*Om Shanti*
*Answers from Sakar Murli 08-05-2021*
1. अपने से पूछो ___-अभिमानी हो बैठे हैं? बाप को याद करते हैं? क्योंकि यह है तुम्हारी रूहानी ___। हर एक को ___ पर जीत पहन बाप से बेहद वर्सा पाना है।
° _आत्म_, _सेना_, _माया_
2. ___ ही जास्ती धोखा देती, सदैव समझो हम ब्रह्माकुमार-कुमारियाँ भाई-बहिन हैं, डायरी में कुदृष्टि नोट करना। मेहनत करनी है, विश्व का ___ भाग्य लेने। तुमको अविनाशी वर्सा मिलता, सब कुछ ___ हो जाती।
° _ऑखे_ , _राज्य_ , _प्राप्ति_
3. अभी तुम्हारा यह है ___ संगमयुग, मनुष्य से देवता किये… तुम ब्राह्मण बने हो। बहुत स्वर्ग देख न सकें, बाप कहते तुम्हारा धर्म बहुत __ देने वाला है। क्रिश्चियन भी कहते हेविन था, लक्ष्मी-नारायण को ___ कहते, गॉड ही ऐसा बनायेंगे।
° _पुरूषोत्तम_, _सुख_, _गॉड-गॉडेज_
4. (मुख) छिपाकर खाना भी ___ है, सो भी शिवबाबा के यज्ञ की। कर्मेन्द्रियों की सम्भाल करना, ऊंच पद पाना है तो बाप के ___ पर पूरा चलना। पोतामेल रखो, इससे तुम्हारी ____ बहुत होगी
° _चोरी_, _डायरेक्शन_, _उन्नति_
5. तुम बच्चे बहुत ___ पद पाने भगवान से पढ़ते। तुमने अपकार किया, मैं ___ करता हूँ। पोतामेल देखो, विकर्म तो नहीं किया? धोखा तो नहीं दिया? अब ___-जीत बनना है।
° _ऊंच_, _उपकार_, _विकर्मा_
6. तुम त्रिनेत्री हो। ___ बने हो तब त्रिकालदर्शी बने। सारे ड्रामा का राज़ बुद्धि में है, सर्व की ___ करने वाला एक ही बाप है। तुम हो शिव शक्ति पाण्डव सेना, सब ___ हो, शान्तिधाम-सुखधाम का रास्ता बताते गाइड्स।
° _आस्तिक_, _सद्गति_,
_पण्डे_
7. याद से विकर्म विनाश होंगे, ___ करते रहो, बाबा से हम पूरा वर्सा लेंगे। कर्मेन्द्रियाँ जब वश हो तब ___ अवस्था हो। यह रथ भी बाबा से वर्सा लेता, जैसे तुम पुरूषार्थ करते यह भी करता, ___ लाइफ में है।
° _बाबा-बाबा_, _कर्मातीत_, _स्टूडेन्ट_
8. तुम ___ देवता बनने लिए पढ़ते, निश्चय चाहिए। यह ___ स्थापन हो रही, राजाओं को कितनी दासियाँ होती। कितनी भारी ___ है, बाबा मीठे बच्चों को बार-बार समझाते।
° _पूज्य_, _राजाई वा राजधानी_, _कमाई_
9. हर एक को यह __ देना जो कोई न कहे हमको क्या पता शिवबाबा आया है। शिवबाबा कहने से ही कई बच्चों को ___ के ऑसू आते, कब जाकर मिलेंगे! मौका मिलता तो पुरूषार्थ में ___ करो।
° _पैगाम_, _प्रेम_, _मेकप_
10. अपना कल्याण करो, बाप की ___ पर चलो। तुमको बाप पुरूषों में ___ बनाते, यह है एम आब्जेक्ट। बाबा सर्विस लिए कितनी ___ बताते, सन्देश सबको देना है, सभी भाषाओं में पर्चे, एरोप्लेन से गिराना, अखबार में डालना।
° _श्रीमत_, _उत्तम_, _युक्तियाँ_,
11. देही-अभिमानी बनने से बाप के सर्व ___ का अनुभव होता, यही संगमयुग का सर्वश्रेष्ठ भाग्य है। विधाता की इस विधि अपनाने से वृद्धि होगी, सर्व ___ भी प्राप्त होंगी। बाप के स्नेह में देह-अभिमान के एक त्याग से सर्व ___ प्राप्त हो जायेंगे।
° _संबंध वा शक्तियों_ , _सिद्धियां_, _भाग्य_
12. क्रोध मुक्त बनना है तो स्वार्थ के बजाए निस्वार्थ बनो, ___ के रूप का परिवर्तन करो
° _इच्छाओं_.
