Answers from Sakar Murli 19-11-2020

*Om Shanti*

*Answers from Sakar Murli 19-11-2020*

1. ____ को याद करो तो दुख व परेशानी की बातें भूल जायेंगी।
° _प्राप्तियों_

2. *सेन्स* और *इसेन्स* अर्थात् क्या?
° सेन्स अर्थात् ज्ञान की पाइंटस, *समझ* ।
° इसेन्स अर्थात् *सर्व शक्ति स्वरूप* स्मृति और समर्थ स्वरूप।

3. इन दोनों का ____ हो तो अपनापन वा पुरानापन स्वाहा हो जायेगा। हर सेकण्ड, हर संकल्प, हर बोल और हर कर्म विश्व परिवर्तन की सेवा प्रति ____ होने से विश्व परिवर्तक स्वत:बन जायेंगे। जो अपनी ____ की स्मृति सहित स्वाहा हो जाते हैं उनके श्रेष्ठ ____ द्वारा वायुमण्डल का परिवर्तन सहज होता है।
° _बैलेन्स_, _स्वाहा_, _देह_, _वायब्रेशन_

4. *कौन-सी स्मृति* रहे तो कभी भी मुरझाइस वा दु:ख की लहर नहीं आ सकती है?
° अभी हम इस पुरानी दुनिया, पुराने शरीर को छोड़ *घर में जायेंगे फिर नई दुनिया में* पुनर्जन्म लेंगे। हम अभी *राजयोग सीख रहे* हैं – राजाई में जाने के लिए। बाप हम बच्चों के लिए *रूहानी राजस्थान स्थापन कर रहे* हैं, यही स्मृति रहे तो दु:ख की लहर नहीं आ सकती।

5. बाप कहते तुमको पढ़ाते हैं विश्व का _____ बनाने, जैसे लक्ष्मी-नारायण। नॉलेज में भी होशियारी चाहिए। पवित्रता भी जरूरी है तो हेल्थ-वेल्थ भी चाहिए। ____ में सब हैं ना। बाप ____ ऑब्जेक्ट समझाते हैं, दुनिया में और कोई की बुद्धि में नहीं। तुम फट से कहेंगे हम यह बनते हैं। सारे विश्व में हमारी ____ होगी। अभी बाप कहते हैं मैं तुमको राजाओं का राजा ____ सिरताज बनाता हूँ, 21 जन्मों लिए। पहली मुख्य बात है ____ बनने की। बुलाते भी हैं कि आकर पतित से पावन बनाओ।
° _मालिक_, _स्वर्ग_, _एम_, _राजधानी_, _डबल_, _पावन_

6. अब बाप हमको ____ -दार बनाते हैं। यह तो ____ को समझदार बनाना है। पढ़ती भी आत्मा है ____ द्वारा। मूल बात ही है ____ -अभिमानी बनने की, न कि रचना को जानने की। पहले-पहले तो देही-अभिमानी बनो तब तुम ____ कर सकते हो और बाप को ____ कर सकते हो।
° _समझ_, _आत्मा_, _शरीर_, _देही_, _धारणा_, _याद_

7. ऐसे बहुत मनुष्य हैं जो समझते हैं आत्मा ____ है, जीव _____ है। आत्मा देह से निकल जाती है तो दो चीज़ हुई ना। बाप समझाते हैं तुम आत्मा हो। आत्मा ही ____ लेती है। आत्मा ही शरीर लेकर ____ बजाती है। बाबा बार-बार समझाते हैं अपने को आत्मा समझो, इसमें बड़ी _____ चाहिए। जैसे स्टूडेण्ट पढ़ने के लिए ____ में, बगीचे आदि में जाकर पढ़ते हैं।
° _अलग_, _अलग_, _पुर्नजन्म_, _पार्ट_, _मेहनत_, _एकान्त_

8. यह सारी दुनिया बड़े ते बड़ी हॉस्पिटल है, जिसमें सब मनुष्य पतित रोगी हैं। बाप आकर इस सारे विश्व को निरोगी बनाते हैं। *ऐसे नहीं कि यहाँ ही निरोगी बनेंगे* । _(सही / गलत)_
° सही, बाप कहते हैं – निरोगी होते ही हैं *नई दुनिया में*। (पुरानी दुनिया में निरोगी हो न सकें। यह *लक्ष्मी-नारायण* निरोगी, *एवरहेल्दी* हैं। वहाँ आयु भी बड़ी होती है, रोगी विशश होते हैं। वाइसलेस रोगी नहीं होते। वह है ही *सम्पूर्ण निर्विकारी*।)

9. निरोगी बनते हो ____ की यात्रा से, फिर तुम चले जायेंगे अपने स्वीट होम। आत्मा की ____ है, बाप परमात्मा के पास जाने की। यह है ____ यात्रा। बाप समझाते हैं सच्चा-सच्चा योग तो मैं ही कल्प-कल्प आकर सिखलाता हूँ, एक ही बार। मुख्य बात है अपने को आत्मा समझ बाप को याद करो, इसको ही ____ योग कहा जाता है। समझाये वह जो खुद भी _____ यात्रा पर हो। खुद होगा नहीं, दूसरे को बतायेंगे तो तीर नहीं लगेगा। ____ का जौहर चाहिए।
° _याद_, _यात्रा_, _स्प्रीचुअल_, _रूहानी_, _रूहानी_, _सच्चाई_

10. हम बाबा को इतना ____ करते हैं। यह है पतियों का ____ , बापों का ____ , गुरूओं का ____ ।
° _याद_, _पति_, _बाप_, _गुरू_

11. माया का आपोजीशन बहुत है इसलिए ___ कम हो जाती है। ____ -पावन खुद कहते हैं मुझे याद करो तो तुम्हारे जन्म-जन्मान्तर के ___ भस्म हो जायेंगे। तुम ____ -दर्शन चक्रधारी बनते हो।
° _खुशी_, _पतित_, _पाप_, _स्व_

12. एक बाप को ही *सत्य* कहा जाता है। यह भी भारतवासियों को पता नहीं कि बाप ही सत्य कैसे है। कैसे है? _(आज की मुरली अनुसार)_
° वही *सचखण्ड की स्थापना* करते हैं। (सच खण्ड पूरा सतयुग को कहेंगे। फिर झूठ खण्ड पूरा कलियुग का अन्त। अभी तुम *संगम* पर बैठे हो। तुम *ट्रेवल* (यात्रा) कर रहे हो। आत्मा ट्रेवल कर रही है, शरीर नहीं। बाप आ करके यात्रा करना सिखलाते हैं। यहाँ से वहाँ जाना है।)

13. तुम बच्चे सिर्फ भारत की ही नहीं, सारे विश्व की सर्विस करते हो। मूल बात है कि ___ को कोई नहीं जानते। अब बाप कहते हैं मेरे साथ ____ रखो। मेरे साथ प्यार रखते-रखते तुमको मेरे ____ ही वापिस चलना है। जब तक वापिस चलो तब तक इस छी-छी दुनिया में रहना पड़ता है। कहा भी जाता है-हे ____ फादर। वह आकर तुम बच्चों को आपसमान आत्म-अभिमानी बनाते हैं, इसलिए वह ____ है।
° _बाप_, _प्यार_, _साथ_, _गॉड_, _सुप्रीम_

14. (धारणा) बेहद के बाप का पूरा-पूरा ____ रखना है अर्थात् बाप के ____ पर चलना है। बाप का पहला फरमान है – बच्चे अच्छी रीति पढ़कर ____ हो जाओ। इस फरमान को पालन करना है।
° _रिगार्ड_, _फरमान_, _पास_

15. बाप कहते हैं नॉलेज तो बहुत सहज है। यह है ____ बनने की नॉलेज, _____ में जाने की नॉलेज, जो बाप ही दे सकते हैं। तुम कह सकते हो हमारा उद्देश्य है मनुष्य को ____ -स्तिक बनाना, ____ का बनाना। अभी सब निधन के हैं। हम धणका बनते हैं। सुख, शान्ति, सम्पत्ति का ____ देने वाला बाप ही है। इन लक्ष्मी-नारायण की कितनी बड़ी ____ थी। समझानी हर एक की अपनी-अपनी है, जो जैसी धारण करते हैं ऐसे समझाते हैं।
° _पवित्र_, _मुक्ति-जीवनमुक्ति_, _आ_, _धणी_,
_वर्सा_, _आयु_

16. क्राइस्ट भी ____ को ही याद करते थे। क्राइस्ट की आत्मा गॉड फादर पास गई, यह कहना भी रांग हो जाता। वापिस कोई कैसे जायेंगे? हर एक को स्थापना फिर ____ जरूर करनी होती है। क्रिश्चियन लोग हेविन का अर्थ नहीं समझते हैं। वह मुक्तिधाम को हेविन कह देते हैं। यह ____ बताना है। गॉड फादर है मुक्तिधाम में रहने वाला। हेविन ____ दुनिया को कहा जाता है। फादर ही आकर ____ -डाइज स्थापन करते हैं।
° _बाप_, _पालना_, _फ़र्क_, _नई_, _पैरा_

17. सतयुग में ही ____ -जीत रहते हैं। वहाँ जानते हैं एक खाल छोड़ दूसरी ले लेंगे।
° _मोह_

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