Answers from Sakar Murli 27-02-2021

*Om Shanti*

*Answers from Sakar Murli 27-02-2021*

1. रॉयल वह है जो अपने हर्षितमुख द्वारा _____ की रायॅल्टी का अनुभव कराये।
° _प्योरिटी_

2. जो _____ कुल वाले होते वह कभी धरती-मिट्टी पर पांव नहीं रखते। यहाँ _____ मिट्टी है, इसमें नीचे नहीं आओ, दूर रहो। सदा स्मृति रहे कि ऊंचे से ऊंचे बाप के रॉयल फैमिली के, _____ स्टेज वाले बच्चे हैं तो नीचे नज़र नहीं आयेगी। सदैव अपने को _____ -मूर्त देखते हुए ऊंची स्टेज पर स्थित रहो। _____ को देखते खत्म करते जाओ,उसे बार-बार सोचेंगे तो रह जायेगी।
° _रॉयल_, _देह-अभिमान_, _ऊंची_, _गुण_, _कमी_

3. बेहद का बाप आकर जो पतित भ्रष्टाचारी बन गये हैं उन्हों को ________ बनाते हैं। 5000 वर्ष पहले सतयुग में ________ लक्ष्मी-नारायण का एक राज्य था। बाप समझाते तुम ________ डिनायस्टी के थे। सूर्यवंशी-चन्द्रवंशी दोनों को मिलाकर कहते ________ धर्म, डीटीज्म, डीटी वर्ल्ड। वहाँ (शुरू में ) ________ लाख गाये जाते।
° _पुरूषोत्तम_, _श्री_, _सूर्यवंशी_, _देवी-देवता_, _9_

4. तुम बच्चों को आज से 5000 वर्ष पहले बहुत ________ बनाया था, इतना धन कहाँ गँवाया? तुम्हारे जैसा ________ किसको भी मिल नहीं सकता। तुम सारे विश्व के ________ थे, धरती आसमान सब तुम्हारे। भारत हेविन था, भारत की बहुत महिमा थी, ________ के महल थे। भारत ही सबसे ऊंच ते ऊंच खण्ड, सभी का ________ है, क्योंकि पतित-पावन बाप का जन्म स्थान है।
° _साहूकार_, _सुख_, _मालिक_, _हीरे-सोने_, _तीर्थ_

5. अब बेहद बाप आये हैं तुम बच्चों को बेहद वर्सा देने, 21 जन्म तो तुम ________ -धाम में थे, फूलों का बगीचा।। सद्गति के लिए तीसरा नेत्र देते, बाप ही कल्प-कल्प भारत में आकर भारत को ________ बनाते, कलियुग बाद सतयुग। बापू जी भी कहते थे ________ -राज्य चाहिए, गृहस्थ धर्म पावन, अमरलोक। भक्ति है रात, ज्ञान है ________, शिवबाबा आते जब रात्रि होती। भारत शिवबाबा का स्थापन किया ________ -लय था, वहाँ पवित्रता थी, उस नई दुनिया में देवी-देवतायें राज्य करते थे, ________ आत्माओं की दुनिया।
° _सुख_, _स्वर्ग_, _राम_, _दिन_, _शिवा_, _पुण्य_

6. परमपिता परमात्मा ही ज्ञान सागर है, वही तुम्हें यह ________ नॉलेज दे सकते। अब बाप कहते – ________ -अभिमानी बनो। मुझ अपने परमपिता परमात्मा शिव को ________ करो। याद से ही ________ -प्रधान बनेंगे। तुम यहाँ आते ही हो मनुष्य से देवता अथवा पतित से ________ बनने। कोई भी ________ -धारी को याद नहीं करो।
° _स्प्रीचुअल_, _आत्म_, _याद_, _सतो_, _पावन_, _देह_

7. रूहानी बाप को रूहानी बच्चों ने कहा हे बाबा। कौन सा पिता? ________ -पिता, लौकिक बाप के बच्चे भी उस ________ -लौकिक बाप को पुकारते। अच्छा बाबा का नाम? शिव। वह तो ________ है। उनको कहा जाता ________ फादर। पुकारते हैं ओ ________ फादर हम नयनहीन को नयन दो तो हम अपने बाप को पहचानें। ________ -पावन सर्व का सद्गति दाता एक ही बाप को कहा जाता, न कि नदियों को।
° _परम_, _पार_, _निराकार_, _सुप्रीम_, _गॉड_, _पतित_

8. बाप ही आकर सबको शोक वाटिका के दुःखों से ________ करते। बाप समझाते तुम असुल ________ -धाम के रहने वाले हो, यहाँ 84 जन्मों का पार्ट बजाते। बाप तुम ________ से बात कर रहे। यह सृष्टि चक्र को भी समझना है, बाप कहते मैं आकर तुमको ब्रह्मा द्वारा यथार्थ ________ सुनाता। पुकारते भी हैं, हमको सुखधाम, शान्तिधाम का ________ बताओ।
° _लिबरेट_, _शान्ति_, _बच्चों (आत्माओं)_, _ज्ञान_, _रास्ता_

9. अब तुम यह तो जानते हो एक है लौकिक बाप, दूसरा फिर प्रजापिता ब्रह्मा है ________ बाप और वह पारलौकिक बाप। शिवबाबा, प्रजापिता ब्रह्मा द्वारा ________ धर्म स्थापन करते। ब्राह्मणों को देवता बनाने लिए ________ सिखलाते, आत्मा समझ याद करो तो पावन बनेंगे। बाप कहते हैं अभी तुम हो ________ सन्तान। यह राजधानी स्थापन हो रही, कोटों में कोई ________ बनते। यह है पतित-पावन गॉड फादरली ________, तुम्हारी आत्मा पढ़ती है।
° _अलौकिक_, _ब्राह्मण_, _राजयोग_, _ईश्वरीय_, _राजा_, _युनिवर्सिटी_

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