Answers from Sakar Murli 25-01-2021

*Om Shanti*

*Answers from Sakar Murli 25-01-2021*

1. जो सच्चे रहमदिल हैं उन्हें देह वा देह-अभिमान की _____ नहीं हो सकती।
° _आकर्षण_

2. जैसे साकार में इतनी जिम्मेवारी होते भी _____ और ________ स्थिति का अनुभव कराते रहे, ऐसे फालो फादर। साकार रूप में _____ पन की अनुभूति कराओ। कोई अशान्त-बेचैन-घबराया हुआ भी आये, लेकिन आपकी एक दृष्टि-वृत्ति-स्मृति की शक्ति उनको _____ कर दे। व्यक्त भाव में आये और ______ स्थिति का अनुभव करे, तब कहेंगे ______ -मूर्त।
° _आकारी_, _निराकारी_, _फरिश्ते_, _शान्त_, _अव्यक्त_, _साक्षात्कार_

3. सतयुग में *हर चीज़ अच्छे से अच्छी सतोप्रधान* होती है, क्यों?
° क्योंकि वहाँ मनुष्य सतोप्रधान हैं, *जब मनुष्य अच्छे हैं तो सामग्री भी अच्छी है* और मनुष्य बुरे हैं तो सामग्री भी नुकसानकारक है। (सतोप्रधान सृष्टि में कुछ भी कहीं से मंगाना नहीं पड़ता।)

4. यह लक्ष्मी-नारायण सारे विश्व के ______ थे। इन देवी-देवताओं का _____ नई सृष्टि पर था। सतयुग में है ही एक धर्म, सब चीज़ें _____ रहती।सतयुग में तो _______ कोई वस्तु होती नहीं। वहाँ की हर चीज़ सतोप्रधान बहुत _____ होती है। आज से 5000 वर्ष पहले आदि सनातन देवी-देवता _____ के थे।
° _मालिक_, _राज्य_, _भरपूर_, _अप्राप्त_, _अच्छी_, _धर्म_

5. श्रीमत अर्थात् श्रेष्ठ _____ । श्रेष्ठ ते श्रेष्ठ मत है ऊंच ते ऊंच _____ की। जिसकी श्रीमत से तुम मनुष्य से _____ बनते हो। तुम भ्रष्ट मनुष्य से _____ देवता बनते हो। बाप खुद कहते मैं आता हूँ तुमको श्रेष्ठाचारी, _____ मत वाले देवी-देवता बनाने। सतयुग में मनुष्य हैं दैवीगुणों वाले, _____ बुद्धि!
° _मत_, _भगवान_, _देवता_, _श्रेष्ठ_, _निर्विकारी_, _ईश्वरीय_

6. ज्ञान का _____ बाप है। ______ का बाप बैठ इनके द्वारा तुमको पढ़ाते। सभी ______ का बाप। वह तो सदैव _______ परमपिता परमात्मा है, उनके हम बच्चे हैं। कितनी सहज बातें हैं, इसको कहा जाता है _____ बे। तुम समझते हो _____ क्या है, कैसे आते हैं, क्या कर्तव्य करते हैं? तुम सबके आक्यूपेशन को, जन्मपत्री को जानते हो।
° _सागर_, _बेहद_, _आत्माओं_,
_निराकार_, _अल्फ_, _बाप_

7. बाप _____ मनुष्य सृष्टि का बीजरूप है। उनमें सारे सृष्टि रूपी झाड़ का _____ है, कैसे उत्पत्ति, पालना-विनाश होता। यह बहुत बड़ा झाड़ खलास हो फिर दूसरा _____ झाड़ कैसे खड़ा होता, यह है गुप्त। तुम जानते हो यह _____ लग रहा है। बीज से पहले-पहले नम्बर पत्ता, सतयुग का पहला पत्ता तो _____ ही कहेंगे।
° _चैतन्य_, _ज्ञान_, _नया_, _कलम_, _कृष्ण_

8. अभी तुम बच्चों को यह बेहद की _____ मिलती, जिससे तुम आदि-मध्य-अन्त का राज़ समझा सकते। तुमको इन देवी-देवताओं की _____ -जॉग्राफी पूरा पता है। यह पवित्र प्रवृत्ति मार्ग वाले _____ थे। अभी तुम समझते हो हम संगमयुग पर हैं फिर _____ दुनिया में जायेंगे। तुमको तिथि, तारीख, सेकेण्ड सहित सब मालूम है, इनका पूरा _____ निकाल सकते हैं।
° _पढ़ाई_, _हिस्ट्री_, _पूज्य_, _नई_, _हिसाब_

9. सृष्टि की आयु 5000 वर्ष है, *लाखों वर्ष नहीं* हो सकते। इसका कौन-सा तर्क बाबा कई बार सुनाते?
° 5000 वर्ष में इतने करोड़ हैं। तो *लाखों वर्ष में कितने अनगिनत मनुष्य हो जाएं*। (भक्तिमार्ग में दिखाते हैं – लिखा हुआ है सतयुग इतने वर्ष का है, त्रेता इतने वर्ष का है, द्वापर इतने वर्ष का है। तो बाप बैठ तुम बच्चों को यह सब राज़ समझाते हैं।)

10. अभी तुम समझते हो इसी _____ ज्ञान से मनुष्य से देवता बने हैं, जो अभी बाप तुमको दे रहे। _____ -योग सिखा रहे। ______ भी सिखा रहे, काम महाशत्रु है, उन पर जीत पाने से तुम _____ -जीत अर्थात् विश्व का मालिक बन जाते।
° _गीता_, _राज_, _पवित्रता_, _जगत_

11. भारत में *खास कन्याओं को नमन* करते, मेल को नहीं। क्यों?
° *क्योंकि इस समय* ज्ञान भी पहले माताओं को मिलता है।

12. भक्तिमार्ग में मन्दिर कितने बनते हैं। सबसे जास्ती मन्दिर जरूर ______ के होंगे जो बीजरूप है। फिर उसके बाद पहली ______ लक्ष्मी-नारायण के मन्दिर होंगे। फिर गिरते-गिरते _____ तत्वों की भी पूजा करने लग पड़ते हैं। 5 तत्वों की पूजा करो या ____ की करो, एक हो जाती।
° _शिवबाबा_, _क्रियेशन_, _पांच_, _शरीर_

13. बाबा इस _____ द्वारा समझाते, इनमें आत्मा भी है और परमपिता परमात्मा भी। यह पहले-पहले पक्का होना चाहिए, इसलिए इनको _____ भी कहते। यह तो बच्चों को निश्चय है, इसमें ही _____ करना है। बरोबर बाबा ने जिसमें पधरामणी की है वा _____ लिया है उनके बहुत जन्मों के अन्त के भी अन्त में आते। नाम है प्रजापिता ब्रह्मा, इनका बाप है _____ शिव। यह भी सागर और ब्रह्मा नदी का _____ है। ब्रह्मा द्वारा एडाप्शन कैसे होती – यह गुह्य बातें समझने की हैं।
° _शरीर_, _दादा_, _रमण_, _अवतार_, _निराकार_, _मेला_

14. साइन्स की मुख्य चीज़ है एटॉमिक बॉम्ब्स, जिससे इतना सारा विनाश होता है। कैसे बनाते हैं?
° बनाने वाली आत्मा में पहले से ही *ड्रामा अनुसार* ज्ञान होगा। *जब समय आता* है तब उनमें वह ज्ञान आता है, जिसमें सेन्स होगी वही *काम करेंगे और दूसरे को सिखायेंगे*। वह है माया की नॉलेज-पॉम्प, जिससे विनाश होता है। (कल्प-कल्प जो पार्ट बजाया है वही बजता रहता है। अभी तुम कितने नॉलेजफुल बनते हो, इनसे जास्ती नॉलेज होती नहीं। तुम इस नॉलेज से देवता बन जाते हो। इससे ऊंच कोई नॉलेज है नहीं।)

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