Answers from Sakar Murli 27-11-2020

*Om Shanti*

*Answers from Sakar Murli 27-11-2020*

1. बाप से कनेक्शन ठीक रखो तो सर्व _____ की करेन्ट आती रहेगी।
° _शक्तियों_

2. संगम पर भाग्य बनान लिए ____ रूपी चाबी 🗝️ मिलती। चाबी लगाओ और जितना चाहे उतना _____का खजाना लो। चाबी मिली और _____ बने, उतना ______ स्वत: रहती। ऐसे अनुभव होता है जैसे खुशी का ____ अखुट अविनाशी बहता ही रहता है। उन्हें कोई _____ नहीं रहती।
° _नॉलेज_, _भाग्य_, _मालामाल_, _खुशी_, _झरना_, _अप्राप्ति_

3. वास्तव में यह सारा भारत गांव है, तुम गांव के ____ हो। अब तुम समझते हो हम विश्व के ___ बनते हैं। ____ भी स्वर्ग के आगे क्या है! कुछ भी नहीं। तो कितनी ____ रहनी चाहिए। नाम ही है स्वर्ग। कितने _______महलों में लगे रहते हैं। सतयुग में भारत बहुत मालामाल _____ था।
° _छोरे_, _मालिक_, _बाम्बे_, _खुशी_, _हीरे-जवाहरात_, _साहूकार_

4. बच्चों को तो बहुत ____ होनी चाहिए। बाप से हमको ____ मिलता है। सबको बोलो यहाँ वर्ल्ड की _____ समझाई जाती है। तुम मीठे-मीठे ____ को कोई जास्ती तकलीफ नहीं देते। बाप कहते हैं सिर्फ ____ बनना है। अब फिर बाबा आया है फिर से ____ -भाग्य देने।
° _खुशी_, _वर्सा_, _हिस्ट्री-जॉग्राफी_, _बच्चों_, _पावन_, _राज्य_

5. 🎶 गीत:-मुझको सहारा देने वाले, ये दिल कहे तेरा *शुक्रिया* …….. तो बाबा का जबरदस्त उत्तर? (2)
° “मीठे बच्चे – तुम *ड्रामा के खेल को जानते हो* इसलिए शुक्रिया मानने की भी बात नहीं है”
° तुम बच्चों को अपने *भाग्य पर शुक्रिया मानना चाहिए*। हम पदमापदम भाग्यशाली हैं।

6. बस हम ____ हैं, हमको बाप को याद करना है। याद की यात्रा में रहने से शरीर की जैसे _____ होती जाती। घण्टा भर भी ऐसे _____ होकर बैठो तो कितने पावन हो जाएं। हम आत्मा इस शरीर से न्यारी, _____ स्वरूप हैं। आत्मा सत् चित ____ स्वरूप है। परमात्मा सुख-शान्ति का सागर है, तुमको फिर कहेंगे ____ ।
° _आत्मा_, _विस्मृति_, _अशरीरी_, _शान्त_, _आनन्द_, _मास्टर_

7. *कौन-सा एक अक्षर* कहने से ही सारा खेल बुद्धि में आता, स्वदर्शन चक्रधारी आपेही बन जाते। (तीनों कालों, तीनों लोकों, आदि-मध्य-अन्त का राज़, वर्तमान समय आदि सब आ जाता)
° *खेल / ड्रामा*!

8. बाप आकर तुमको ____ -दर्शी बनाते हैं। तुम ____ -नेत्री बनते हो, ज्ञान का तीसरा नेत्र मिल जाता है। सबसे बड़ी बात है कि तुम ____ -स्तिक बन जाते हो । अब बेहद का बाप धणी मिला है तो _____ बने हैं। स्टूडेण्ट की बुद्धि में सदैव नॉलेज ____ होती है।
° _त्रिकाल_, _त्रि_, _आ_, _धणके_, _मंथन_

9. यह बातें किन्हें *स्मृति* में रहेंगी? (2)
° जो बच्चे *सर्विस में तत्पर* रहते हैं।
° समझा भी वह सकेंगे जो *याद की यात्रा* में होंगे। (याद से बल मिलता है ना। बाप है ही – जौहरदार तलवार। तुम बच्चों को जौहर भरना है। योगबल से विश्व की बादशाही पाते हो। बच्चों को समझाया है – नॉलेज सोर्स ऑफ इनकम है। योग को बल कहा जाता है।)

10. अब *योग अच्छा या ज्ञान* अच्छा?
° (वैसे तो दोनों अच्छा!) योग ही नामीग्रामी है। *योग अर्थात् बाप की याद* । बाप कहते हैं इस याद से ही तुम्हारे *पाप कट जायेंगे* । इस पर ही बाप ज़ोर देते हैं। (ज्ञान तो सहज है। भगवानुवाच – मैं तुमको सहज ज्ञान सुनाता हूँ, 84 के चक्र का।)

11. यह *गीत* आदि भी दिन-प्रतिदिन बंद होते जाते हैं। क्यों?
° *स्कूल में कभी गीत होते हैं क्या?* बच्चे शान्ति में बैठे रहते हैं। (टीचर आता है तो उठकर खड़े होते हैं, फिर बैठते हैं। यह बाप कहते हैं मुझे तो पार्ट मिला हुआ है पढ़ाने का, सो तो पढ़ाना ही है।)

12. तुम बच्चों को (क्लास में) *उठने की* भी दरकार नहीं। _(सही / गलत)_
° सही, *बच्चों को कहेंगे क्या तुम उठो*, यहां तो बाप खुद उठकर नमस्ते करते हैं। (यहाँ तो टीचर से भी डर की बात नहीं।)

13. मुरलियां मिलती रहती हैं। वह ____ पढ़नी है। मुरली पढ़ो तो तुम्हारी ____ मार्क पड़े। नहीं तो नई-नई ____ मिस हो जायेंगी। तुम्हारे ____ देखकर ही चक्रित हो जाते हैं। भगवान ने बनाये है। तुम्हारी यह ____ -शाला है नई। ब्राह्मण कुल के जो देवता बनने वाले होंगे उनकी ___ में ही बैठेगा।
° _रेग्युलर_, _प्रेजेन्ट_, _प्वाइंट्स_, _चित्र_, _चित्र_, _बुद्धि_

14. ____ रखने से समझ में आता है, इनका पुरूषार्थ जास्ती है। बाप हमेशा समझाते रहते हैं ___ रखो, तुमको बहुत फायदा होगा (पुरूषार्थ में मदद मिलेंगी)। _____ रखना माना बाप को याद करना। उसमें बाप की ____ लिखनी है। उसी ____ डायरी में लिखना चाहिए।
° _चार्ट_, _डायरी_, _डायरी_, _याद_, _समय_

15. सर्विसएबुल बच्चों में कौन-सी *आदत* बिल्कुल नहीं होनी चाहिए? (2)
° मांगने की। (तुम्हें बाप से आशीर्वाद या *कृपा आदि मांगन की जरूरत नहीं* है।)
° तुम किसी से *पैसा भी नहीं मांग सकते* । (मांगने से मरना भला। तुम जानते हो ड्रामा अनुसार कल्प पहले जिन्होंने बीज बोया होगा वह बोयेंगे, जिनको अपना भविष्य पद ऊंच बनाना होगा वह जरूर सहयोगी बनेंगे। तुम्हारा काम है सर्विस करना। तुम किसी से कुछ मांग नहीं सकते। भक्ति में मांगना होता, ज्ञान में नहीं।)

16. ______ के रिटर्न लिए सब कुछ दे देना अच्छा है ना। इनका तो नाम ____ भण्डारी है। तुम पुरूषार्थ करो तो ____ माला में पिरोये जा सकते हो, भण्डारा भरपूर काल कंटक दूर है। वहाँ कभी ____ मृत्यु नहीं होती। तुम ____ -पुरी में चलते हो।
° _जन्म-जन्मान्तर_, _भोला_, _विजय_, _अकाले_, _अमर_

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *