Answers from Sakar Murli 03-08-2020

*Om Shanti*

*Answers from Sakar Murli 03-08-2020*

1. *एकान्तवासी* बनना अर्थात् क्या?
° *एक के अन्त में* खो जाना!

2. *विजयी रत्नों* को कौन-सा नशा रहता? (3) इससे *प्राप्ति* क्या है? (3)
° (कौन-सा नशा) सदा यही नशा रहे कि हम *बाबा के गले का हार* विजयी रत्न हैं,
° हम *विश्व के मालिक के बालक* हैं।
° *हमें जो मिला* है वह किसी को भी मिल नहीं सकता
° (प्राप्ति) यह नशा और खुशी स्थाई रहे तो किसी भी प्रकार की *आकर्षण से परे* रहेंगे।
° जो सदा विजयी हैं वो *सदा हर्षित* हैं।
° एक बाप की *याद के ही आकर्षण में आकर्षित* हैं।

3. तुमको बाप द्वारा पता पड़ा है कि हमारा _____ धर्म है। बाप आकर फिर तुमको उस धर्म में _____ करते हैं। तुम जानते हो हमारा धर्म कितना _____ देने वाला है।
°आदि सनातन देवी-देवता, ट्रांसफर, सुख

4. बाबा ने आते ही कहा बच्चों को *नशा* चढ़ता है। कौन-सा नशा?
° हमको माया से लड़कर (विजयी बन) इस विश्व पर गुप्त रीति *राज्य स्थापन करना* है अथवा *बाप से वर्सा लेना है*।

5. इसको वास्तव में *लड़ाई भी नहीं* कहेंगे। क्यों? (3)
° ड्रामा अनुसार तुम जो सतोप्रधान से तमोप्रधान बने हो सो *फिर सतोप्रधान बनना है*।
° तुमको कोई से लड़ाई आदि नहीं करनी है। तुमको तो अपने *स्वधर्म में टिकना* है। अन्दर में यह स्मृति रहनी चाहिए – मैं *आत्मा शान्त स्वरूप* हूँ। (ड्रामा का चक्र पूरा हुआ, अभी फिर पवित्र बन हमको वापिस घर जाना है।)
° और *बाप को याद करना है*। (तुमको नशा चढ़ेगा हम ईश्वर की सन्तान हैं। बाप को याद करने से ही विकर्म विनाश होते हैं। कितना सहज है – याद से हम पवित्र बन फिर शान्तिधाम में चले जायेंगे। यही सच्ची कमाई है।

6. सर्व का सद्गति दाता, ज्ञान का सागर उस परमपिता परमात्मा को कहा जाता है। और कोई को ____ -वान कह नहीं सकते। फिर सब हैं _____-वान। यहाँ तो घर में रहते, सब कुछ करते ____ को याद करना है। इस टीचर से तो बहुत-बहुत ऊंच ____ मिलता है। टीचर की याद रहे तो भी ____ और ____ याद जरूर आयेंगे।
°ज्ञान, भक्ति, टीचर, पद, बाप, गुरू

7. बाप सर्विस के लिए कितना उछलते हैं (अखबार, देहली, बनारस, कॉन्फ्रेंस, बड़ा मेला, गीता का भगवान, आदि)। हमको भी बहुत मदद देते। फिर भी बच्चों को *रूहानी सर्विस का हौंसला / उछल* क्यों नहीं? (6)
° बुद्धि कहाँ न कहाँ फँसी हुई है।
° क्रिमिनल आई बड़ा नुकसान करती है। यह बीमारी बड़ी कड़ी है इसलिए उछलते नहीं हैं।
° धन के भूखे हैं (लोभ)
° झरमुई झगमुई में बहुतों की बुद्धि अटकी रहती है।
° मोह
° देह-अभिमान

8. सर्विस को *स्वतः तेज़* करने लिए कौन-सी युक्तियां है? (2)
° आपस में *क्षीरखण्ड* होना चाहिए। अपना पाण्डवों का *किला* तो बनायें। आपस में मिलकर राय करो। (विहंग मार्ग की सेवा लिए)
° ज्ञान में याद की यात्रा का जौहर चाहिए। बाप कहते हैं तुम *याद में मस्त* रहो तो सर्विस बढ़ती जायेगी। (ज्ञान सुनाना तो प्रत्यक्ष है। याद ही गुप्त मेहनत है, जिससे शक्ति मिलती है। ज्ञान से शक्ति नहीं मिलती। तुम पतित से पावन याद के बल से बनते।)

9. तुम तो सिर्फ सोये हुए को _____ हो। बच्चों को बाप का _____ करना है। बाप तो आये हैं पतितों को ____ बनाने।
°जगाते, शो, पावन

10. देह-अभिमान ने ही सत्यानाश की है। अब बाप *सत्या ऊंच* करने की कितनी सहज बात बताते हैं। कौन-सी?
° *बाप को याद* करो तो शक्ति आये। (नशे से, हम किस बाप के बच्चे हैं।)

11. बच्चों को कब बहुत *खुशी* रहती, और कब खुशी गायब हो जाती?
° *याद जब एकरस* रहती है, *अवस्था अच्छी* है तो बहुत खुशी रहती है।
° और *जब याद ठीक नहीं*, किसी बात में घुटका खाते हैं तो खुशी गायब हो जाती है।

12. सबसे *ऊंच ते ऊंच सेवा* कौन-सी है?
° *बाप की याद* ही है ऊंच ते ऊंच सेवा। मन्सा-वाचा-कर्मणा बुद्धि में बाप की याद रहे।
° मुख से भी *ज्ञान* की बातें सुनाओ। किसको दु:ख नहीं देना है। कोई अकर्तव्य नहीं करना है।
° टाइम वेस्ट नहीं करो। अच्छी रीति *धारणा* करो।

13. हम पतित से पावन *ज्ञान के बल* से बनते हैं। _(सही / गलत)_
° *गलत* (याद के बल से!)

14. इस _____ दुनिया में माया का शो बहुत है। कितना फैशन हो गया है। छी-छी दुनिया से _____ आनी चाहिए।
°छी-छी, ऩफरत

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