Answers from Sakar Murli 06-03-2021

*Om Shanti*

*Answers from Sakar Murli 06-03-2021*

1. परिस्थितियों में आकर्षित होने के बजाए उन्हें साक्षी होकर ________ के रूप में देखो।
° _खेल_

2. ________ बनने में अनेक नये-नये आश्चर्यजनक दृश्य सामने आयेंगे, लेकिन वह ________ -दृष्टा बनावें, हिलायें नहीं। इस स्थिति की सीट पर बैठकर देखने-निर्णय करने से बहुत ________ आता, भय नहीं लगता। जैसेकि अनेक बार देखी हुई ________ फिर से देख रहे। वह राजयुक्त, योगयुक्त बन वायुमण्डल को डबल ________ बनायेंगे। उन्हें पहाड़ समान पेपर भी ________ समान अनुभव होगा।
° _सम्पन्न_, _साक्षी_, _मजा_, _सीन_, _लाइट_, _राई_

3. ईश्वरीय मत से तुम स्वर्ग के मालिक बनते हो। पहले-पहले तुम सर्वगुण ________ 16 कला ________ थे, कर्म श्रेष्ठ ________ श्रेष्ठ। भारत अब झूठखण्ड है, ________ में तुम सदा सुखी थे। मनुष्य से देवता जरूर बनते हैं, यह तो अच्छा ________ है ना। तुम्हारा धर्म बहुत ________ देने वाला है और तो बैकुण्ठ में आ नहीं सकते।
° _सम्पन्न_, _सम्पूर्ण_, _धर्म_, _सचखण्ड_, _जादू_, _सुख_

4. हमारे बने और तुम्हारी ________ शुरू हो गई, बेहद बाप आकर रूहों से बच्चे-बच्चे कह बात करते। (ओम् शान्ति) मैं ________ हूँ। मैं आत्मा शान्त स्वरूप, ________-धाम की रहने वाली हूँ। यह है रूहों का बाप ________, याद से ही खाद निकलेगी। वह निराकार बाबा आकर पतितों को ________ बनाते। 5000 वर्ष पहले जब मैं आया था सभी को ________ स्वर्ग का मालिक लक्ष्मी-नारायण देवता बनाया था।
° _पढ़ाई_, _आत्मा_, _शान्ति_, _शिव_, _पावन_, _सतोप्रधान_

5. कहते हैं हे बच्चे – ________ याद करो तो तुम्हारे सिर पर जो पापों का ________ है वह भस्म हो जायेगा। फिर तुम ________ -प्रधान बन जायेंगे। तुम सच्चा ________ , सच्चे जेवर थे। बाप तुमको ________ देते बच्चे मुझे पतित-पावन को याद करो।
° _मामेकम्_, _बोझा_, _सतो_, _सोना_, _राय_

6. बाप को कहा जाता ज्ञान का सागर, मनुष्य सृष्टि का ________ । सत् चित् ________ स्वरूप है। ________ का सागर है, जरूर उनसे वर्सा मिलना चाहिए। शिवबाबा को ________ भी कहते, तुमको गुल-गुल पावन बनाकर ले जायेंगे। इसको लिबरेटर, गाइड कहा गया है। कहते हैं, हे ________ -पिता हम आपके बालक बने हैं।परमात्मा भी ________ है, बाप ने याद दिलाई कि तुम्हारा घर है शान्तिधाम।
° _बीजरूप_, _आनन्द_, _प्यार_, _साजन_, _मात_, _बिन्दी_

7. हर एक के निश्चित पार्ट को जान सदा ________ रहना है। बनी बनाई बन रही……ड्रामा पर ________ रहना है। इस छोटे से संगमयुग पर बाप से पूरा ________ लेना है। याद के बल से खाद निकाल स्वयं को कौड़ी से ________ जैसा बनाना है। मीठे झाड के सैपलिंग में चलने लिए ________ बनना है।
° _निश्चिंत_, _अडोल_, _वर्सा_, _हीरे_, _लायक_

8. इस 2021 में लिखेंगे ________ वीं शिवजयन्ती। शिव- ________ भी मनाते, यह है आधाकल्प का सतयुगी दिन और आधाकल्प रात। अभी है रात का अन्त और दिन के आदि का ________ , छोटा युग। चोटी है ब्राह्मणों की। भागीरथ, नंदीगण कहा है। बाप ही बताते मैं कौन से ________ रथ में आता। मैं ________ के तन में प्रवेश कर भारत को स्वर्ग बनाता। इनके बहुत जन्मों के अन्त में मैं प्रवेश करता, यह पढ़कर फिर ________ नम्बर में जाते।
°85, _रात्रि_, _संगमयुग_, _भाग्यशाली_, _ब्रह्मा_, _पहले_

9. सतयुग में तुम्हारे ________ जन्म, त्रेता में ________ जन्म… ऐसे ही अपने को समझो कि हमने यह पार्ट बजाया है। फिर नीचे उतरते द्वापर में ________ जन्म लिए। भारतवासियों ने ही पूरे ________ जन्म लिए हैं और कोई इतने जन्म नहीं लेते। जो कुछ पास होता, वह ________ होता ही रहेगा। बाप फिर भी आकर इनमें प्रवेश करेंगे, सबकी परवरिश करायेंगे। शिवबाबा ब्रह्मा द्वारा तुमको पढ़ाते इसलिए प्रजापिता ब्रह्माकुमार कुमारियां कहा जाता। कहते कि हमको ________ से वर्सा मिलता है।
° _8_, _12_, _63_, _84_, _कल्प-कल्प_, _डाडे_

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *