतित-पावन एक बाप है, अंग्रेजी में कहते ___।शिवबाबा कहते – मैं ___ का रहने वाला आया देश पराये। मुझे आना भी उस तन में, जो पहले नम्बर पावन ___ था वही श्याम बना है, कितनी वन्डरफुल बातें हैं।
° _लिब्रेटर_, _दूरदेश_, _सुन्दर_

8. बाप कहते यह अन्तिम जन्म मेरे कारण ___ बनो तो पवित्र दुनिया के मालिक बनेंगे। अल्फ को ___ करो – तो बे बादशाही तुम्हारी, सहज राजयोग, सतोप्रधान बनना है। बच्चा पैदा हुआ और ___ निश्चय किया, बाप के बने, राजधानी का वर्सा तुम्हारा।
° _पवित्र_ , _याद_, _वारिस_

9. सपूत बच्चे वह जो मात-पिता को फालो कर ___-नशीन बनें।दिल सच्ची तो ___ पर चलते, याद करते। यहाँ तुमको वर्सा मिलता, ज्ञान ___ बाप से मिलते। जगत अम्बा ब्राह्मणी थी, ज्ञान-ज्ञानेश्वरी फिर ___ बनती, तुम भी।
° _तख्त_, _श्रीमत_ , _रत्न_, _राज-राजेश्वरी_

10. जैसे बाप अपकारियों पर उपकार करते ऐसे ___ बनो।असहयोगी को सहयोगी बना दो, कमजोर को ___ दे बलवान बनाओ। तो सर्विस के प्लैन्स रूपी जेवरों पर ___ चमक जायेंगे अर्थात् सहज प्रत्यक्षता।
° _बाप समान_ , _बल_ , _हीरे_

11. ___ का कारण है स्वार्थ वा ईर्ष्या – यही चिड़चिड़ेपन की जड़ है, पहले इसे ही समाप्त करो।
° _क्रोध_

Answers from Sakar Murli 06-05-2021

*Om Shanti*

*Answers from Sakar Murli 06-05-2021*

1. मनमनाभव अर्थात् बेहद के बाप को ___ करो। ओम् अर्थात् मैं ___, यह मेरा शरीर। परमपिता परमात्मा भी कहते मैं भी आत्मा हूँ, ___ में रहने वाला। तुम आत्मा जन्म-मरण में आती, मैं नहीं।
° _याद_, _आत्मा_, _परमधाम_

2. हाँ, मैं साकार में आता जरूर, परमपिता परमात्मा बिगर सृष्टि के आदि-मध्य-अन्त का ___ कोई बता न सकें, कोई ___-योग सिखा न सके। पतितों को ___ बना नहीं सकते।
° _राज़ वा सार_ _राज_, _पावन_

3. (देवताओं के पुजारी, गीता पढ़ने वालों से) पूछो – परमपिता परमात्मा शिव से आपका क्या ___ है? श्रीकृष्ण दैवीगुण वाले हैं, उनकी दैवी राजधानी में सब ___ वाले थे। (शिव के पुजारी से) शिव आता तब तो उनकी ___ मनाते।
° _सम्बन्ध_ , _दैवीगुण_, _जयन्ती_

4. जबकि सर्व का सद्गति दाता बाप एक है, वह ज्ञान का सागर होने कारण सबका ___ है। मुझे ___ बीजरूप कहते, सृष्टि की पुरी हिस्ट्री-जॉग्राफी वही जानते। आलमाइटी ___ कहते, सभी वेद-शास्त्र-ग्रंथ जानते।
° _शिक्षक_, _चैतन्य_, _अथॉरिटी_

5. सतयुग में सिर्फ भारत था, ___ था। भारत ऊंच ते ऊंच गाते, परमपिता परमात्मा शिव का ___ है। पुकारते पतित-पावन आओ, सतयुग में हम पावन ___ एजेड थे, 21 जन्म रामराज्य में।
° _स्वर्ग_ , _बर्थ प्लेस_ , _गोल्डन_

6. ऊंच ते ऊंच शिव है सबका ___, पहले उनकी पूजा होती, उनसे बेहद ___ मिलता। भारतवासी भूल गये, भगवान एक ___ को कहते। बाप ब्रह्मा तन से ब्रह्मा मुख वंशावली ब्राह्मण ___ को समझाते।
° _पूज्य_, _वर्सा_, _निराकार_, _चोटी_

7. एक बाप से सच्ची ___ रख सच्चा पाण्डव बनना। शिवबाबा कहते पवित्र बनेंगे तो नई दुनिया का ___ बनेंगे। याद बिगर पावन नहीं बनें तो ___ पद नहीं पायेंगे।
° _प्रीत_, _मालिक_, _ऊंच_

8. सारे विश्व में ___ स्थापन करने का कर्तव्य एक बाप का है। सतयुग में बिल्कुल पवित्रता, ___, शान्ति थी। पारलौकिक बाप को याद करने से ही विकर्म ___ होंगे, बेहद वर्सा ले रहे।
° _शान्ति_, _सुख_, _विनाश_

9. तुमको ___ होती बाबा हमको स्वर्गवासी बनाते। जैसे रेडियो बीच गड़बड़ करते, यह योग में ___ विघ्न डालती, उसपर जीत प्राप्त करना है।
° _खुशी_, _माया_

10. जो बच्चे मनमनाभव की स्थिति में रहते वह औरों के मन के ___ जान सकते। समझने से उनकी जो ___ है, वह पूरी करेंगे। इससे वे अविनाशी पुरूषार्थी बनेंगे, आप ___ स्वरूप बनेंगे।
° _भाव_, _चाहना वा प्राप्ति की इच्छा_, _सफलता_

11. सोते समय सब कुछ बाप हवाले कर ____ हो जाओ तो व्यर्थ वा विकारी स्वप्न नहीं आयेंगे।
° _खाली_

Answers from Sakar Murli 05-05-2021

*Om Shanti*

*Answers from Sakar Murli 05-05-2021*

1. अब कितने ___-दार बने हैं, सबको सुख-शान्ति देने वाला एक बाप। वह याद करते हे सुख कर्ता सद्गति दाता, तुम सुख-शान्ति-सम्पत्ति का ___ ले रहे। तुम रोशनी में हो, ड्रामा अन्दर ___ और पुरानी दुनिया, सुख-दु:ख का खेल बना हुआ है।
° _समझ_, _वर्सा_, _नई_

2. तुम पुरुषार्थ कर रहे, अपनी राजधानी में ऊंच ___ पायें, यह बेहद स्कूल है। वह हमारा ___ बाप है, जिसकी अपरमअपार महिमा है। वह ऊंच ते ऊंच बाप श्रीमत देते, सबको ___ देना है।
° _पद, मोस्ट बिलवेड_, _सुख_

3. इस ड्रामा में भारतवासियों का ही आलराउन्ड ___ है। सूक्ष्मवतन, स्थूलवतन सब तुम जान गये हो, तुमको सच्चा ___ है। परमपिता परमात्मा हमको इन द्वारा पढ़ा रहे, अभी हम कांटों से फूल, मनुष्य से ___ बनते।
° _पार्ट_, _ज्ञान_, _देवता_

4. बेहद का बाप अर्थात् सब सीताओं का एक राम ___ है, सद्गति दाता। तुम सभी सीतायें हो। बाप है ब्राइडग्रूम। एक साजन की सब ___, भक्तियाँ हैं। सब मनुष्य मात्र भक्तों का ___ भगवान को कहते।
° _निराकार_, _सजनियाँ_, _रक्षक_

5. तुम सब ब्रह्मा मुख वंशावली ___ जानते, हमको शिवबाबा पढ़ा रहे। शिवबाबा है स्वर्ग का ___, स्वर्ग कहो वा दैवी राजधानी। लक्ष्मी-नारायण स्वर्ग के ___ हैं।
° _ब्राह्मण_, _रचयिता_, _मालिक_

6. हम फिर से __-योग सिखाने आये हैं। भारतवासी स्वर्गवासी थे, ___ मिसल। शिवबाबा को विकारों का दान दे वापस नहीं लेना, देह-अभिमान के भूत से सब भूत आते इसलिए ___ बनने का अभ्यास करना।
° _राज_, _हीरे_, _आत्म-अभिमानी_

7. तुम ईश्वर के घर बैठे हो, परमपिता अपना ___ छोड़ यहाँ साधारण तन में बैठा है। यहाँ ___ पर बाबा खुद आया है, पावन बनाने। निराकार बाबा को आत्मायें ओ गॉड फादर कह ___-ती।
° _परमधाम_, _संगम_, _पुकार_

8. देवताओं को कहते सर्वगुण सम्पन्न, 16 कला ___। फायरफ्लाई कितना छोटा आंखों से देखा जाता, आत्मा उससे भी छोटी ___ है। सब बी. के. शिवबाबा से वर्सा ले रहे, एम आब्जेक्ट है। ___ का चित्र पॉकेट में चाहिए, शिवबाबा द्वारा हम यह बन रहे।
° _सम्पूर्ण_, _बिन्दी_, _त्रिमूर्ति_

9. शिव के पास जाते कहते भर दो ___। सतयुग में विष्णु के दो रूप लक्ष्मी-नारायण द्वारा ___ होती। राधे-कृष्ण ही ___ बाद लक्ष्मी-नारायण बने इसलिए प्रिन्सेज़ राधे, प्रिन्स कृष्ण कहते।
° _झोली_, _पालना_, _स्वयंवर_

10. जैसे साकार में स्वयं की ___ में रहने से जो कर्म किया वह ब्राह्मण परिवार का संयम बना। स्वयं के स्वरूप की स्मृति रहने से ____ रहता, कोई कर्म उल्टा हो नहीं सकता। जब स्वयं की ___ में स्थित रहो तो जो संकल्प-बोल-कर्म करेंगे, वही संयम (नियम) बनेगा।
° _स्मृति_, _नशा_, _स्थिति_

11. पवित्रता का पिल्लर मजबूत करो तो यह पिल्लर ____ का काम करता रहेगा।
° _लाइट हाउस_L

Answers from Sakar Murli 04-05-2021

*Om Shanti*

*Answers from Sakar Murli 04-05-2021*

1. जीव आत्माओं ने कहा हम ___ की तकदीर बनाकर रूहानी बाप पास बैठे हैं। अब बच्चों को ___-अभिमानी बनना है, मुझ आत्मा ने 84 जन्म लिए। आत्मा कहती मेरा शरीर तो आत्मा ___, शरीर फीमेल हुआ।
° _नई दुनिया यानी स्वर्ग_, _रूहानी वा आत्म, मेल_

2. बाप बड़ी ___ बुद्धि बनाते।___ अच्छे-बुरे आत्मा में रहते, उस अनुसार शरीर मिलता। अब पारलौकिक बाप को याद करना है, हम ___ को बाप पढ़ाते। यह है रूहानी ज्ञान, जो ___ बाप देते।
° _विशाल वा महीन_, _संस्कार_, _आत्माओं_, _रूहानी_

3. ऊंच ते ऊंच बाप ___-वतन में, फिर ___-वतन में देवतायें। वर्ल्ड की हिस्ट्री-जॉग्राफी तो मनुष्य सृष्टि में होती, सतयुग है ___-धाम।
° _मूल_, _सूक्ष्म_, _सुख_

4. हम आत्मा हैं ___ में रहने वाली। यह आरगन्स से चाहे कर्म करें, चाहे न करें। हम आत्मा हैं, स्वधर्म ___, कर्मयोगी हैं। कर्म-संन्यास शान्तिधाम में है, कर्मेन्द्रियाँ ही नहीं, यहां तो ___ कहते, सबको आना पड़ता।
° _शान्तिधाम_, _शान्त_, _कर्मक्षेत्र_.

5. (नटशेल) अपने को आत्मा निश्चय कर बाप को याद करो तो विकर्म विनाश हो, इसको भारत का ___ योग कहते। देही-अभिमानी बनो, यह है ___ याद की यात्रा। योग की ____ पहले चाहिए, बाद में ज्ञान।
° _प्राचीन_, _रूहानी_ , _शिक्षा_

6. यहां पावन __-चारी एक भी नहीं। आत्मा लिए ही कहते __ आत्मा, पाप आत्मा। मैं आत्मा इस ___ द्वारा फलाना धन्धा करता, पहले यह निश्चय कर बाप को याद करो।
° _श्रेष्ठा_, _पुण्य_, _शरीर_

7. यह ___ नॉलेज सिवाए बाप के कोई दे न सके। देही-अभिमानी जो हैं वह ज्ञान को अच्छी रीति ___ करते। ___ बनकर याद की यात्रा करनी है।
° _रूहानी_, _धारण_, _जिन्न_

8. यही याद रहे हम आत्मा बाप के बच्चे हैं, बस इस ___ में रहना। माया कितने भी विघ्न डाले, मुख में __ डाल देना है। हमेशा समझो हमारे 84 जन्म पूरे हुए, अब हम जाते हैं ___ से मिलने।
° _खुशी_, _मुलहरा_, _बाबा_

9. पहले-पहले यह ___ सिखाना, अपने को आत्मा निश्चय कर बाप को याद करो तो सतोप्रधान बनेंगे। ___ वह जो 21 पीढ़ी का उद्धार करे, सद्गति का वर्सा। बाप आकर तुमको मनुष्य से ___ बनाते, पवित्र होने बिगर वापिस जा कैसे सकते।
° _सबक (पाठ) वा लेसन, _ब्रह्माकुमारी_, _देवता_

10. जैसे ईश्वर की महिमा अपरमअपार, वैसे ___ की भी है, बाप ही विश्व का मालिक बनाते। उसको अटल ___ कहते। मातायें व्रत-नेम रखती ___ पुरी जाने, यहां ही कहते स्वर्गवासी हुआ। भारतवासी हेविन को मानते, समझते भारत ___ था।
° _भारत_, _सुख वा शान्ति वा पवित्रता_, _बैकुण्ठ_, _पैराडाइज़_

11. मैं कल्प-कल्प आता स्वर्ग-नर्क के ___ पर, खेल बना हुआ, फिर रिपीट होगा, याद से राज्य पाते। यह चित्र बाप ने दिव्य दृष्टि से ___ कराया है। भट्ठी में बाबा बहलाते थे, अपनी तात-बात… समझते थे यह ____-प्रस्त हैं।
° _संगम_, _साक्षात्कार_, _खुदा_

12. तुम जानते वर्सा एक शिवबाबा से मिलता, वह है ____। तुम हो ___, नन बट वन।बाप कहते इनके बहुत जन्मों के अन्त के जन्म में ____ करता।
° _बिन्दी_, _नन्स_, _प्रवेश_

13. अलौकिक युग में ___ को खिलौना समझ खेलो, डरो-घबराओ नहीं। सर्व संकल्प सहित स्वयं को बापदादा पर ___ करो तो माया वार नहीं कर सकती। रोज़ अमृतवेले साक्षी बन स्वयं का सर्व शक्तियों से ___ तो अचल-अडोल रहेंगे।
° _माया के विघ्न वा परिस्थितियों_, _बलिहार_, _श्रृंगारो_.

14. कोई भी संसार समाचार सुनना, सुनाना – यह भी स्वयं में ___ जमा करना है।
° _किचड़ा_