Answers from Sakar Murli 06-03-2021

*Om Shanti*

*Answers from Sakar Murli 06-03-2021*

1. परिस्थितियों में आकर्षित होने के बजाए उन्हें साक्षी होकर ________ के रूप में देखो।
° _खेल_

2. ________ बनने में अनेक नये-नये आश्चर्यजनक दृश्य सामने आयेंगे, लेकिन वह ________ -दृष्टा बनावें, हिलायें नहीं। इस स्थिति की सीट पर बैठकर देखने-निर्णय करने से बहुत ________ आता, भय नहीं लगता। जैसेकि अनेक बार देखी हुई ________ फिर से देख रहे। वह राजयुक्त, योगयुक्त बन वायुमण्डल को डबल ________ बनायेंगे। उन्हें पहाड़ समान पेपर भी ________ समान अनुभव होगा।
° _सम्पन्न_, _साक्षी_, _मजा_, _सीन_, _लाइट_, _राई_

3. ईश्वरीय मत से तुम स्वर्ग के मालिक बनते हो। पहले-पहले तुम सर्वगुण ________ 16 कला ________ थे, कर्म श्रेष्ठ ________ श्रेष्ठ। भारत अब झूठखण्ड है, ________ में तुम सदा सुखी थे। मनुष्य से देवता जरूर बनते हैं, यह तो अच्छा ________ है ना। तुम्हारा धर्म बहुत ________ देने वाला है और तो बैकुण्ठ में आ नहीं सकते।
° _सम्पन्न_, _सम्पूर्ण_, _धर्म_, _सचखण्ड_, _जादू_, _सुख_

4. हमारे बने और तुम्हारी ________ शुरू हो गई, बेहद बाप आकर रूहों से बच्चे-बच्चे कह बात करते। (ओम् शान्ति) मैं ________ हूँ। मैं आत्मा शान्त स्वरूप, ________-धाम की रहने वाली हूँ। यह है रूहों का बाप ________, याद से ही खाद निकलेगी। वह निराकार बाबा आकर पतितों को ________ बनाते। 5000 वर्ष पहले जब मैं आया था सभी को ________ स्वर्ग का मालिक लक्ष्मी-नारायण देवता बनाया था।
° _पढ़ाई_, _आत्मा_, _शान्ति_, _शिव_, _पावन_, _सतोप्रधान_

5. कहते हैं हे बच्चे – ________ याद करो तो तुम्हारे सिर पर जो पापों का ________ है वह भस्म हो जायेगा। फिर तुम ________ -प्रधान बन जायेंगे। तुम सच्चा ________ , सच्चे जेवर थे। बाप तुमको ________ देते बच्चे मुझे पतित-पावन को याद करो।
° _मामेकम्_, _बोझा_, _सतो_, _सोना_, _राय_

6. बाप को कहा जाता ज्ञान का सागर, मनुष्य सृष्टि का ________ । सत् चित् ________ स्वरूप है। ________ का सागर है, जरूर उनसे वर्सा मिलना चाहिए। शिवबाबा को ________ भी कहते, तुमको गुल-गुल पावन बनाकर ले जायेंगे। इसको लिबरेटर, गाइड कहा गया है। कहते हैं, हे ________ -पिता हम आपके बालक बने हैं।परमात्मा भी ________ है, बाप ने याद दिलाई कि तुम्हारा घर है शान्तिधाम।
° _बीजरूप_, _आनन्द_, _प्यार_, _साजन_, _मात_, _बिन्दी_

7. हर एक के निश्चित पार्ट को जान सदा ________ रहना है। बनी बनाई बन रही……ड्रामा पर ________ रहना है। इस छोटे से संगमयुग पर बाप से पूरा ________ लेना है। याद के बल से खाद निकाल स्वयं को कौड़ी से ________ जैसा बनाना है। मीठे झाड के सैपलिंग में चलने लिए ________ बनना है।
° _निश्चिंत_, _अडोल_, _वर्सा_, _हीरे_, _लायक_

8. इस 2021 में लिखेंगे ________ वीं शिवजयन्ती। शिव- ________ भी मनाते, यह है आधाकल्प का सतयुगी दिन और आधाकल्प रात। अभी है रात का अन्त और दिन के आदि का ________ , छोटा युग। चोटी है ब्राह्मणों की। भागीरथ, नंदीगण कहा है। बाप ही बताते मैं कौन से ________ रथ में आता। मैं ________ के तन में प्रवेश कर भारत को स्वर्ग बनाता। इनके बहुत जन्मों के अन्त में मैं प्रवेश करता, यह पढ़कर फिर ________ नम्बर में जाते।
°85, _रात्रि_, _संगमयुग_, _भाग्यशाली_, _ब्रह्मा_, _पहले_

9. सतयुग में तुम्हारे ________ जन्म, त्रेता में ________ जन्म… ऐसे ही अपने को समझो कि हमने यह पार्ट बजाया है। फिर नीचे उतरते द्वापर में ________ जन्म लिए। भारतवासियों ने ही पूरे ________ जन्म लिए हैं और कोई इतने जन्म नहीं लेते। जो कुछ पास होता, वह ________ होता ही रहेगा। बाप फिर भी आकर इनमें प्रवेश करेंगे, सबकी परवरिश करायेंगे। शिवबाबा ब्रह्मा द्वारा तुमको पढ़ाते इसलिए प्रजापिता ब्रह्माकुमार कुमारियां कहा जाता। कहते कि हमको ________ से वर्सा मिलता है।
° _8_, _12_, _63_, _84_, _कल्प-कल्प_, _डाडे_

Answers from Sakar Murli 05-03-2021

*Om Shanti*

*Answers from Sakar Murli 05-03-2021*

1. जो सुखदाता बाप के सुखदाई बच्चे हैं उनके पास _____ की लहर आ नहीं सकती।
° _दु:ख_

2. जो बाप को जीवन नैया देकर मैं-पन मिटाते, श्रीमत में मनमत मिक्स नहीं करते, वह सदा पश्चाताप से परे ______ स्वरूप स्थिति अनुभव करते। उन्हें ही ____ -बुद्धिवान कहते। ऐसे सद्-बुद्धि वाले तूफानों को ______ समझ, स्वभाव-संस्कार की टक्कर को आगे बढ़ने का ______ समझ, सदा बाप को _______ बनाते हुए, साक्षी हो हर पार्ट देखते सदा _____ होकर चलते हैं।
° _प्राप्ति_, _सद्_, _तोफा_, _आधार_, _साथी_, _हर्षित_

3. पतित-पावन भगवान बाप से वर्सा पाना है श्रीमत पर श्रेष्ठ बन, जितना _____ है उतनी खुशी बढ़ती। मम्मा बाबा को _____ करो, कैसे निरहंकारी देही-अभिमानी बन सर्विस कर रहे, सम्पूर्ण बनते। मुझे पावन बनना है, मूल बात है देही- _________ हो याद की ____ रहें और चक्र याद करे। हमको वापिस जाना है। जितना तुम याद करेंगे उतना खुशी का ___ चढ़ेगा, वर्सा याद रहेगा।
° _निश्चय_, _फॉलो_, _अभिमानी_, _यात्रा_, _पारा_

4. तुम्हारा मुखड़ा सदैव देवताओं जैसा ____ होना चाहिए। जितना याद करेंगे उतना _____ आत्मा बनेंगे, पाप कटते जायेंगे। तुम जानते हम विश्व के मालिक बनते, तुम हो लवली ____ । ____ पर बड़ी खबरदारी रखनी है, बाप सुख कर्ता है, तुमको भी बनना है। समझने की अच्छी बुद्धि चाहिए, _____ सागर मंथन करने से सब कुछ समझ में आता। मन्सा से भी किसको _____ न हो।
° _हर्षित_, _पुण्य_, _चिल्ड्रेन_, _क्रोध_, _विचार_, _दु:ख_

5. वेसे तो *आशिक माशूक* को याद करते, माशूक फिर आशिक को याद करते। (परन्तु) यहाँ तो सिर्फ तुमको एक बाप को याद करना है। क्यों? (3)
° *वह है ही माशूक* । आशिक बन नही सकता। (तुमको ही याद करना है। तुम हर एक को आशिक बनना है, उस एक माशूक का।)
° अगर वह आशिक बने तो *कितने को याद करे*। यह तो हो नहीं सकता।
° कहता है कि *मेरे ऊपर पापों का बोझ थोड़ेही है* जो किसको याद करूं। तुम्हारे ऊपर बोझा है।

6. तुम _____ -दर्शी बने हो, सारा चक्र तुम्हारी बुद्धि में रहना चाहिए। तुम ____ हाउस हो ना, शान्तिधाम-सुखधाम का रास्ता बताते। बरोबर हम आत्मायें शान्तिधाम रहवासी, यहाँ पार्ट बजाते, हम ______ हैं। यही चिंतन बुद्धि में चलता रहे तो _____ चढ़ जाये। आदि से अन्त तक तुम्हारा पार्ट है। अभी कर्मातीत अवस्था फिर _______ एज़ में आना है। इस धुन में रहते अपना _____ करना है।
° _त्रिकाल_, _लाईट_, _एक्टर_, _मस्ती_, _गोल्डन_, _कल्याण_

7. सिर्फ चार्ट भेजने से काम नहीं चलता, आप समान _____ भी बनाना है। रूप भी ______ भी एक्यूरेट बनना है। देही-अभिमानी तो बहुत ____ बन जाते। सबको बाप का परिचय दो, बोलने करने की भी बड़ी ______ चाहिए। ईश्वरीय सन्तान के मुख से सदैव _____ निकलने चाहिए। तुम मनुष्यों को ____ -दान देते हो, रास्ता बताते, पतितों से पावन बनाते। आबू तक क्यू लगेगी, कहेंगे अहो प्रभू तेरी लीला।
° _सुखी_, _बसन्त_, _मीठा_, _रॉयल्टी_, _रत्न_, _जीय_

8. तुम परमात्मा के बच्चे हो ना, उनसे तुमको ____ की राजाई मिलनी चाहिए। याद करो, हम ________ थे, 84 जन्म लिए। तुम समझो हम ही ________ के कुल के थे, अपने को कम क्यों समझते। भारत ही 100% _______ था। इन लक्ष्मी-नारायण को बादशाही मिली कहाँ से? जरूर _______ में ही राज्य भाग्य पाया होगा। वह है _____ राज्य, ईश्वर अब स्थापना करा रहे। यह बना-बनाया ड्रामा है।
° _स्वर्ग_, _देवी-देवतायें_, _लक्ष्मी-नारायण_, _सॉलवेन्ट_, _आगे जन्म_, _ईश्वरीय_

9. बाबा *सब थोड़ेही बनेंगे*। तो बाबा समझ जाता…. क्या?
° कि यह इस कुल का नहीं। अभी से ही थिरकने लग पड़ा है।

10. मीठे-मीठे सिकीलधे बच्चों प्रति मात-पिता बापदादा का याद-प्यार। ऐसी यादप्यार ______ ही बार मिलती है। जितना तुम याद करते हो उतना तुम _____ पाते हो। विकर्म विनाश होते और ______ भी होती। बच्चों को खुशी का पारा चढ़ा रहना चाहिए। जो भी आये उनको ____ बतायें। बेहद का वर्सा बेहद के बाप से पाना है। कम बात है क्या? ऐसा ______ करना चाहिए। अच्छा !
° _एक_, _प्यार_, _धारणा_, _रास्ता_, _पुरूषार्थ_

Answers from Sakar Murli 04-03-2021

*Om Shanti*

*Answers from Sakar Murli 04-03-2021*

1. अपने सुख शान्ति के वायब्रेशन से लोगों को सुख चैन की _____ कराना ही सच्ची सेवा है।
° अनुभूति

2. कोई भी पेपर परिपक्व बनाने, फाउण्डेशन _____ करने आते, उसमें घबराओ नहीं। बाहर की हलचल में एक सेकेण्ड में _____ करने का अभ्यास करो, कितना भी विस्तार हो एक सकेण्ड में _____ लो। भूख प्यास, सर्दी गर्मी सब कुछ होते हुए _____ प्रकट न हों, समेटने की शक्ति द्वारा स्टॉप लगा दो। यही बहुत _____ का अभ्यास पास विद आनर बना देगा।
° मजबूत , स्टॉप , समेट , संस्कार , समय

3. सदैव बुद्धि में ______ फिरना चाहिए, बाप-घर-सतयुग सब याद रहे, सारा दिन यही चिंतन। बाबा रोज़ इस चित्र को देखते, _____ रहता, बस कल यह बनेंगे, तत्त्वम्। अभी हम विश्व का ______ बनेंगे, बाबा यह चित्र आदि बनाते ही इसलिए कि बच्चों को देखकर ______ हो। 21 जन्म लिए हम स्वर्ग का ______ भाग्य पा रहे, यह है राजयोग। सारा मदार पढ़ाई पर है, जितना पढ़ेंगे उतना _____ होगी।
° स्वदर्शन चक्र , नशा , महाराजकुमार , खुशी , राज्य ,
कमाई

4. कार्ड्स-अखबार-प्रदर्शनी में महान खुशखबरी लिखो क्लीयर-बड़े अक्षरों में बेहद का _____, ज्ञान का ______ , पतित- _____ , _____ दाता गीता का _____, परमपिता ____ शिव…………
° बाप , सागर , पावन , सद्गति ,भगवान, परमात्मा

5. …….. कैसे ब्रह्माकुमार कुमारियों द्वारा फिर से सतयुगी सम्पूर्ण _____ -कारी पावन _____ -चारी दुनिया बना रहे। हम भारत में फिर से 100% पवित्रता ____ -शान्ति का दैवी ____, रामराज्य स्थापन कर रहे। भारतवासी ही 21 जन्मों लिए डबल _____ बनते हैं। थर्ड वार, नेचुरल कैलेमिटीज, हाहाकार बाद ______।
° निर्वि , श्रेष्ठा ,सुख , स्वराज्य , सिरताज , जयजयकार

6. सतयुग-त्रेता में बहुत सुख है इसलिए पूरा ____ कर बाप से बेहद सुख का वर्सा पाना चाहिए। यह प्रजापिता ब्रह्माकुमार कुमारियाँ कल्प पहले मिसल ____ प्लैन अनुसार परमपिता परमात्मा शिव की ____ पर सहज ____ -योग और _____ -ता के बल से, अपने ______ से भारत को ऐसा श्रेष्ठाचारी पावन बना रहे।
° पुरूषार्थ , ड्रामा , श्रीमत , राज ,पवित्र , तन-मन-धन

7. तुमको याद करना है शिवबाबा को और बातों से क्या फायदा, तुम्हारी है ____ बुद्धि, सच्चे बाप साथ सच्चा-फरमानबरदार-वफादार बनना। इस समय बहुत _____ बनना है, कोई ग़फलत नहीं, जितना हो सके श्रीमत पर। ऐसा काम नहीं करना जो बाबा की सर्विस में _____ पड़े। कल्प-कल्पान्तर 21 जन्म का घाटा पड़ता, पद भ्रष्ट। जो रॉयल _____ -वान बच्चे होंगे, वह पूरा वर्सा लेने की कोशिश करेंगे। यहाँ सब गुण धारण करने हैं, खान-पान आदि भी _____ । सपूत बच्चों पर माँ बाप का प्यार रहता, इसलिए ______ बनना है।
° प्रीत , एक्यूरेट , विघ्न , बुद्धि , सतोगुणी , सर्विसएबुल

8. यह हो कैसे सकता। यह तो *कभी नहीं सुना* कि गृहस्थ व्यवहार में रहते पवित्र रह सकते हैं। _(सही / गलत)_
° *गलत* (अरे भगवानुवाच है ना – काम महाशत्रु है। *गीता में भी यह अक्षर है* ना। तुम जानते हो सतयुग में हैं दैवीगुणों वाले मनुष्य और कलियुग में हैं आसुरी अवगुणों वाले। आसुरी गुणों वाले दैवी गुण वालों की महिमा गाते हैं। कितना फ़र्क है। अभी तुम समझते हो हम क्या थे, क्या बन रहे हैं।)

Answers from Sakar Murli 03-03-2021

*Om Shanti*

*Answers from Sakar Murli 03-03-2021*

1. मन और बुद्धि को एक ही पावरफुल स्थिति में स्थित करना यही _____ बनना है।
° _एकान्तवासी_

2. आप थोड़ी सी आत्मायें हो जिन्हें सर्व प्राप्ति कराने वाली श्रेष्ठ _____ की कम्पनी मिली है। सच्चे ब्राह्मणों की कम्पनी _____ कला वाली होती। जो सदा श्रेष्ठ कम्पन्नी में रहते और एक बाप को अपना _____ बनाकर उनसे ही _____ की रीति निभाते वही श्रेष्ठ _____ हैं।
° _ब्राह्मणों_, _चढ़ती_, _कम्पैनियन_, _प्रीति_, _भाग्यवान_

3. यही भारत ______ में था, जब स्वर्ग-बैकुण्ठ-बहिश्त-हेविन था।भारतवासी असुल सर्वगुण सम्पन्न, श्रेष्ठाचारी धर्म-कर्म वाले __________ थे, एक ही धर्म था। भारत प्राचीन पवित्र बहुत-बहुत ___________ था, ऐसा एवरहैपी-एवरहेल्दी-साहूकार, हीरे जवाहरात बड़े-बड़े पत्थरों मिसल थे। उनको सुखधाम कहा जाता, ______ -मुक्ति। राज-राजेश्वर, राज-राजेश्वरी लक्ष्मी-नारायण की सूर्यवंशी _________ का राज्य था, दैवी राजस्थान। ________ खण्ड माना सचखण्ड।
° _सोझरे_, _देवी-देवतायें_,
_धनवान_, _जीवन_, _डिनायस्टी_, _पावन_

4. बाप आकर संगम पर ____ बनाते हैं। यह स्प्रीचुअल ______ सुप्रीम रूह आकर देते हैं। आत्मायें अब ____ -अभिमानी बनो, हे आत्मायें एक ____ को याद करो और _____को याद करो। देह के संबंधों को छोड़ो तो _____ -बुद्धि बन जाएंगी।
° _पावन_, _नॉलेज_, _देही_, _बाप_, _राजाई_, _पारस_.

5. आत्मा सत्य है, चैतन्य है क्योंकि ____ है। आत्मायें सब _______ से पार्ट बजाने आती हैं, इस शरीर-कर्मक्षेत्र में। आत्मा में बुरे वा अच्छे ______ रहते, जिस अनुसार ही जन्म मिलता। जो धारणा कर सकते, उनके लिए बहुत सहज है, ____ धारण करती है। ____ आत्मा तो आत्मा बनती है। तुम्हारा अन्तिम 84 वाँ जन्म है, तुम ______ अवस्था में हो।
° _अमर_, _परमधाम_, _संस्कार_, _आत्मा_, _पुण्य_, _वानप्रस्थ_.

6. बाप है नई दुनिया का रचयिता, ______ गाड फादर, बेहद सुख देने वाला। भारतवासी, नर्कवासी महान दु:खी बन जाते तब पुकारते हे _____ -पावन दु:ख हर्ता _____ कर्ता, किसका? ___ का सद्गति दाता। सिर्फ ईश्वर-प्रभू कहने से भी याद नहीं आता कि वो सभी ______ का बेहद का बाप है। बाप भी सत्य चैतन्य है। मनुष्य सृष्टि का _____ होने कारण नॉलेजफुल कहा जाता। सभी का मैं बाप-टीचर-सतगुरू हूँ।
° _हेविनली_, _पतित_, _सुख_, _सर्व_, _आत्माओं_, _बीजरूप_.

7. यह जो वर्सा भारत को था, यह बाप से ______ पर ही मिला था। यह भारत है ________ खण्ड, जो कभी विनाश नहीं होता। कल्प की आयु ________ वर्ष है। मनुष्यों की वैराइटी ____ है, उनके 84 जन्म हैं। भारतवासी अपने आदि सनातन देवी-देवता धर्म को _____ प्लैन अनुसार भूल गये हैं। वर्ल्ड की हिस्ट्री-जॉग्राफी आदि से अन्त तक तुम जानते और कोई नहीं, यह तुम्हारा बहुत जन्मों के अन्त का ____ है।
° _संगम_, _अविनाशी_, _5000_, _एक_ , _ड्रामा_, _जन्म_.

8. यह जो पावन था, अभी ______ है, ततत्वम्। मुझ बाप को इस पराये ______ की दुनिया, पतित शरीर में आना पड़ता। आना भी उसमें है जो _______ नम्बर में जाना है। सूर्यवंशी ही पूरे 84 जन्म लेते, यह है _____ और ब्राह्मण। ________ ब्रह्मा द्वारा बाप स्थापना करा रहे हैं आदि सनातन देवी देवता धर्म की।
° _पतित_, _रावण_, _पहले_, _ब्रह्मा_, _प्रजापिता_

Answers from Sakar Murli 02-03-2021

*Om Shanti*

*Answers from Sakar Murli 02-03-2021*

1. शान्ति दूत बन अपनी _____ द्वारा विश्व में शान्ति की किरणें फैलाओ।
° _तपस्या_

2. ब्राह्मण अर्थात् दिव्य और अलौकिक जन्म वाले _____ पुरूषोत्तम। वे _____ में भी किसी आकर्षण वश मर्यादाओं का उल्लंघन नहीं कर सकते। उल्लंघन करते वो बाप के _____ का अनुभव नहीं कर पाते। बच्चे बजाए मांगने वाले भक्त बनते। _____ अर्थात् पुकारना-मांगना बंद, कभी प्रकृति-माया के मोहताज नहीं, सदा बाप के _____।
° _मर्यादा_, _संकल्प_, _सहारे_, _ब्राह्मण_, _सिरताज_

3. भक्त कहते हमारी झोली भर दो। वहाँ स्वर्गवासी ________ देवी-देवता होते। तुम कहते बाबा स्वर्ग का मालिक बनाओ, वहाँ अथाह ________ होता, हीरे जवाहरात के महल। हम भगवान द्वारा राजाई का ________ पा रहे, सुखधाम, गॉर्डन आफ अल्लाह, हेविन, स्वर्ग कहने से ही मुख मीठा। जब स्वर्ग था, ________ थे। तुम 100% पवित्र-सालवेन्ट-एवरहेल्दी-एवरवेल्दी थे। कृष्ण सतयुग का ________, यह चैतन्य रूप सतयुग में था फिर मिल नहीं सकता। वहाँ सर्वोत्तम कर्म करते थे, तुम सदा ________ थे 21 जन्म।
° पावन , _धन_, _वर्सा_, _सतोप्रधान_, _प्रिन्स_, _सुखी_

4. भगवान तो इस समय नर से नारायण बनाने ________ -योग सिखाते, मनमनाभव। “मीठे बच्चे – तुम्हें सद्गति की सबसे न्यारी मत मिली है कि देह के सब धर्म ________ आत्म अभिमानी ________ , मामेकम् ________ करो”। अभी तुम मनुष्य से ________ बन रहे हो। इस राजयोग की एम आब्जेक्ट है ही ________ बनना।
° _राज_, _त्याग_, _भव_, _याद_, _देवता_, _लक्ष्मी-नारायण_

5. भगवान बाप जब आये तब अपना परिचय दे – नाम-रूप-देश-काल, आदि। सारी रचना के आदि-मध्य-अन्त का राज़ मैं “ ________ ” समझाता। मैं कल्प-कल्प के ________ पर आता। भगवान ________ स्टार जो ज्ञान सागर है, वह समझाते भगवान एक है। मैं हूँ परमधाम रहने वाला परमपिता अर्थात् परे ते परे रहने वाला ________ आत्मा, सुप्रीम सोल। नॉलेजफुल, मनुष्य सृष्टि का ________। परमात्मा सत् चित् ________ स्वरूप, ज्ञान-सुख का सागर है। तुम पतित-पावन मुझ ज्ञान सागर बाप को कहते, सर्व का सद्गति दाता।
° _रचता_, _संगम_, _निराकार_, _परम_, _बीजरूप_, _आनंद_

6. जो परमात्मा को *नाम-रूप से न्यारा* कहते, उनसे तुम कौन-सा प्रश्न पूछ सकते?
° उनसे पूछो – गीता में जो दिखाते हैं अर्जुन को अखण्ड ज्योति स्वरूप का *साक्षात्कार हुआ*, बोला बस करो हम सहन नहीं कर सकते। तो फिर नाम रूप से न्यारा कैसे कहते हो। (बाबा कहते हैं मैं तो तुम्हारा बाप हूँ। *बाप का रूप देखकर बच्चा खुश* होगा, वह कैसे कहेगा मैं सहन नहीं कर सकता।)

7. तुम हो अभी ________ कुल भूषण। आत्मा तो एक स्टार मिसल अति ________ है। मास्टर ________ सागर बन पतित से पावन बनाने की सेवा करनी है। बाप ने जो सब शास्त्रों का ________ सुनाया है वह बुद्धि में रख सदा ________ रहना है। एक बाप की ________ हर पल पालन करना है।
° _ब्राह्मण_, _सूक्ष्म_, _ज्ञान_, _सार_, _हर्षित_, _श्रीमत_

8. आत्मा *निर्लेप* है। _(सही / गलत)_
° *गलत* (कहते भी हैं कि अच्छे वा बुरे संस्कार आत्मा में रहते हैं। उस आधार पर आत्मा जन्म लेती है। यह कोई भी बुद्धिवान मनुष्य नहीं जो समझाये।)

9. *दीदार होना* गोया हमको भगवान मिला, बस हम तो पार हो गये। _(सही / गलत)_
° *गलत* (अल्पकाल के लिए सुख मिलता है। दर्शन हुआ खलास। ऐसे तो नहीं मुक्ति जीवनमुक्ति को पा लिया, कुछ भी नहीं।)

Answers from Sakar Murli 19-03-2021

*Om Shanti*

*Answers from Sakar Murli 19-03-2021*

1. अपने हर नये _____ से, नई दुनिया की नई झलक का साक्षात्कार कराओ।
° _संकल्प_

2. जो ब्राह्मण जीवन की नीति, रीति प्रमाण चलते सदा _____ की आज्ञायें स्मृति में रखते हैं। बुद्धि की प्रवृत्ति है _____ संकल्प करना, वाणी की प्रवृत्ति बाप द्वारा जो _____ वह सुनाना, कर्म की है _____ बन हर कर्म करना – इसी में बिजी रहने वाले व्यर्थ संकल्पों से _____ प्राप्त करते।
° _श्रीमत_, _शुद्ध_, _सुना_, _कर्मयोगी_, _निवृत्ति_

3.1) तुम _____ -दार बने हो, बाप और सृष्टि के आदि मध्य अन्त समझ जाते, गीता का भगवान निराकार परमपिता परमात्मा शिव। ऊंच ते ऊंच _____ धर्म है, जो ब्रह्मा द्वारा परमात्मा रचते, वही फिर देवता बनते। मुख्य बात भगवान _____ का रचयिता, भारत को स्वर्ग बना रहे ब्रह्मा द्वारा।
° _समझ_, _ब्राह्मण_, _नई दुनिया_

3.2) थुर है आदि सनातन देवी देवता धर्म, जो अभी सब _____ की तपस्या सीख रहे। मुख्य है बाप का _____ देना, वह स्वर्ग का वर्सा देते कल्प-कल्प। _____ -युग पर बाप आकर राजधानी की स्थापना करते।
° _राजयोग_, _परिचय_, _संगम_

4.1) जब अच्छी रीति समझें, बुद्धि में बैठे तब खुशी भी रहे, यह पढ़ाई बड़ी सोर्स ऑफ _____ है। यह पढ़ाई मनुष्य से देवता बनने की है, _____ कितनी भारी है। बाप ने तो यह देवी देवता _____ स्थापन किया था, तुम अपने लिए राजधानी स्थापन करते, बड़ी वन्डरफुल बातें हैं। सच्ची _____ कर 21 जन्मों लिए तुम वर्सा अभी पा रहे। _____ से फिर सतो रजो तमो में आये, यह अच्छी रीति याद करने से खुशी में रहेंगे।
° _इनकम_, _प्राप्ति_, _धर्म_, _कमाई_, _सतोप्रधान_

4.2) जो समझाने वाले बाप की महिमा है, बच्चों की होनी चाहिए। तुमको भी मास्टर _____ का सागर बनना है। किसको दु:ख नहीं देना, बहुत _____ बनना, अब वाइसलेस ब्राह्मण ईश्वर की सन्तान बन रहे। _____ को हेविनली गाड फादर नहीं कहेंगे, हेविनली प्रिन्स कहेंगे। कितनी मीठी-मीठी बातें समझने-धारण करने की है, दैवी _____ भी चाहिए।
° _ज्ञान वा प्रेम वा सुख_, _मीठा_, _कृष्ण_, _लक्षण_

5. बाबा _____ है, तुम भी साथ में मददगार हो। बाप कहते तुमको कितना धनवान बनाया था, _____ माला के थे। अब बाप कहते हैं – _____ बन स्वर्गवासी बनो। मनमनाभव। शिव भगवानुवाच _____ याद करो। याद की यात्रा से तुम्हारे सब पाप नष्ट हो जायेंगे।
° _धोबी_, _विजय_, _पवित्र_, _मामेकम्_

6. जिन्होंने कल्प पहले समझा है, वही समझेंगे, ड्रामा में तुम्हें बहुत पुरूषार्थ करना है। _____ अवस्था हो जाए तो फिर सब नम्बरवन पास हो जाएं। _____ में पढ़ना है, मनुष्य से देवता बनने। वर्सा बेहद का मिलता, फिर इसमें _____ भी बेहद का है, गृहस्थ व्यवहार में रहते सारी दुनिया का। कभी भी सुनी सुनाई बातें, मनमत-परमत, हियर नो ईविल, बापदादा की _____ पर चलना चाहिए।
° _कर्मातीत_, _पाठशाला_, _त्याग_, _श्रीमत_

Answers from Sakar Murli 31-03-2021

*Om Shanti*

*Answers from Sakar Murli 31-03-2021*

1. तपस्वी वह है जो अच्छे बुरे कर्म करने वालों के _____ के बन्धन से मुक्त है।
° _प्रभाव_

2. जैसे बिजली ⚡ऐसे ईश्वरीय शक्ति _____ को दूर फेंक दे, ऐसी करेन्ट होनी चाहिए। करेन्ट का आधार _____ है। चलते फिरते हर _____ बाप के साथ कनेक्शन जुटा हुआ हो। ऐसा _____ कनेक्शन हो तो करेन्ट आयेगी और मायाजीत, विजयी बन जायेंगे।
° _माया_, _कनेक्शन_, _सेकण्ड_, _अटूट_

3. ओम् शान्ति, अहम् आत्मा का स्वधर्म है ही _____। आत्मा परमधाम से आती, यह शरीर लेकर हम _____ करते, इस खेल में। हर आत्मा को अपना-अपना पार्ट है, तुम हो _____ पार्टधारी।
° _शान्त_, _कर्म_, _हीरो हीरोइन_

4. ज्ञान सागर _____ -रूप ही कल्पवृक्ष के आदि-मध्य-अन्त को जानता, एक शिवबाबा ही नम्बरवन _____ है जो पतितों को पावन बनाते, रामराज्य बनाते। सिर्फ इस _____ पर ब्रह्मा द्वारा, जब झाड़ जड़जड़ीभूत होता, सद्गति करते।
° _बीज_, _एक्टर_, _संगम_

5. राजयोग, रूहानी बाप रूहानी बच्चों को सिखाते, _____ याद करो तो तुम्हारे सब पाप मिट जायेंगे। बाप आत्माओं को समझाते, नई बात, बाप तुमको _____ -अभिमानी बना रहे। सच्चे-सच्चे आशिक बन हाथों से काम करते _____ से माशूक को याद करना है।
° _मामेकम्_, _देही_, _बुद्धि_

6. सभी आत्माओं (बेहद की सजनियों) को _____ बनाए ले जायेंगे। बाप की याद से हम स्वर्गवासी बन रहे, इस _____ में रहना है। जो मात पिता को _____ करते वही उनके तख्त पर बैठेंगे।
° _गुल-गुल_, _खुशी_, _फॉलो_

7. बाप आकर सभी को सतोप्रधान बनाते अर्थात् सभी की _____ जग जाती। तुम पहले गोल्डन एजेड _____ 24 कैरेट थे। गाया भी जाता है पत्थरबुद्धि सो _____ ।
° _ज्योति_, _प्योर_, _पारसबुद्धि_

8. तुम मीठे-मीठे सिकीलधे लाडले बच्चे _____ धर्म के हो, सूर्यवंशी राजाई, जरूर हेविनली गॉड फादर यह वर्सा देंगे। अभी कौड़ी मिसल है , हमने तुमको _____ जैसे बनाया था। भारत सतयुग में कितना अथाह धन होगा, सब _____ भरतू हो जाती। तुम्हारे जितना _____ कोई नहीं देख सकते।
° _आदि सनातन देवी-देवता_ _हीरे_, _खानियाँ_, _सुख_

9. इस समय तुम ब्राह्मण चोटी हो, सबसे ऊंच, भारत को _____ बनाते। सबको बताना, बाप को याद करने से ही पाप भस्म होंगे, हम अपने _____ चले जायेंगे। ड्रामा अनुसार सबको _____ बताना, डिबेट की दरकार नहीं। अभी तुम्हारी बुद्धि में सारी नॉलेज है, थोड़े समय में _____ -जयकार हो जायेगी।
° _स्वर्ग_, _घर_, _रास्ता_, _जय_

10. संन्यासियों का योग जिस्मानी योग है, *रूहानी योग बाप ही सिखलाते* हैं, कैसे?
° संन्यासी ब्रह्म तत्व से योग रखना सिखाते, वह तो रहने का स्थान है, तो वह जिस्मानी योग हो गया। तत्व को सुप्रीम नहीं कहा जाता। (तुम बच्चे *सुप्रीम रूह से योग* लगाते इसलिए तुम्हारा योग रूहानी योग है। यह योग बाप ही सिखला सकते, दूसरा कोई भी सिखला न सके क्योंकि वही तुम्हारा रूहानी बाप है।)

Answers from Sakar Murli 30-03-2021

*Om Shanti*

*Answers from Sakar Murli 30-03-2021*

1. जो सर्व आत्माओं के प्रति _____ रखते हैं वही वरदानी मूर्त हैं।
° _शुद्ध संकल्प_

2. यह ब्राह्मण कुल सबसे बड़े से बड़ा है, इसके आप _____ हो। कुल दीपक अर्थात् सदा अपनें _____ की ज्योति से ब्राह्मण कुल का नाम रोशन करने वाले। अखण्ड ज्योति अर्थात् सदा स्मृति सो समर्थी _____ । यदि स्मृति रहे मैं मास्टर _____ हूँ तो समर्थ स्वरूप स्वत: रहेंगे। इसका यादगार आपके जड़ चित्रों आगे _____ ज्योति जगाते।
° _दीपक_, _स्मृति_, _स्वरूप_, _सर्वशक्तिमान_, _अखण्ड_

3. गीत:-तकदीर जगाकर आई हूँ.. अक्षर सुने और फौरन खुशी में रोमांच खड़े हो गये होंगे, खुशी का _____ बजना चाहिए, नशा।बच्चे जानते हैं यहाँ आये हैं अपने सौभाग्य, स्वर्ग की _____ लेने, वर्सा। हम श्रीमत पर स्वर्ग बनाने का _____ कर रहे, ऊंच ते ऊंच पद पाने।
° _नगाड़ा_, _तकदीर_, _पुरूषार्थ_

4. सृष्टि का चक्र यह अनादि _____ बना हुआ है, जैसे रात बाद दिन, वैसे कलियुग बाद सतयुग। इस वर्ल्ड युनिवर्सिटी में स्वयं ज्ञान सागर, पतित-पावन पढ़ाते _____ दुनिया बनाने, पवित्रता-सुख-शान्ति सम्पन्न, तत्व भी सब श्रेष्ठ। न जास्ती ठण्डी, न गर्मी, सदैव _____ मौसम। शान्तिधाम फिर है _____ दुनिया, जहाँ से हम आते हैं।
° _खेल_, _पावन_, _बहारी_, _निराकारी_

5. बाप समान महिमा योग्य बनने लिए _____ फादर करना है। बाप तो एवर- _____ है (वास्तव में यह नहीं कह सकते)। जैसे बाप ज्ञान सागर है, तुम्हारी बुद्धि में भी सृष्टि चक्र का _____ है। जानते हो बाप सुख सागर है, उनसे अथाह _____ मिलते।
° _फालो_, _हैप्पी_, _ज्ञान_, _सुख_

6. बाप बच्चों को अभी श्रेष्ठ _____ सिखला रहे, जिससे लक्ष्मी-नारायण ने राज्य पाया। श्रीमत पर हर एक को _____ बताना, इस महाभारत समय पर सबको जगाते रहना। दो पैसा भी देते तो 21 _____ लिए बहुत मिलता, जबकि डायरेक्ट बाबा के सम्मुख है। सेन्टर खोलते जाओ, अक्षर लिखो _____ गीता पाठशाला।
° _कर्म_, _रास्ता_, _जन्मों_, _सच्ची_

7. मैं आत्मा बिगर _____ थी फिर यहाँ पार्ट बजाने धारण किया, अब है पुरानी जुत्ती, देह सहित सब _____ भूल जाने हैं। बाप कहते तुम हो आशिक, एक _____ के, फरमान है मुझे याद करो, धंधा-कर्म भल करो। बाबा स्टॉर है, मनुष्य सृष्टि का चैतन्य _____।
° _शरीर_, _संबंध_, _माशूक_, _बीजरूप_

8. मामेकम् याद करो तो पाप भस्म हो _____ -प्रधान बन सकते। कर्मभोग को कर्मयोग से खुशी-खुशी चुक्तू करना, _____ हो जाता, बाप धैर्य देते तुम्हारे सदा सुख के दिन आ रहे। पहले _____ बनेंगे फिर लक्ष्मी-नारायण।
° _सतो_, _हल्का_, _प्रिन्स-प्रिन्सेज_

9. तुम बच्चे अपनी देह को भी भूलने का पुरूषार्थ करते हो इसलिए तुम्हें *किस चीज़ की दरकार नहीं* हैं?
° *चित्रों की* । जब यह चित्र (देह) ही भूलना है तो उन चित्रों की क्या दरकार है। (स्वयं को आत्मा समझ विदेही बाप को ओर स्वीट होम को याद करो। यह चित्र तो हैं छोटे बच्चों के लिए अर्थात् *नयों के लिए*। तुम्हें तो याद में रहना है और सबको याद कराना है। धंधा आदि करते सतोप्रधान बनने के लिए याद में ही रहने का अभ्यास करो।)

Answers from Sakar Murli 27-03-2021

*Om Shanti*

*Answers from Sakar Murli 27-03-2021*

1. गुणमूर्त बन अपने जीवन रूपी गुलदस्ते में _____ की महक फैलाओ।
° _दिव्यता_

2. जो बच्चे ज्ञान सूर्य समान मास्टर सूर्य हैं वे अपने _____ की किरणों द्वारा किचड़ा (कमी-कमजोरी) सेकण्ड में भस्म करते। जो नाम-रूप-रंग सदा लिए _____। मास्टर ज्ञान सूर्य की हर शक्ति बहुत _____ कर सकती। लेकिन जिस समय जिस शक्ति की _____ हो, उस समय उसी से काम लो।
° _शक्तियों_, _समाप्त_, _कमाल_, _आवश्यकता_

3. ऊंच ते ऊंच निराकार भगवान कहते _____ को (परमात्माए नम:), क्रियेटर एक उनका नाम भी एक। मुझ अपने बाप को तुम याद करते आये हो – हे _____ -पावन, पावन कैसे बनाते, कोई नहीं जानते। कहते आत्मा स्टार मिसल है, तो परमात्मा भी _____ हुआ ना।
° _शिव_, _पतित_ , _स्टार_

4. मैंने आगे भी कहा था – मनमनाभव, मामेकम् याद करो।जैसे आशिक माशूक काम भी करते परन्तु _____ माशूक से लगी रहती। याद की यात्रा में _____ करो तो पुण्य आत्मा बन जायेंगे। ब्रह्मा द्वारा स्थापना _____ -पुरी की, कृष्ण को तो दैवी सम्प्रदाय कहेंगे।
° _दिल_, _रेस_, _विष्णु_

5. बाप को याद करने से _____ अण्डरस्टुड है, स्वर्ग की बादशाही, विश्व का मालिक। बच्चा पैदा हुआ, बाप कहेगा _____ आया। एम आब्जेक्ट है ही देवता बनने की, अब बाप जम्प कराते, सेकेण्ड में _____ -प्रधान।
° _वर्सा_, _वारिस_, _सतो_

6. बाप को निरन्तर याद करने से खाद निकलती है, _____ देना पड़ता। बाप समझाते एक तो _____ रहना है। कोई-कोई फर्स्टक्लास बच्चियाँ हैं, कभी कहाँ बुद्धि जाती नहीं, बिल्कुल _____ दिल।
° _अटेन्शन_, _पवित्र_, _साफ_

7. अपनी अवस्था का बताना चाहिए, सच बताने से _____ हो जायेंगे। मंजिल बहुत ऊंची है इसलिए कदम-कदम पर सर्जन से _____ लेनी है, इसमें हर हालत में फायदा है। बाप को बताने में कल्याण है, बाप _____ दे प्यार से समझायेंगे।
° _हल्के_, _राय वा श्रीमत_, _पुचकार_

8. ब्राह्मण जीवन में अगर *अतीन्द्रिय सुख का अनुभव* नहीं होता, तो क्या समझना चाहिए?
° जरूर सूक्ष्म में भी कोई न कोई *पाप* होते। *देह-अभिमान* में रहने से ही पाप होते, जिस कारण उस सुख की अनुभूति नहीं कर सकते। अपने को गोप गोपियाँ समझते हुए भी अतीन्द्रिय सुख की भासना नहीं आती, जरूर कोई *भूल* होती है इसलिए बाप को सच बतलाकर *श्रीमत लेते रहो*।

Answers from Sakar Murli 26-03-2021

*Om Shanti*

*Answers from Sakar Murli 26-03-2021*

1. _____ द्वारा सागर के तले में जाकर अनुभवों के हीरे मोती प्राप्त करना ही _____ मूर्त बनना है।
° _एकाग्रता_, _अनुभवी_

2. जो बच्चे _____ के खजाने को स्वयं-सर्व के कल्याण प्रति लगाते, समय के _____ को जान उसे सफल करने वाले संकल्प-खुशी-शक्तियों-ज्ञान-श्वासों…सब खजाने स्वत: जमा कर लेते। सिर्फ अलबेले पन को छोड़ समय के खजाने को _____ करो तो सदा-सर्व _____ -मूर्त बन जायेंगे।
° _समय_, _महत्व_, _सफल_, _सफलता_

3. तुम्हारी सीरत-गुण-चलन बहुत अच्छी थी, तुम _____ सम्पन्न, 16 कला सम्पूर्ण विश्व के मालिक _____ जैसे थे। दुनिया-मनुष्य को पता नहीं प्राचीन _____ ही ऊंच हेविन-पैराडाइज-स्वर्ग था। भारत जो इतना _____ था, फिर गरीब कैसे बना। हम _____ धर्म के थे फिर कैसे धर्म-कर्म भ्रष्ट बनें।
° _सर्वगुण_, _हीरे_, _भारत_, _साहूकार_, _आदि सनातन देवी-देवता_

4.1) सतयुग में तुम _____ -अभिमानी बहुत सुखी थे, जानते थे एक देह छोड़ दूसरी लेनी है, यह अवस्था 21 जन्म चलती। राही का अर्थ तुम ब्राह्मण ही समझा सकते, अभी _____ हो रहे।
° _आत्म_, _रिज्युवनेट_

4.2) जितना देही-अभिमानी बनेंगे उतना _____ को याद करेंगे, मामेकम्। फिर अथाह _____ रहनी चाहिए। उतना बहुत _____ बनेंगे। कर्मातीत अवस्था हो जब _____ से कर्मभोग पर विजय प्राप्त करेंगे।
° _बाप_, _खुशी (वा नशा)_, _मीठा वा शीतल_, _योगबल_

5.1) बापू गांधी भी कहते थे _____ -पावन आओ, रामराज्य स्थापन करो, जरूर कभी बाप से सुख मिला है। परवाह थी पार ब्रह्म में रहने वाले _____ की वह मिल गया, उससे 21 जन्म का वर्सा मिलता, बाकी क्या चाहिए। हमेशा समझो _____ कहते, उनको याद न करने से देह-अभिमान आता।
° _पतित_, _परमेश्वर_, _शिवबाबा_

5.2) मुझ गॉड की गवर्मेन्ट का राइट हैण्ड है _____, अच्छे कर्म करते तो फल अच्छा मिलता। त्रिमूर्ति शिव जयन्ती वर्थ _____, बाकी सब वर्थ कौड़ी। शिव कहते परमपिता परमात्मा को, ज्ञान _____ प्रगटा, अज्ञान अन्धेर विनाश।
° _धर्मराज_, _डायमन्ड_, _सूर्य_

6.1) तुम कोई को भी बेहद की _____ समझा सकते, सूर्यवंशी-चन्द्रवंशी राजधानी थी। कैसे डाउन फाल हुआ? ऐसे पर्चे _____ द्वारा गिरा सकते। समझाने वाला बड़ा _____ चाहिए।
° _हिस्ट्री-जॉग्राफी_, _एरोप्लेन_, _होशियार_

6.2) _____ में भी डाला जाए। _____ भी सबको भेज दें। हम आपको सारे वर्ल्ड की हिस्ट्री-जॉग्राफी आदि से अन्त तक समझाते। कोई प्रेजेन्ट (भेंट) करते तो सर्विस लिए काम में लायेंगे, बाकी हम ले नहीं सकते, बाबा पक्का _____ है।
° _अखबार_, _कार्ड_, _शर्राफ_

7. सतोगुण का मतलब है _____ सुख, गोया सारी सृष्टि-संसार सतोगुणी। सारी सृष्टि पर सतोगुण _____ चाहिए। अब है घोर अन्धियारा जिसको ब्रह्मा की रात कहते, ब्रह्मा का _____ है सतयुग।
° _सम्पूर्ण_, _सतोप्रधान_, _दिन_

8. दुनिया में कोई सार नहीं, माना कोई वस्तु में ताकत नहीं अर्थात् _____ नहीं, जो थी। सृष्टि को अब भय-कर्मबन्धन-पाप सागर कहते इसलिए मनुष्य दु:खी हो पुकारते, भव सागर से पार करो, सिद्ध है जरुर कोई _____ का संसार है। अभी परमात्मा वह _____ वाली दुनिया स्थापन कर रहे।
° _सुख-शान्ति-पवित्रता_, _अभय अर्थात् निर्भयता_, _सार_