Answers from Sakar Murli 13-08-2020

*Om Shanti*

*Answers from Sakar Murli 13-08-2020*

1. जबकि सबसे अक्लमंद ऊंच ते ऊंच सुप्रीम टीचर निराकार भगवान पढ़ाते, हमे उत्तम ते उत्तम पुरुष लक्ष्मी-नारायण पैराडाइज़ के मालिक बनाने (प्योरिटी, पीस, प्रासपर्टी से सम्पन्न), तो बाबा ने कहा एकदम रोमांच खड़े हो जाने चाहिए। *फिर क्या पुरुषार्थ करना है?* (4)
° सयाना बन एकदम इस *पढ़ाई में लग जाना* चाहिए।
इसमें बहुत *अटेन्शन* देना है। *पूरी रीति पढ़ना* चाहिए ना।(आत्मा ही पढ़ती है)
° उनकी *मत* पर चलना चाहिए। बाप कहते हैं *पवित्र* रहो।
° और मुझे *याद* करो। (आत्मा समझ बाप को याद करो। छोटे बच्चे को माँ-बाप के सिवाए दूसरा कोई उठाते हैं तो उनके पास जाते नहीं। तुम भी बेहद के बाप के बने हो तो और कोई को देखना पसन्द भी नहीं आयेगा, फिर कोई भी हो।)
° *दैवीगुण धारण* किये तो तुम यह बन जायेंगे।

2. बाबा हमे *डबल सिरताज* राजाओं का राजा बनाते। कौन-से दो ताज? (और कैसे मिलते?)
° *लाइट का ताज* (मनमनाभव)
° *रतन जड़ित ताज* (मध्याजीभव)।
° (निश्चय हो जाता है हम इस पढ़ाई से विश्व का मालिक बनते हैं)

3. सिंगल ताज वाले राजाओं को *गॉड-गॉडेज* कहेंगे। _(सही / गलत)_
° *गलत*
° जो पवित्र डबल सिरताज थे उन्हों को बिगर ताज वाले अपवित्र पूजते हैं। वो हो गये *पुजारी राजायें* । उनको तो गॉड-गॉडेज नहीं कहेंगे क्योंकि इन *देवताओं की पूजा करते* हैं। (आपेही पूज्य, आपेही पुजारी, पतित बन जाते हैं तो रावण राज्य शुरू हो जाता है।)

4. वरदान में बाबा ने *सेवा की सफलता* लिए कौन-सी विधि सुनाई? (2)
° जब आप बच्चे हिम्मतवान बनकर *संगठन में एकमत और एकरस* अवस्था में रहते वा *एक ही कार्य में* लग जाते हो तो स्वयं भी सदा प्रफुल्लित रहते और धरनी को भी फलदायक बनाते हो। (जैसे आजकल साइन्स द्वारा अभी-अभी बीज डाला अभी-अभी फल मिला, ऐसे ही साइलेन्स के बल से सहज और तीव्रगति से प्रत्यक्षता देखेंगे।)
° जब स्वयं *निर्विघ्न एक बाप की लगन में मगन, एकमत और एकरस* रहेंगे तो अन्य आत्मायें भी स्वत: सहयोगी बनेंगी और धरनी फलदायक हो जायेगी।

5. इस योग की ताकत से आत्मा _______ बन गोल्डन एज में चली जायेगी, फिर उनके लिए राज्य चाहिए। बोलो इस याद के बल से हम _____ बनते हैं। योगबल क्या चीज़ है, जिससे तुम विश्व पर _____ पाते हो और कोई थोड़ेही जानते। बाप ही पतित-पावन है। ______ दुनिया जरूर स्थापन करके ही छोड़ेंगे। ड्रामा अनुसार नूँध है। डीटी डिनायस्टी थी तो ______ थे।
°सतोप्रधान, पवित्र, विजय, पावन, पवित्र

6. यह है ______ परिवार। बाप के बच्चे हैं, पोत्रे और पोत्रियां हैं, बस और कोई ______ नहीं। नई सृष्टि इनको कही जाती है फिर देवी-देवता तो थोड़े बनेंगे। फिर आहिस्ते-आहिस्ते _______ होती है।
°ईश्वरीय, संबंध, वृद्धि

7. जो अभिमान को शान समझ लेते, वह _____ नहीं रह सकते।
°निर्मान

8. बाप को तुम भूल जाते हो, _____ नहीं आती है, वह नशा नहीं चढ़ता है। यहाँ से बहुत अच्छा रिफ्रेश हो जाते हैं फिर वहाँ ______ हो जाते हैं। तुमको तो अब बाप मिला है, तुम सारे सृष्टि चक्र को जानते हो तो खुशी में ______ होना चाहिए।
°लज्जा, सोडावाटर, गदगद

9. आज बाबा ने *स्वदर्शन चक्र* कैसे फिराया? (2)
° अभी तुम बच्चों को मालूम पड़ा है – असुल में हम आत्मायें बाप के साथ अपने घर में रहती हैं। बाप का बनने से अभी तुम स्वर्ग के मालिक बनते हो फिर बाप को भूल आरफन बन पड़ते हो। फिर परमपिता परमात्मा प्रजापिता ब्रह्मा द्वारा नई सृष्टि ब्राह्मणों की रचते हैं। (84 जन्मों की कहानी!)
° आत्मा ही सीखती है। बाप तुम बच्चों को *आत्म-अभिमानी* बनाते हैं। तुम आत्मा हो मूलवतन की रहने वाली। तुम आत्मा कितनी छोटी हो। अनेक बार तुम आई हो पार्ट बजाने। मैक्सीमम हैं ही 84 जन्म।

10. बाबा ने कहा इंगलिश में भी तुम लोग अच्छी रीति समझा सकते हो। जो इंगलिश जानते हैं तो ट्रांसलेशन कर फिर समझाना चाहिए। बाबा ने आज कौन-से *अंग्रेजी शब्द* प्रयोग किये? (4)
° फादर *नॉलेजफुल* है, उनको ही यह *नॉलेज* है कि सृष्टि का चक्र कैसे फिरता है। यह है पढ़ाई। ( *स्प्रीचुअल* नॉलेज)
° योग को भी बाप की याद कही जाती है, जिसको अंग्रेजी में *कम्यूनियन* कहा जाता है। बाप से कम्यूनियन, टीचर से कम्यूनियन, गुरू से कम्यूनियन।
° यह है *गॉड फादर* से कम्यूनियन। खुद बाप कहते हैं मुझे याद करो और कोई भी देहधारी को याद नहीं करो।
° यह लक्ष्मी-नारायण *पैराडाइज़* / गोल्डन एज के मालिक थे ना, *प्योरिटी, पीस, प्रासपर्टी* सब थी।

11. जब यह ज्ञान अच्छे से फॉरेन में सुनाएंगे, तो वह खुश होकर *क्या कहेंगे*? (6)
° तुमको वहाँ 1000 रूपया मिलते हैं, हम आपको 10-20 हज़ार रूपया देंगे। *हमको भी नॉलेज सुनाओ।*
° यह बातें अच्छी रीति समझाओ तो वह *चक्रित हो जायेंगे। कहेंगे यह हम सुनें तो सही।* हम बाप से पढ़ते हैं, यह बातें सुनकर चक्रित हो जायेंगे।
° कहेंगे *यह तो स्प्रीचुअल नॉलेज है।* यह तो डायरेक्ट उस सुप्रीम फादर का बच्चा है, उनसे राजयोग सीख रहा है
° सुनकर कहेंगे *ओहो! यह तो गॉड फादर के बच्चे हैं।*
° समझेंगे यह तो *कोई अथॉरिटी है*, इनमें गॉड ने आकर प्रवेश किया है।
° ऐसी-ऐसी बातें समझाने से बहुत *वन्डर खायेंगे* । (ऐसी-ऐसी बातें बताते रहेंगे तो वह खुश होंगे। ऐसे-ऐसे बैठ समझायें तो कितना मज़ा कर दिखायें)

12. बाबा ने कहा बात करने में होशियार चाहिए, स्पीड भी अच्छी हो। तो *फॉरेन वालों को कौन-कौन सी बातें* सुना सकते? (7)
° एक बाप को ही कहते हो लिबरेटर, गाइड *जबकि वही लिबरेटर है तो फिर उनको ही याद करना चाहिए* (धर्म स्थापक भी उनकी ओर इशारा करते)
° *पैराडाइज़ की स्थापना हो रही* है, उसके लिए यह महाभारत लड़ाई भी है। बाप कहते हैं मैं तुमको राजाओं का राजा डबल सिरताज बनाता हूँ। *प्योरिटी, पीस, प्रासपर्टी सब थी*। विचार करो, कितने वर्ष हुए? *क्राइस्ट से 3 हज़ार वर्ष पहले* इन्हों का राज्य था।
° *फिर अपने समय पर धर्म स्थापक आकर* तुम्हारा धर्म स्थापन करेंगे।
° बोलो बाकी सब आत्मायें स्वीट होम में रहती हैं। बाप ही ले जाते हैं, सर्व का सद्गति दाता वह बाप है। उनका *बर्थ प्लेस है भारत।* यह कितना बड़ा तीर्थ हो गया।
° बोलो हम इस *याद के बल से पवित्र* बनते हैं और सबका विनाश हो जायेगा। नैचुरल कैलेमिटीज भी आने वाली हैं। हमारा रियलाइज़ किया हुआ है और दिव्य दृष्टि से देखा हुआ है। यह सब खलास होना है।
° यह बताओ कि *आत्माओं का बाप* कौन है। भगवान तो *निराकार* ही है। वही इस पतित दुनिया को *पावन बनायेंगे* ।
° तुम जानते हो सबको तमोप्रधान बनना ही है। पुनर्जन्म सबको लेना है, *वापिस कोई भी जा नहीं सकते।* ऐसी-ऐसी बातें समझाने से बहुत वन्डर खायेंगे।

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